सर्बियाई राष्ट्रपति वुसिक की चीन राजकीय यात्रा शुरू, बीजिंग में लौह मित्रता को मिलेगी नई ऊर्जा
सारांश
मुख्य बातें
सर्बियाई राष्ट्रपति अलेक्जेंडर वुसिक ने रविवार, 24 मई 2026 को बीजिंग कैपिटल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतरकर अपनी चीन की पहली राजकीय यात्रा की शुरुआत की। यह यात्रा ऐसे समय में हो रही है जब सर्बिया यूरोप का एकमात्र देश है जिसने चीन के साथ 'नए युग में साझा भविष्य वाले समुदाय' के सह-निर्माण की प्रतिबद्धता जताई है।
यात्रा का कूटनीतिक महत्व
सर्बिया दक्षिण और पूर्वी यूरोप में चीन का एक प्रमुख रणनीतिक साझेदार माना जाता है। दोनों देशों के बीच पारस्परिक राजनीतिक विश्वास मजबूत बना हुआ है और दोनों पक्ष एक-दूसरे के केंद्रीय हितों का समर्थन करते आए हैं। विश्लेषकों के अनुसार, हाल के वर्षों में दोनों देशों के संबंध उच्चतम स्तर पर पहुँचे हैं।
चीनी विदेश मंत्रालय की प्रतिक्रिया
चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने इस यात्रा से पूर्व कहा कि चीन, राष्ट्रपति वुसिक की यात्रा के अवसर पर सर्बिया के साथ लौह मित्रता को और प्रगाढ़ करने, पारस्परिक लाभकारी सहयोग का विस्तार करने तथा बहुपक्षीय समन्वय को घनिष्ठ बनाने के लिए तैयार है। प्रवक्ता ने यह भी कहा कि दोनों देश 'नए युग में साझे भविष्य वाले समुदाय' के निर्माण में और उपलब्धियाँ हासिल करेंगे।
सहयोग की मौजूदा स्थिति
गौरतलब है कि सर्बिया यूरोपीय महाद्वीप का पहला देश है जिसने चीन के साथ इस विशेष साझेदारी ढाँचे को अपनाया है। दोनों देशों के बीच व्यापार, बुनियादी ढाँचे और लोगों के आपसी संपर्क में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। बहुपक्षीय मंचों पर भी दोनों का समन्वय घनिष्ठ रहा है।
आगे क्या
राष्ट्रपति वुसिक की इस यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच कई द्विपक्षीय समझौतों और घोषणाओं की संभावना है। यह यात्रा यूरोप में चीन की कूटनीतिक उपस्थिति के लिहाज से भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है, खासकर तब जब यूरोपीय संघ और चीन के बीच व्यापारिक तनाव बना हुआ है।