राजेंद्र पाल गौतम का पलटवार: 'पूरा देश राहुल गांधी को विकल्प मान रहा, इसीलिए BJP बेचैन'
सारांश
मुख्य बातें
कांग्रेस नेता राजेंद्र पाल गौतम ने 7 नवंबर 2026 को भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की उन टिप्पणियों पर तीखा पलटवार किया, जिनमें कांग्रेस नेता राहुल गांधी और गांधी परिवार पर निशाना साधा गया था। गौतम ने कहा कि BJP नेताओं की राहुल गांधी को लेकर लगातार बढ़ती बयानबाज़ी इसी बात का प्रमाण है कि पूरा देश राहुल गांधी को एक राजनीतिक विकल्प के रूप में देख रहा है।
नितिन नवीन के बयान पर सीधी प्रतिक्रिया
BJP अध्यक्ष नितिन नवीन द्वारा राहुल गांधी को 'अराजकता पैदा करने की टूलकिट' बताए जाने पर गौतम ने कहा, 'अब नितिन नवीन भी बोलने लगे हैं — यह बड़ी अजीब बात है।' उन्होंने तंज कसा कि क्या BJP नेताओं को सपने में भी राहुल गांधी दिखाई देते हैं? उनके अनुसार, BJP की यह बेचैनी और लगातार आती प्रतिक्रियाएँ कांग्रेस के लिए संतोष का विषय हैं।
मोदी और शाह से इस्तीफे की माँग
गौतम ने तर्क दिया कि यदि BJP यह मान रही है कि देश में अराजकता है और लोकतंत्र खतरे में है, तो इसकी जिम्मेदारी सत्तारूढ़ दल की बनती है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या नितिन नवीन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से इस्तीफे की माँग करेंगे? 'देश बचाओ, लोकतंत्र बचाओ और सत्ता हटाओ' जैसे नारों के साथ हो रहे धरने-प्रदर्शनों का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि सरकार को अपनी जिम्मेदारी स्वीकार करनी चाहिए। गौतम ने चुनाव आयोग की भूमिका पर भी सवाल उठाए और कहा कि देश और दुनिया जानती है कि लोकतंत्र के सामने असली खतरा कहाँ से है।
बहस की चुनौती — हर स्तर पर
राहुल गांधी की खुली बहस की चुनौती पर नितिन नवीन के इस बयान — कि 'BJP का मंडल अध्यक्ष ही राहुल गांधी को जवाब देने के लिए काफी है' — पर गौतम ने पलटवार करते हुए कहा कि अगर BJP को अपने मंडल अध्यक्ष पर इतना भरोसा है, तो दोनों पार्टियों के मंडल अध्यक्ष आमने-सामने बैठकर बहस करें। उन्होंने ढाँचा सुझाया: मंडल अध्यक्ष से मंडल अध्यक्ष, जिला से जिला, प्रदेश से प्रदेश, राष्ट्रीय अध्यक्ष से राष्ट्रीय अध्यक्ष और प्रधानमंत्री स्तर पर भी खुली बहस — प्रत्येक स्तर पर एक-एक घंटा, पूरे देश के मीडिया की उपस्थिति में। गौतम ने चुनौती दी — 'अगर BJP में हिम्मत है तो सामने आए।'
राजीव गांधी फाउंडेशन और विदेशी फंडिंग के आरोपों पर जवाब
नितिन नवीन द्वारा राजीव गांधी फाउंडेशन को मिलने वाली विदेशी फंडिंग पर लगाए गए आरोपों को गौतम ने सिरे से खारिज किया। उन्होंने कहा कि BJP नेताओं को 'स्क्रिप्ट लिखकर दी जाती है और वे वही पढ़ देते हैं।' उन्होंने BJP पर यह भी आरोप लगाया कि पार्टी 'राम के नाम पर सत्ता तक पहुँची और राम के चढ़ावे की चोरी करने का काम किया।' गौतम ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस ऐसे आरोपों को गंभीरता से नहीं लेती।
सामाजिक सद्भाव पर सोनिया गांधी की आलोचना का समर्थन
पिछले साढ़े बारह वर्षों में सामाजिक सद्भाव पर सोनिया गांधी की आलोचना का समर्थन करते हुए गौतम ने कहा कि BJP ने जाति और धर्म के नाम पर समाज में नफरत का ज़हर घोला है। उनके अनुसार, कांग्रेस ने विविधताओं से भरे भारत को एकजुट करने का प्रयास किया था — हज़ारों जातियों, अनेक धर्मों, भाषाओं और संस्कृतियों को एक सूत्र में पिरोकर। गौतम ने कहा कि BJP के शासनकाल में इस सामाजिक ताने-बाने को तोड़ने का काम हुआ है और देश को एकजुट रखना मुश्किल होता जा रहा है। आने वाले दिनों में यह राजनीतिक वाकयुद्ध और तीखा होने की संभावना है।