ऑपरेशन अमिस्ताद: भारतीय वायु सेना के दो C-17 विमानों ने वेनेजुएला पहुंचाई 35 टन राहत सामग्री और फील्ड हॉस्पिटल टीम
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय वायु सेना ने 28 जून 2026 को 'ऑपरेशन अमिस्ताद' के तहत उत्तरी वेनेजुएला में आए विनाशकारी भूकंप के पीड़ितों के लिए 35 टन राहत सामग्री, एक फील्ड हॉस्पिटल टीम और दो भीष्म क्यूब रवाना किए। दो सी-17 ग्लोबमास्टर विमान आबिदजान (कोत द'इवोआर) से होते हुए वेनेजुएला की ओर रवाना हुए, जो संकट की घड़ी में भारत की त्वरित मानवीय प्रतिक्रिया का प्रमाण है।
मिशन में क्या शामिल है
ऑपरेशन अमिस्ताद के तहत भेजी गई टीम में कुल 41 सदस्य हैं, जिनमें 9 मेडिकल ऑफिसर शामिल हैं। यह दल भूकंप प्रभावित क्षेत्रों में इमरजेंसी मेडिकल केयर, ट्रॉमा मैनेजमेंट, जान बचाने वाली सर्जरी और आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के लिए पूरी तरह सुसज्जित है। विदेश मंत्रालय ने इस मिशन के लिए लगभग 6 टन मेडिकल सामान और मानवीय राहत सामग्री उपलब्ध कराई है।
भीष्म क्यूब: भारत की स्वदेशी आपदा-राहत तकनीक
दोनों विमानों में से एक भारत के 'आरोग्य मैत्री प्रोजेक्ट' के अंतर्गत एक भीष्म क्यूब (भारत हेल्थ इनिशिएटिव फॉर सहयोग, हित और मैत्री) ले जा रहा है। यह अत्याधुनिक, स्वदेशी और तेजी से तैनात की जा सकने वाली मॉड्यूलर मेडिकल सुविधा है, जिसे विशेष रूप से आपदा और मानवीय राहत अभियानों के लिए डिजाइन किया गया है।
भीष्म क्यूब के छोटे, आत्मनिर्भर मेडिकल मॉड्यूल को तेजी से जोड़कर एक पूरी तरह कार्यशील फील्ड हॉस्पिटल खड़ा किया जा सकता है, जो एक साथ 200 मरीजों तक को एडवांस्ड ट्रॉमा केयर, इमरजेंसी सर्जरी और इंटेंसिव केयर सपोर्ट देने में सक्षम है। इसमें पोर्टेबल वेंटिलेटर, पेशेंट मॉनिटर, डायग्नोस्टिक उपकरण, सर्जिकल उपकरण, स्वतंत्र बिजली उत्पादन व्यवस्था और ऑक्सीजन सपोर्ट सिस्टम शामिल हैं।
भारत की मानवीय कूटनीति का विस्तार
यह ऐसे समय में आया है जब भारत 'वसुधैव कुटुंबकम' की भावना को कूटनीतिक व्यवहार में उतारते हुए वैश्विक आपदा-राहत में अपनी भूमिका को लगातार मजबूत कर रहा है। गौरतलब है कि भीष्म क्यूब की यह तैनाती भारत के लिए किसी लैटिन अमेरिकी देश में इस तकनीक का एक महत्वपूर्ण परिचालन परीक्षण भी है।
ऑपरेशन अमिस्ताद — जिसका स्पेनिश में अर्थ 'मित्रता' होता है — मानवीय सहायता और आपदा राहत (HADR) के प्रति भारत की सुदृढ़ प्रतिबद्धता और संकट की घड़ी में मित्र राष्ट्रों को समयबद्ध सहायता पहुंचाने की उसकी क्षमता को रेखांकित करता है।
आगे की राह
फील्ड हॉस्पिटल टीम के वेनेजुएला पहुंचने के बाद स्थानीय अधिकारियों के साथ समन्वय कर सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में चिकित्सा शिविर स्थापित किए जाने की संभावना है। भारत सरकार की ओर से आगे की सहायता की घोषणा स्थिति के आकलन के बाद की जा सकती है।