13 अगस्त 2026
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आरएलडी नेता ऐश्वर्य राज सिंह का ऐलान: यूपी में एनडीए को फिर पूर्ण बहुमत दिलाएंगे

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आरएलडी नेता ऐश्वर्य राज सिंह का ऐलान: यूपी में एनडीए को फिर पूर्ण बहुमत दिलाएंगे

सारांश

आरएलडी के नवनियुक्त यूपी अध्यक्ष ऐश्वर्य राज सिंह ने लखनऊ में पहले दौरे पर एनडीए को पूर्ण बहुमत दिलाने का संकल्प दोहराया। किसान, युवा और महिला — तीनों वर्गों को जोड़ने की रणनीति के साथ पार्टी अगले विधानसभा चुनाव की तैयारी में जुट गई है।

मुख्य बातें

ऐश्वर्य राज सिंह को राष्ट्रीय लोकदल (आरएलडी) का नवनियुक्त उत्तर प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया है।
उन्होंने 13 अगस्त को लखनऊ दौरे पर कहा कि एनडीए गठबंधन को यूपी में पूर्ण बहुमत दिलाना पार्टी की प्राथमिकता है।
आरएलडी ने 2022 विधानसभा चुनाव में 8 सीटें जीती थीं; वर्तमान में BJP के साथ गठबंधन है।
सिंह ने विपक्ष को मुद्दाविहीन बताया और पीडीए की बदलती परिभाषा पर सवाल उठाए।
पार्टी किसानों के साथ-साथ युवाओं और महिलाओं को जोड़ने की व्यापक रणनीति पर काम करेगी।

राष्ट्रीय लोकदल (आरएलडी) के नवनियुक्त उत्तर प्रदेश अध्यक्ष ऐश्वर्य राज सिंह ने गुरुवार, 13 अगस्त को लखनऊ का दौरा करते हुए स्पष्ट किया कि आगामी विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) को उत्तर प्रदेश में पूर्ण बहुमत के साथ सत्ता में वापस लाना उनकी पार्टी की सर्वोच्च प्राथमिकता है। राजधानी पहुँचने पर उनका ढोल-नगाड़ों के साथ भव्य स्वागत किया गया और बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता उनके स्वागत समारोह में उपस्थित रहे।

लखनऊ में भव्य स्वागत और गांधी प्रतिमा पर श्रद्धांजलि

नवनियुक्त प्रदेशाध्यक्ष के रूप में ऐश्वर्य राज सिंह का लखनऊ में पहला आधिकारिक दौरा उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। पार्टी कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया। इसके बाद उन्होंने गांधी प्रतिमा पर पहुँचकर पुष्पांजलि अर्पित की, जो पार्टी की राष्ट्रीय मूल्यों के प्रति प्रतिबद्धता का प्रतीकात्मक संदेश था।

किसान, युवा और महिला — तीन स्तंभों पर टिकी रणनीति

ऐश्वर्य राज सिंह ने कहा, 'हम लोग चौधरी चरण सिंह की विचारधारा पर आधारित पार्टी हैं। हमारे यहां चौधरी अजीत सिंह के संघर्ष हैं और चौधरी जयंत सिंह का युवा नेतृत्व है।' उन्होंने आगे कहा कि पार्टी का ध्यान केवल किसानों तक सीमित नहीं रहेगा — युवाओं, महिलाओं और समाज के हर वर्ग को आरएलडी से जोड़ना उनकी प्राथमिकता होगी। यह बयान पार्टी के परंपरागत जाट-किसान आधार से आगे बढ़कर व्यापक सामाजिक गठजोड़ बनाने की मंशा को दर्शाता है।

विपक्ष पर तीखा प्रहार, पीडीए की परिभाषा पर सवाल

विपक्ष पर निशाना साधते हुए ऐश्वर्य राज सिंह ने कहा, 'मुद्दाविहीन है विपक्ष। जहां तक पीडीए की बात है तो बार-बार विपक्ष अपनी परिभाषा बदल रहा है। पहले परिभाषा उनकी पीडीए की कुछ और थी, अब उन्होंने पीडीए की परिभाषा अपनी बदल ली है। उनको पता ही नहीं है कि उनको करना क्या है।' उन्होंने पश्चिम बंगाल का उदाहरण देते हुए कहा कि जिस तरह मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के गढ़ में एनडीए ने सेंध लगाई, उसी तर्ज पर उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में एनडीए पूर्ण बहुमत की सरकार बनाएगा।

आरएलडी की मौजूदा स्थिति और चुनावी पृष्ठभूमि

गौरतलब है कि 2022 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में आरएलडी ने 8 सीटें जीती थीं। वर्तमान में पार्टी का भारतीय जनता पार्टी (BJP) के साथ गठबंधन है। आगामी विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी संगठन को मज़बूत करने में जुटी है और नए प्रदेशाध्यक्ष की नियुक्ति इसी रणनीति का हिस्सा मानी जा रही है।

आगे क्या होगा

ऐश्वर्य राज सिंह के नेतृत्व में आरएलडी अब प्रदेश भर में संगठन विस्तार और जनसंपर्क अभियान तेज़ करने की तैयारी में है। पार्टी का लक्ष्य एनडीए गठबंधन के भीतर अपनी भूमिका को और सशक्त बनाना है, ताकि अगले चुनाव में सीटों की संख्या बढ़ाई जा सके।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि चौधरी जयंत सिंह की युवा-केंद्रित छवि को ज़मीनी स्तर पर उतारने की कोशिश है। लेकिन असली परीक्षा यह है कि क्या पार्टी अपने परंपरागत जाट-किसान आधार से आगे बढ़कर वाकई व्यापक सामाजिक गठजोड़ बना पाती है — जो 2022 में वह नहीं कर सकी थी। पश्चिम बंगाल का उदाहरण देना राजनीतिक रूप से आकर्षक है, पर यूपी की जातीय समीकरण और विपक्ष की पीडीए रणनीति की काट के लिए ठोस ज़मीनी काम ज़रूरी होगा। 8 सीटों से आगे बढ़ने के लिए आरएलडी को गठबंधन में सीट-बंटवारे की बेहतर शर्तें भी हासिल करनी होंगी।
RashtraPress
13 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

ऐश्वर्य राज सिंह कौन हैं और उन्हें आरएलडी यूपी अध्यक्ष क्यों बनाया गया?
ऐश्वर्य राज सिंह राष्ट्रीय लोकदल (आरएलडी) के नवनियुक्त उत्तर प्रदेश अध्यक्ष हैं। उन्हें आगामी विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी संगठन को मज़बूत करने और एनडीए गठबंधन में आरएलडी की भूमिका बढ़ाने के लिए यह ज़िम्मेदारी सौंपी गई है।
आरएलडी और भाजपा के बीच गठबंधन की मौजूदा स्थिति क्या है?
वर्तमान में राष्ट्रीय लोकदल (आरएलडी) का भारतीय जनता पार्टी (BJP) के साथ एनडीए गठबंधन के तहत सक्रिय गठजोड़ है। 2022 के विधानसभा चुनाव में आरएलडी ने इस गठबंधन में 8 सीटें जीती थीं।
ऐश्वर्य राज सिंह ने विपक्ष के पीडीए पर क्या कहा?
उन्होंने कहा कि विपक्ष पूरी तरह मुद्दाविहीन है और पीडीए की परिभाषा बार-बार बदल रहा है। उनके अनुसार विपक्ष को खुद नहीं पता कि उसे करना क्या है।
उत्तर प्रदेश में अगला विधानसभा चुनाव कब होगा और आरएलडी की तैयारी क्या है?
उत्तर प्रदेश में अगला विधानसभा चुनाव 2027 में होने की संभावना है। आरएलडी नए प्रदेशाध्यक्ष के नेतृत्व में किसानों, युवाओं और महिलाओं को जोड़ते हुए संगठन विस्तार में जुटी है।
आरएलडी ने 2022 के यूपी चुनाव में कितनी सीटें जीती थीं?
2022 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय लोकदल (आरएलडी) ने भाजपा के साथ गठबंधन में 8 सीटों पर जीत हासिल की थी।
राष्ट्र प्रेस
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