BSF ने BJP नेता के बेटे से बरामद किए 25 पिस्तौल और AK-47, AAP विधायक धालीवाल का भाजपा पर बड़ा हमला
सारांश
मुख्य बातें
आम आदमी पार्टी (AAP) के विधायक कुलदीप सिंह धालीवाल ने मंगलवार, 23 जून को अमृतसर में प्रेस के सामने भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी पंजाब का सामाजिक माहौल बिगाड़ने की साजिश रच रही है। उनके अनुसार, 19 जून को सीमा सुरक्षा बल (BSF) के एक विशेष अभियान में करण नामक युवक को गिरफ्तार किया गया, जिसके पास से 25 पिस्तौलें, एक AK-47 राइफल, एक बुलेटप्रूफ जैकेट और 388 कारतूस बरामद हुए।
गिरफ्तार युवक का BJP से कथित संबंध
धालीवाल ने दावा किया कि गिरफ्तार युवक करण के पिता शिव कुमार हैं, जो कथित तौर पर BJP अनुसूचित जाति (SC) सेल के जिला अध्यक्ष हैं। AAP विधायक ने कहा कि उनकी पार्टी ने करीब एक महीने पहले ही यह आशंका जाहिर कर दी थी कि BJP पंजाब की शांति भंग करने की कोशिश कर सकती है। उन्होंने आरोप लगाया कि BJP सत्ता पाने के लिए किसी भी हद तक जा सकती है और राज्य के सामाजिक सौहार्द को नुकसान पहुँचाने से भी नहीं हिचकेगी। यह ध्यान देने योग्य है कि ये आरोप AAP की ओर से हैं और BJP ने अभी तक इन पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।
पंजाबियों से सतर्कता की अपील
धालीवाल ने राज्य की जनता से अपील करते हुए कहा कि पंजाबियों को BJP के इरादों के प्रति सावधान रहना होगा। उन्होंने कहा कि राज्य के लोगों को एकजुट होकर ऐसी ताकतों का विरोध करना चाहिए जो पंजाब के सांप्रदायिक और सामाजिक सौहार्द को तोड़ना चाहती हैं। यह बयान ऐसे समय में आया है जब पंजाब में सीमा पार हथियारों की तस्करी पहले से ही एक संवेदनशील मुद्दा बनी हुई है।
पटियाला में BJP नेता की कथित विवादित टिप्पणी
धालीवाल ने पटियाला में एक BJP नेता द्वारा मुस्लिम समुदाय के खिलाफ की गई कथित आपत्तिजनक टिप्पणी पर भी कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि ऐसे नेताओं को सबसे पहले महाराजा रणजीत सिंह के शासनकाल का अध्ययन करना चाहिए, जो सभी धर्मों, जातियों और समुदायों के सम्मान और कल्याण के लिए जाने जाते थे।
महाराजा रणजीत सिंह की विरासत का संदर्भ
धालीवाल ने याद दिलाया कि पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल भी अक्सर महाराजा रणजीत सिंह जैसा शासन देने की बात करते थे। उन्होंने सवाल उठाया कि जो नेता इस महान शासक का नाम लेते हैं, उन्हें उनके आदर्शों — सर्वधर्म समभाव और सामाजिक समरसता — को भी आत्मसात करना चाहिए। गौरतलब है कि महाराजा रणजीत सिंह की सेना और दरबार में सभी धर्मों के लोग प्रमुख पदों पर थे।
आगे क्या होगा
BSF द्वारा बरामद हथियारों के मामले में जाँच जारी है। धालीवाल के आरोपों पर BJP की आधिकारिक प्रतिक्रिया अभी सामने नहीं आई है। पंजाब में सीमा पार हथियार तस्करी के बढ़ते मामलों के बीच यह घटना राज्य की सुरक्षा एजेंसियों के लिए नई चुनौती पेश करती है।