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वंदे भारत एक्सप्रेस अब जम्मू तवी तक, 30 अप्रैल से 20 कोच के साथ दौड़ेगी ट्रेन

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वंदे भारत एक्सप्रेस अब जम्मू तवी तक, 30 अप्रैल से 20 कोच के साथ दौड़ेगी ट्रेन

सारांश

मोदी सरकार ने 30 अप्रैल से वंदे भारत एक्सप्रेस को श्रीनगर-कटरा से बढ़ाकर जम्मू तवी तक चलाने का फैसला किया है। ट्रेन में कोचों की संख्या 8 से बढ़ाकर 20 की जाएगी। इससे यात्री क्षमता, कनेक्टिविटी और पर्यटन को बड़ा बढ़ावा मिलेगा।

मुख्य बातें

30 अप्रैल 2025 से वंदे भारत एक्सप्रेस श्रीनगर से जम्मू तवी तक विस्तारित होगी।
ट्रेन में कोचों की संख्या 8 से बढ़ाकर 20 की जाएगी, जिससे यात्री क्षमता में भारी वृद्धि होगी।
पहले यह ट्रेन केवल श्रीनगर और कटरा के बीच चलती थी, अब जम्मू तवी तक पहुंचेगी।
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने इसे मोदी सरकार का जम्मू-कश्मीर को विशेष तोहफा बताया।
इस निर्णय से पर्यटन उद्योग और क्षेत्रीय आर्थिक विकास दोनों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
USBRL परियोजना के पूर्ण होने पर भविष्य में दिल्ली से श्रीनगर तक सीधी ट्रेन की संभावना और प्रबल होगी।

जम्मू-कश्मीर के लाखों यात्रियों और पर्यटकों के लिए मोदी सरकार ने 30 अप्रैल 2025 से वंदे भारत एक्सप्रेस का विस्तार जम्मू तवी तक करने का ऐतिहासिक निर्णय लिया है। अब तक यह ट्रेन केवल श्रीनगर और श्री माता वैष्णो देवी कटरा के बीच संचालित होती थी। इस विस्तार के साथ ही ट्रेन में कोचों की संख्या 8 से बढ़ाकर 20 कर दी जाएगी, जिससे यात्री क्षमता में भारी इजाफा होगा।

नई व्यवस्था: क्या बदलेगा 30 अप्रैल से

30 अप्रैल 2025 से लागू होने वाली इस नई व्यवस्था के तहत वंदे भारत एक्सप्रेस अब श्रीनगर से सीधे जम्मू तवी तक चलेगी। पहले यात्रियों को कटरा से जम्मू के लिए अलग साधन तलाशने पड़ते थे, जिससे समय और धन दोनों की बर्बादी होती थी। अब एकीकृत रेल सेवा से यह असुविधा समाप्त हो जाएगी।

कोच संख्या 8 से 20 करने का निर्णय विशेष रूप से महत्वपूर्ण है क्योंकि जम्मू-कश्मीर में पर्यटन सीजन के दौरान ट्रेनों में भारी भीड़ रहती है। अधिक कोच होने से न केवल अधिक यात्री सफर कर सकेंगे, बल्कि यात्रा का अनुभव भी बेहतर होगा।

केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह का बयान

केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इस निर्णय की घोषणा करते हुए इसे नरेंद्र मोदी सरकार की ओर से जम्मू-कश्मीर के लोगों को एक विशेष तोहफा बताया। उन्होंने कहा कि ट्रेन अब 20 कोच के साथ चलेगी, जिससे क्षमता, कनेक्टिविटी और आराम — तीनों में उल्लेखनीय सुधार होगा।

मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि यह कदम क्षेत्र में पर्यटन उद्योग को नई ऊंचाइयों तक ले जाने और क्षेत्रीय विकास को गति देने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है।

पर्यटन और आर्थिक विकास पर प्रभाव

जम्मू-कश्मीर में हर वर्ष लाखों श्रद्धालु माता वैष्णो देवी के दर्शन के लिए आते हैं और बड़ी संख्या में पर्यटक श्रीनगर की वादियों का रुख करते हैं। बेहतर रेल संपर्क से इन यात्रियों को सीधा लाभ मिलेगा और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।

गौरतलब है कि उधमपुर-श्रीनगर-बारामुला रेल लिंक (USBRL) परियोजना के तहत कटरा से बनिहाल के बीच सुरंग और पुल निर्माण कार्य जोरों पर है। वंदे भारत एक्सप्रेस का यह विस्तार उसी बड़े रेल विकास की कड़ी है जो जम्मू-कश्मीर को देश के बाकी हिस्सों से रेल मार्ग से पूरी तरह जोड़ने का लक्ष्य रखती है।

ऐतिहासिक संदर्भ और व्यापक परिप्रेक्ष्य

वंदे भारत एक्सप्रेस को श्रीनगर तक पहुंचाना अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि थी, क्योंकि दशकों तक इस क्षेत्र में उन्नत रेल सेवाएं नहीं पहुंच सकी थीं। अब जम्मू तवी तक विस्तार से श्रीनगर-कटरा-जम्मू का पूरा गलियारा एक ही ट्रेन से जुड़ जाएगा।

यह निर्णय ऐसे समय में आया है जब पहलगाम आतंकी हमले के बाद पर्यटन पर नकारात्मक असर की आशंका जताई जा रही है। बेहतर रेल संपर्क पर्यटकों का भरोसा बनाए रखने और उन्हें क्षेत्र की ओर आकर्षित करने में सहायक हो सकता है।

आगे क्या

30 अप्रैल 2025 से नई व्यवस्था लागू होने के बाद रेलवे यात्रियों की प्रतिक्रिया और ट्रेन की उपयोगिता पर नजर रखेगा। भविष्य में USBRL परियोजना के पूर्ण होने पर वंदे भारत या इसी श्रेणी की ट्रेनें सीधे दिल्ली से श्रीनगर तक चलाने की संभावना भी प्रबल होगी, जो पूरे उत्तर भारत के यात्रियों के लिए एक क्रांतिकारी बदलाव होगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि पहलगाम हमले के बाद डगमगाते पर्यटन को थामने की रणनीतिक कोशिश भी है। सरकार एक ओर सुरक्षा सुनिश्चित करने का दावा करती है, दूसरी ओर कनेक्टिविटी बढ़ाकर यह संदेश देना चाहती है कि जम्मू-कश्मीर पर्यटकों के लिए खुला और सुरक्षित है। कोचों की संख्या 8 से 20 करना दर्शाता है कि मांग वास्तविक है और सरकार इसे गंभीरता से ले रही है। असली परीक्षा यह होगी कि USBRL परियोजना समय पर पूरी होती है या नहीं, क्योंकि तभी दिल्ली से श्रीनगर तक सीधी ट्रेन का सपना साकार होगा।
RashtraPress
25 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

वंदे भारत एक्सप्रेस अब जम्मू तवी तक कब से चलेगी?
30 अप्रैल 2025 से वंदे भारत एक्सप्रेस श्रीनगर से जम्मू तवी तक चलेगी। पहले यह ट्रेन केवल श्रीनगर और कटरा के बीच संचालित होती थी।
वंदे भारत एक्सप्रेस में कितने कोच होंगे?
नई व्यवस्था के तहत वंदे भारत एक्सप्रेस में 20 कोच होंगे, जो पहले केवल 8 कोच थे। इससे यात्री क्षमता में ढाई गुना से अधिक वृद्धि होगी।
इस फैसले की घोषणा किसने की?
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इस निर्णय की जानकारी दी। उन्होंने इसे मोदी सरकार की ओर से जम्मू-कश्मीर के लोगों को तोहफा बताया।
वंदे भारत एक्सप्रेस के विस्तार से पर्यटन पर क्या असर होगा?
श्रीनगर, कटरा और जम्मू तवी के बीच सीधी रेल सेवा से पर्यटकों की संख्या बढ़ने की उम्मीद है। माता वैष्णो देवी के श्रद्धालुओं और कश्मीर घाटी के पर्यटकों दोनों को इसका सीधा लाभ मिलेगा।
क्या भविष्य में दिल्ली से श्रीनगर तक सीधी ट्रेन चलेगी?
USBRL (उधमपुर-श्रीनगर-बारामुला रेल लिंक) परियोजना पूरी होने के बाद दिल्ली से श्रीनगर तक सीधी ट्रेन की संभावना है। यह परियोजना अभी निर्माणाधीन है और इसके पूर्ण होने पर पूरे देश से जम्मू-कश्मीर सीधे रेल मार्ग से जुड़ जाएगा।
राष्ट्र प्रेस
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