वैष्णो देवी यात्रा 2026: 22 जून तक 50.70 लाख श्रद्धालुओं ने किए दर्शन, पिछले साल से 10.86 लाख अधिक
सारांश
मुख्य बातें
श्री माता वैष्णो देवी की पवित्र गुफा में दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं की संख्या 22 जून 2026 तक 50.70 लाख को पार कर गई है — जो वर्ष 2025 की इसी अवधि के 39.84 लाख के आँकड़े से 10.86 लाख अधिक है। कटरा स्थित इस प्रसिद्ध तीर्थस्थल पर श्रद्धालुओं की यह रिकॉर्ड उपस्थिति देश-विदेश के भक्तों की अटूट आस्था और बेहतर यात्रा प्रबंधन दोनों को रेखांकित करती है।
मुख्य उपलब्धि: आँकड़ों में
इस वर्ष 22 जून तक 50.70 लाख श्रद्धालुओं ने माता वैष्णो देवी के दरबार में हाजिरी लगाई। वर्ष 2025 में इसी अवधि तक यह संख्या 39.84 लाख थी, यानी साल-दर-साल 27% से अधिक की वृद्धि दर्ज की गई है। यह वृद्धि इस बात का संकेत है कि यात्रा के प्रति श्रद्धालुओं का उत्साह लगातार बढ़ रहा है।
श्राइन बोर्ड की व्यवस्थाएँ
जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश के उपराज्यपाल एवं श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड के अध्यक्ष मनोज सिन्हा के नेतृत्व में यात्रा प्रबंधन को व्यापक रूप से उन्नत किया गया है। बोर्ड ने आधारभूत ढाँचे के विकास, आवास सुविधाओं के विस्तार, स्वच्छता व्यवस्था और भीड़ प्रबंधन प्रणाली को मज़बूत किया है।
इसके अलावा, बैटरी कार संचालन, रोपवे सेवाएँ, स्वास्थ्य सेवाएँ, आपदा प्रबंधन तैयारियाँ और डिजिटल सुविधाएँ — इन सभी क्षेत्रों में लगातार सुधार किया गया है। यात्रा प्रबंधन से जुड़े सभी हितधारकों के समन्वित प्रयासों ने सेवा वितरण की गुणवत्ता में उल्लेखनीय बढ़ोतरी की है।
श्रद्धालुओं का बढ़ता विश्वास
गौरतलब है कि श्रद्धालुओं की संख्या में यह निरंतर वृद्धि श्राइन बोर्ड की व्यवस्थाओं पर बढ़ते भरोसे को भी दर्शाती है। यात्रा मार्ग पर सुरक्षित, सुगम और सुविधाजनक यात्रा सुनिश्चित करने के लिए उठाए गए कदमों ने देश के कोने-कोने से — और विदेश से भी — भक्तों को आकर्षित किया है।
आगे की संभावनाएँ
वर्ष के अभी कई महीने शेष हैं और 50.70 लाख का यह आँकड़ा पहले ही पार हो चुका है। यात्रा के प्रति यह उत्साह वर्ष के शेष महीनों में भी श्रद्धालुओं की संख्या में निरंतर वृद्धि की सकारात्मक संभावना को दर्शाता है। श्राइन बोर्ड के अनुसार, आगामी त्योहारी सीज़न में यात्रा की गति और तेज़ होने की उम्मीद है।