ऑपरेशन अमिस्ताद: वेनेजुएला भूकंप पीड़ितों ने भारतीय आर्मी फील्ड अस्पताल को सराहा, 'स्वास्थ्य सेवा बेहतरीन'
सारांश
मुख्य बातें
वेनेजुएला में ऑपरेशन अमिस्ताद के तहत तैनात भारतीय सेना की फील्ड अस्पताल टीम को वहाँ के भूकंप पीड़ित नागरिक भरपूर सराहना दे रहे हैं। 24 जून को आए विनाशकारी दोहरे भूकंप के बाद भारत द्वारा शुरू किए गए इस राहत अभियान में तैनात चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों की सेवाओं को पीड़ितों ने 'बेहतरीन' बताया है।
पीड़ितों की आपबीती
एक वीडियो में ला-गुएरा से अपनी परिजन को लेकर आई एक महिला ने कहा, 'हम इन्हें यहाँ ला-गुएरा से लेकर आए हैं। जैसे ही यहाँ पहुँचे हमें तुरंत मदद पहुँचाई गई। वेनेजुएला में आए भूकंप में ये घायल हो गई थीं। यहाँ जाँच के बाद बताया गया कि डबल फिबुला फ्रैक्चर हो गया है। अब कहा गया है कि इनकी यहीं पर सर्जरी होगी। यहाँ व्यवस्था बहुत अच्छी है, स्वास्थ्य सेवा बेहतरीन है।' यह वीडियो विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर साझा किया। विदेश मंत्रालय ने इस सेवा को 'हीलिंग लाइफ, सर्विंग ह्युमैनिटी' की संज्ञा दी है।
भूकंप का कहर और ऑपरेशन अमिस्ताद की शुरुआत
24 जून को वेनेजुएला में 7.2 और 7.5 तीव्रता के दोहरे भूकंप ने भारी तबाही मचाई। वेनेजुएला के स्वास्थ्य विभाग ने स्थानीय मीडिया को दी जानकारी के अनुसार, बुधवार तक 2,295 लोगों के मारे जाने की पुष्टि हो चुकी थी। इस आपदा के बाद भारत ने राहत और बचाव के लिए ऑपरेशन अमिस्ताद शुरू किया — जो मानवीय सहायता में भारत की प्रतिबद्धता का प्रतीक है।
भारतीय सहायता वेनेजुएला पहुँची
भारत की राहत सामग्री रविवार को वेनेजुएला पहुँची, जिसकी जानकारी विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने स्वयं दी। उन्होंने एक्स पर लिखा, 'भारत की सहायता वेनेजुएला पहुँच गई है। हमें भरोसा है कि फील्ड अस्पताल यूनिट, राहत सामग्री, दवाइयाँ और मेडिकल उपकरण वहाँ भूकंप के बाद चल रहे राहत कार्यों को और मजबूती देंगे।' भारतीय वायुसेना के दो सी-17 विमान कोटे डी आइवर के अबिदजान होते हुए वेनेजुएला पहुँचे, जिनमें राहत सामग्री, सेना की फील्ड अस्पताल टीम और दो 'भीष्म क्यूब' शामिल थे।
टीम की संरचना और क्षमता
भारतीय दल में कुल 41 सदस्य हैं, जिनमें 9 डॉक्टर शामिल हैं। यह टीम आपातकालीन इलाज, गंभीर चोटों का उपचार, जान बचाने वाली सर्जरी और अन्य आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएँ देने में सक्षम है। तस्वीरों और वीडियो क्लिप्स में स्वास्थ्यकर्मी दिन-रात पीड़ितों की सेवा में जुटे दिखाई दे रहे हैं।
आगे क्या
यह ऑपरेशन भारत की 'वसुधैव कुटुम्बकम' की विदेश नीति का व्यावहारिक रूप है। भारतीय टीम के राहत कार्य जारी रहने के साथ, वेनेजुएला में पुनर्निर्माण और चिकित्सा सहायता की दीर्घकालिक ज़रूरत बनी रहेगी।