हैदराबाद टैंक बंड पर गणेश विसर्जन रोक के खिलाफ प्रदर्शन, पुलिस ने कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया
सारांश
मुख्य बातें
हैदराबाद के प्रतिष्ठित टैंक बंड पर गणेश प्रतिमा विसर्जन पर लगी पाबंदियों के विरोध में 21 सितंबर 2026 (सोमवार) को भाग्यनगर गणेश उत्सव समिति के प्रतिनिधियों ने जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने अधिकारियों द्वारा लगाए गए बैरिकेड्स हटाकर हुसैन सागर झील में विसर्जन की अनुमति देने की मांग की, जिससे हैदराबाद-सिकंदराबाद को जोड़ने वाली इस व्यस्त सड़क पर तनाव बढ़ गया।
प्रदर्शन का घटनाक्रम
भगवा टोपी और दुपट्टा पहने प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी करते हुए टैंक बंड सड़क पर धरना दिया, जिससे यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ। प्रदर्शन के दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड्स और रेलिंग हटाकर झील में फेंक दिए। मौके पर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात था और बाद में पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेकर विभिन्न थानों में भेज दिया।
इसी प्रकार करीमनगर जिले में भाजपा कार्यकर्ताओं और कुछ हिंदू संगठनों ने चिंतकुंटा नहर में गणेश प्रतिमा विसर्जन के लिए पानी छोड़ने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया, जहाँ पुलिस ने वहाँ भी प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया।
प्रशासन की व्यवस्था और प्रतिबंध का आधार
ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम (GHMC) और पुलिस ने टैंक बंड पर फ्लेक्स बोर्ड लगाकर स्पष्ट किया है कि इस मार्ग से प्रतिमाओं का विसर्जन पूर्णतः प्रतिबंधित है। श्रद्धालुओं को पीपुल्स प्लाजा, नेकलेस रोड और एनटीआर मार्ग पर बनाए गए निर्धारित विसर्जन स्थलों का उपयोग करने की सलाह दी गई है, जहाँ क्रेन की व्यवस्था की गई है।
गौरतलब है कि 2021 में तेलंगाना उच्च न्यायालय ने पर्यावरणीय कारणों का हवाला देते हुए हुसैन सागर और शहर की अन्य झीलों में प्लास्टर ऑफ पेरिस (POP) प्रतिमाओं के सीधे विसर्जन पर रोक लगाई थी। अदालत ने टैंक बंड से विसर्जन पर भी प्रतिबंध लगाया था और कृत्रिम तालाबों की व्यवस्था करने का निर्देश दिया था। प्रशासन के अनुसार केवल मिट्टी और अन्य पर्यावरण-अनुकूल प्रतिमाओं का ही निर्धारित स्थानों पर विसर्जन किया जाएगा, जबकि POP प्रतिमाओं के लिए शहर के विभिन्न हिस्सों में कृत्रिम 'बेबी पॉन्ड' बनाए गए हैं।
भाजपा और समिति का पक्ष
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने भाग्यनगर गणेश उत्सव समिति के आंदोलन का समर्थन किया है। तेलंगाना BJP अध्यक्ष एन. रामचंदर राव ने कहा कि दशकों से टैंक बंड पर गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन होता आया है, लेकिन कांग्रेस सरकार ने इस बार इस पर रोक लगाई है। उन्होंने शांतिपूर्ण तरीके से विसर्जन कराने के लिए आवश्यक व्यवस्था करने की मांग की।
भाग्यनगर गणेश उत्सव समिति पिछले कई वर्षों से इस रोक का विरोध करती आ रही है। समिति का तर्क है कि टैंक बंड पारंपरिक विसर्जन स्थल रहा है और श्रद्धालुओं को यहाँ विसर्जन की अनुमति दी जानी चाहिए।
केंद्रीय मंत्री की प्रतिक्रिया
केंद्रीय गृह राज्य मंत्री बंदी संजय कुमार ने भाजपा कार्यकर्ताओं और हिंदू संगठनों के सदस्यों की गिरफ्तारी की निंदा करते हुए कहा कि गणेश प्रतिमा विसर्जन के लिए पानी माँगने पर पुलिस कार्रवाई उचित नहीं है। उन्होंने राज्य सरकार से शांतिपूर्ण विसर्जन के लिए आवश्यक कदम उठाने की अपील की।
आगे की स्थिति
यह विवाद धार्मिक परंपरा और पर्यावरण संरक्षण के बीच चल रहे व्यापक संघर्ष को उजागर करता है। तेलंगाना में सत्तारूढ़ कांग्रेस सरकार और विपक्षी भाजपा के बीच इस मुद्दे पर राजनीतिक तनाव बढ़ने के आसार हैं, क्योंकि हिरासत में लिए गए प्रदर्शनकारियों की रिहाई की माँग भी जोर पकड़ रही है।