राजस्थान में भीषण लू का कहर: 25-26 अप्रैल को 44-45°C तक पहुंचेगा पारा, IMD का अलर्ट जारी
सारांश
Key Takeaways
- IMD ने 25-26 अप्रैल 2025 को राजस्थान के कई जिलों में भीषण लू (हीटवेव) का अलर्ट जारी किया है।
- बाड़मेर 44.1°C तापमान के साथ राज्य का सबसे गर्म स्थान रहा; 24 शहरों में तापमान 40-44°C के बीच दर्ज हुआ।
- अलवर, भरतपुर, दौसा, डीग, धौलपुर, करौली और बीकानेर में हीटवेव अलर्ट जारी किया गया है।
- 27 अप्रैल के बाद पश्चिमी विक्षोभ से 16 जिलों में बारिश और तूफान की संभावना है।
- हनुमानगढ़ में रात का तापमान 31.2°C रहा — इस सीज़न की सबसे गर्म रात।
- अलवर प्रशासन ने गर्मी से राहत के लिए सड़कों पर पानी का छिड़काव शुरू किया।
जयपुर, 25 अप्रैल। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राजस्थान के दर्जनों जिलों में 25 और 26 अप्रैल 2025 को भीषण लू (हीटवेव) की चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार इन दो दिनों में तापमान 44 से 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है, जिसके बाद पश्चिमी विक्षोभ के कारण मौसम में राहत मिलने की संभावना है।
किन जिलों में जारी हुआ लू का अलर्ट?
IMD ने अलवर, भरतपुर, दौसा, डीग, धौलपुर, करौली और बीकानेर सहित राज्य के कई जिलों के लिए हीटवेव अलर्ट जारी किया है। राज्य के उत्तर-पश्चिमी जिलों में स्थिति विशेष रूप से गंभीर बताई जा रही है।
जयपुर मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक राधेश्याम शर्मा के अनुसार, 25-26 अप्रैल को पूरे राज्य में तापमान में 1 से 2 डिग्री सेल्सियस की अतिरिक्त वृद्धि दर्ज की जा सकती है। उन्होंने नागरिकों को दोपहर में घर से न निकलने की सलाह दी है।
बाड़मेर सबसे गर्म, जयपुर में भी सीज़न का रिकॉर्ड
पिछले 24 घंटों में राज्य के कम से कम 24 शहरों में अधिकतम तापमान 40 से 44 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। बाड़मेर 44.1°C तापमान के साथ राज्य का सबसे गर्म स्थान रहा।
जयपुर में भी इस मौसम का अब तक का सबसे गर्म दिन दर्ज किया गया। इसके अलावा अजमेर, टोंक, करौली, दौसा, जैसलमेर, जोधपुर, नागौर, जालौर और पाली में भी सीज़न का सर्वोच्च तापमान रिकॉर्ड किया गया।
हनुमानगढ़ में रात का न्यूनतम तापमान 31.2°C दर्ज हुआ, जो इस सीज़न की अब तक की सबसे गर्म रात थी — यह संकेत है कि रातें भी अब राहत नहीं दे रहीं।
पश्चिमी विक्षोभ से राहत की उम्मीद
IMD के अनुसार, 27 अप्रैल के बाद एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है, जिसके चलते राज्य के लगभग 16 जिलों में तेज हवाएं, गरज-चमक के साथ तूफान और हल्की बारिश हो सकती है।
शनिवार को सीकर, चूरू, झुंझुनू और नागौर के कुछ हिस्सों में तेज हवाओं और बूंदाबांदी का अलर्ट जारी किया गया है। शुक्रवार को चूरू, हनुमानगढ़, झुंझुनू और बीकानेर के ऊपर बादल छाए और शाम को धूल भरी हवाएं चलीं। हनुमानगढ़ के कुछ इलाकों में हल्की बूंदाबांदी भी दर्ज की गई।
प्रशासन की तैयारी और राहत उपाय
अलवर में जिला प्रशासन ने तापमान नियंत्रण के लिए सड़कों पर पानी का छिड़काव शुरू किया है, ताकि सतह का तापमान कम हो सके और नागरिकों को अस्थायी राहत मिले।
विशेषज्ञों का कहना है कि राजस्थान में अप्रैल के अंत में इस स्तर की गर्मी असामान्य नहीं है, लेकिन इस बार एक साथ इतने जिलों में रिकॉर्ड तापमान का दर्ज होना चिंताजनक है। जलवायु परिवर्तन के कारण राजस्थान में हीटवेव की अवधि और तीव्रता दोनों बढ़ रही हैं — यह प्रवृत्ति पिछले कई वर्षों के मौसम डेटा में स्पष्ट दिखती है।
गौरतलब है कि 2024 में भी राजस्थान में अप्रैल-मई के दौरान भीषण हीटवेव ने सैकड़ों लोगों को प्रभावित किया था और स्वास्थ्य विभाग को विशेष एडवाइज़री जारी करनी पड़ी थी। इस बार भी स्वास्थ्य विभाग से सतर्कता बरतने की अपेक्षा की जा रही है।
आने वाले दिनों में पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के बाद तापमान में गिरावट आ सकती है, लेकिन मई के पहले सप्ताह से फिर गर्मी का दौर लौटने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।