वैभव सूर्यवंशी को मिले भारतीय टीम कैप: पूर्व चयनकर्ता देवांग गांधी, IPL 2026 प्रदर्शन को बताया अविश्वसनीय
सारांश
मुख्य बातें
वैभव सूर्यवंशी ने आईपीएल 2026 में जिस परिपक्वता और आक्रामकता से बल्लेबाजी की है, उसने क्रिकेट जगत को चौंका दिया है। भारत के पूर्व क्रिकेटर और पूर्व राष्ट्रीय चयनकर्ता देवांग गांधी का मानना है कि 15 वर्षीय इस बल्लेबाज को उनके असाधारण प्रदर्शन के बदले भारतीय टीम की कैप देकर पुरस्कृत किया जाना चाहिए। 5 जून 2026 को दिए अपने बयान में गांधी ने कहा कि वैभव ने पिछले दो वर्षों में दुनिया के शीर्ष गेंदबाजों के सामने जो बल्लेबाजी की है, वह किसी भी उम्र के खिलाड़ी के लिए असाधारण है।
देवांग गांधी की राय: 'सभी बॉक्स टिक कर दिए'
पूर्व चयनकर्ता देवांग गांधी ने कहा, "मुझे लगता है कि वैभव को संभालने का तरीका यह है कि उन्हें इनाम के तौर पर भारतीय टीम की कैप दी जानी चाहिए, क्योंकि पिछले दो वर्षों में 15 वर्षीय बल्लेबाज ने जबरदस्त प्रदर्शन किया है। वह दुनिया के टॉप गेंदबाजों की पिटाई कर रहे हैं।" उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि पिछले सीजन में वैभव को 'पहला साल' कहकर नज़रअंदाज़ किया गया था, लेकिन इस बार ऐसा कोई बहाना नहीं चलेगा।
गांधी ने वैभव की तकनीकी परिपक्वता पर विशेष ज़ोर दिया। उनके अनुसार, "एक बल्लेबाज जो इतना परिपक्व है कि वह सिंगल भी ले सकता है, सिचुएशन के हिसाब से खेल सकता है और फिर भी 200 से ज़्यादा का स्ट्राइक रेट बनाए रख सकता है, तो मेरे लिए उन्होंने सभी बॉक्स टिक कर दिए हैं।"
सनराइजर्स के खिलाफ पारी ने किया सबसे ज़्यादा प्रभावित
गांधी ने सनराइजर्स हैदराबाद के विरुद्ध वैभव की आखिरी दो पारियों को विशेष रूप से सराहा। उन्होंने कहा, "मेरे लिए उनकी आखिरी दो पारियाँ लाजवाब रहीं। सनराइजर्स पर वह गियर भी बदल रहे थे।" यह टिप्पणी वैभव की उस क्षमता को रेखांकित करती है जिसमें वे न केवल शुरुआत से आक्रामक होते हैं, बल्कि मैच की परिस्थिति के अनुसार अपनी गति को नियंत्रित भी कर सकते हैं — जो किसी अनुभवी बल्लेबाज की पहचान होती है।
फील्डिंग एकमात्र क्षेत्र जहाँ सुधार की गुंजाइश
गांधी ने वैभव की तारीफ के साथ एक रचनात्मक सुझाव भी दिया। उनके अनुसार फील्डिंग वह एकमात्र पहलू है जिस पर अभी और काम की ज़रूरत है, क्योंकि आईपीएल 2026 के दौरान वैभव को मैदान पर बहुत कम फील्डिंग करते देखा गया। उन्होंने कहा, "एक क्रिकेटर के तौर पर उनके पूरे विकास के लिए मुझे यकीन है कि उन्हें भारत ए के ज़्यादा मैच भी खिलाने का प्लान होगा, चाहे वह 50 ओवर का फॉर्मेट हो या लाल गेंद का।"
टेस्ट क्रिकेट में वैभव की कल्पना: 'गेंदबाजों को हार्ट अटैक आएगा'
गांधी ने वैभव की टेस्ट क्रिकेट में संभावित भूमिका को लेकर एक दिलचस्प तस्वीर पेश की। उन्होंने कहा, "क्या आप सोच सकते हैं कि वह उसी अथॉरिटी के साथ टेस्ट मैच खेले? बिल्कुल वैसा न सही, लेकिन इसका आधा भी हुआ, तो उन्हें टेस्ट खेलते हुए देखने में बहुत अच्छा लगेगा। गेंदबाजों को हार्ट अटैक आएगा।" यह बयान इस बात का संकेत है कि क्रिकेट विशेषज्ञ वैभव को सीमित ओवरों तक सीमित नहीं, बल्कि दीर्घकालिक भारतीय क्रिकेट का भविष्य मान रहे हैं।
आगे की राह: भारत ए और राष्ट्रीय टीम
गांधी के बयान के संदर्भ में यह उल्लेखनीय है कि वैभव सूर्यवंशी पहले से ही भारतीय क्रिकेट बोर्ड (BCCI) की नज़र में हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि भारत ए के ज़रिए विभिन्न फॉर्मेट में अनुभव देना उनके विकास की स्वाभाविक अगली कड़ी होगी। गांधी ने कहा, "उस लेवल के खिलाड़ी, उस टैलेंट को तैयार करने में काउंसलिंग देने की ज़रूरत है, ताकि हम उन्हें ज़्यादा देख सकें।" क्रिकेट प्रेमियों की नज़रें अब चयनकर्ताओं के अगले फैसले पर टिकी हैं।