नोएडा: श्रमिकों के लिए जिलाधिकारी मेधा रूपम की नई गाइडलाइंस, वेतन और ओवरटाइम पर सख्त निर्देश
सारांश
मुख्य बातें
नोएडा, 13 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। गौतमबुद्ध नगर जिले के श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा और औद्योगिक क्षेत्र में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए जिलाधिकारी मेधा रूपम ने नई गाइडलाइंस जारी की हैं। इन निर्देशों के अनुसार, जिले की सभी कंपनियों और औद्योगिक इकाइयों को हर महीने की 10 तारीख तक अपने कर्मचारियों का वेतन देना अनिवार्य कर दिया गया है।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि किसी भी श्रमिक के वेतन में अनावश्यक देरी या कटौती बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि कोई कंपनी इन नियमों का उल्लंघन करती है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। ओवरटाइम करने वाले श्रमिकों के लिए भी महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। अब ओवरटाइम का भुगतान दोगुनी दर से करना अनिवार्य होगा, जिससे श्रमिकों को उनके अतिरिक्त श्रम का उचित पारिश्रमिक मिल सके।
प्रशासन ने श्रमिकों की आर्थिक सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी कंपनियों के लिए सैलरी स्लिप प्रदान करना भी अनिवार्य कर दिया है। इससे कर्मचारियों को अपने वेतन और कटौतियों की पूरी जानकारी मिलेगी और पारदर्शिता बढ़ेगी। त्योहारों के मद्देनजर, प्रशासन ने विशेष निर्देश जारी किए हैं। जिलाधिकारी ने बताया कि सभी कंपनियों को अपने कर्मचारियों को बोनस देना होगा, और इसका भुगतान अधिकतम 30 नवंबर तक सीधे उनके बैंक खातों में सुनिश्चित किया जाएगा।
इसके माध्यम से श्रमिकों को त्योहारों के दौरान आर्थिक सहायता उपलब्ध होगी। श्रमिकों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए जिला प्रशासन ने एक डेडिकेटेड कंट्रोल रूम स्थापित करने का निर्णय लिया है, जहां कर्मचारी अपनी शिकायतें दर्ज करा सकेंगे। साथ ही, जिले की विभिन्न औद्योगिक इकाइयों में शिकायत पेटियों की भी स्थापना की जाएगी, ताकि श्रमिक अपनी समस्याएं आसानी से प्रशासन तक पहुंचा सकें।
जिलाधिकारी मेधा रूपम ने बताया कि इस संदर्भ में कंपनियों के मालिकों, प्रबंधकों और प्रतिनिधियों के साथ एक बैठक भी आयोजित की गई है, जिसमें सभी को इन निर्देशों का सख्ती से पालन करने के लिए कहा गया है। उन्होंने श्रमिकों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों से दूर रहें और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें।