तेलंगाना: बिजली कटौती पर CM रेवंत रेड्डी सख्त, याददाद्री थर्मल पावर स्टेशन के मुख्य अभियंता निलंबित
सारांश
मुख्य बातें
तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी की कड़ी चेतावनी के बाद राज्य सरकार ने 15 अक्टूबर 2026 को याददाद्री थर्मल पावर स्टेशन (YTPS) स्टेज-I के मुख्य अभियंता बी. सुरेश को निलंबित कर दिया। बिजली उत्पादन में कथित लापरवाही के आरोप में की गई यह कार्रवाई उस समय आई जब राज्य में बारिश की कमी के चलते खड़ी फसलों को बचाने के लिए निर्बाध बिजली आपूर्ति अत्यंत आवश्यक हो गई है।
निलंबन का आदेश और आरोप
तेलंगाना पावर जनरेशन कॉरपोरेशन लिमिटेड (TSGENCO) के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक डॉ. एस. हरीश ने मुख्य अभियंता बी. सुरेश के विरुद्ध 'ड्यूटी के प्रति घोर लापरवाही' का हवाला देते हुए निलंबन आदेश जारी किया। आदेश के अनुसार, सुरेश ने मुख्य अभियंता के पद पर रहते हुए बिजली उत्पादन बढ़ाने के लिए निर्धारित कार्यों की योजना बनाने, उनकी निगरानी करने और उन्हें समय पर लागू करने में पर्यवेक्षण संबंधी चूक की। विभागीय जाँच पूरी होने तक उन्हें निलंबित रखा जाएगा।
मुख्यमंत्री की बैठक और कड़ा रुख
बुधवार शाम वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने सवाल उठाया कि नैनी और महानदी कोल ब्लॉक से कोयले की पर्याप्त आपूर्ति उपलब्ध होने के बावजूद YTPS में पूरी क्षमता से उत्पादन क्यों नहीं हो रहा। मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) के अनुसार, रेड्डी राज्यव्यापी बिजली कटौती से गंभीर रूप से नाखुश थे और उन्होंने तुरंत कारणों की रिपोर्ट सौंपने का आदेश दिया।
मुख्यमंत्री रेड्डी ने अधिकारियों को साफ शब्दों में कहा, 'मैं जनता के प्रति जवाबदेह हूँ। खड़ी फसलों को बचाने के लिए बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के मेरे बार-बार के निर्देशों के बावजूद स्थिति में कोई सुधार नहीं आया। जो भी लापरवाही करेगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा।' यह बैठक राज्य में बारिश की कमी, 'अल नीनो' के प्रभाव और समग्र बिजली एवं पेयजल आपूर्ति की स्थिति की समीक्षा के लिए बुलाई गई थी।
किसानों पर असर और सरकार की प्राथमिकता
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि अगले 20 दिन फसल कटाई के लिहाज़ से अत्यंत संवेदनशील हैं और इस अवधि में बिजली की कमी के कारण किसानों को किसी भी हाल में नुकसान नहीं होना चाहिए। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि जहाँ कृषि कार्यों के लिए बिजली की माँग अधिक है, उन इलाकों की पहचान कर वहाँ प्राथमिकता के आधार पर आपूर्ति बढ़ाई जाए। फसल की कटाई पूरी होने तक चौबीसों घंटे निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करना प्रशासन का प्राथमिक लक्ष्य बताया गया।
पृष्ठभूमि: उत्पादन में कमी और जवाबदेही
गौरतलब है कि YTPS तेलंगाना के प्रमुख थर्मल पावर प्रतिष्ठानों में से एक है और राज्य की बिजली माँग पूरी करने में इसकी अहम भूमिका है। यह ऐसे समय में आया है जब मानसून की अनिश्चितता और 'अल नीनो' के कारण राज्य के कई हिस्सों में सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई है, जिससे किसानों की सिंचाई पर निर्भरता और बढ़ गई है। आलोचकों का कहना है कि कोयले की उपलब्धता के बावजूद उत्पादन में कमी सिस्टम की संरचनात्मक खामियों की ओर इशारा करती है।
आगे क्या होगा
विभागीय जाँच के निष्कर्षों के आधार पर मुख्य अभियंता बी. सुरेश के विरुद्ध आगे की कार्रवाई तय होगी। TSGENCO को बिजली उत्पादन बढ़ाने और राज्य के कृषि क्षेत्रों में निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने की समयसीमा दी गई है। मुख्यमंत्री रेड्डी के इस कठोर रुख ने यह संदेश स्पष्ट कर दिया है कि सार्वजनिक उपयोगिता सेवाओं में लापरवाही के लिए जवाबदेही से कोई बच नहीं सकता।