राजस्थान में 9 मई से हीटवेव की वापसी, मौसम विभाग का अलर्ट — जोधपुर-बीकानेर में 46°C तक पहुँचेगा पारा
सारांश
मुख्य बातें
मौसम विज्ञान केंद्र ने 6 मई 2026 को चेतावनी जारी की है कि राजस्थान में बारिश से मिली अस्थायी राहत अगले तीन से चार दिनों में समाप्त हो जाएगी और 9 मई से विशेष रूप से पश्चिमी राजस्थान में फिर से हीटवेव (लू) की स्थिति बनने की प्रबल संभावना है। विभाग के अनुसार तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी अनुमानित है।
मौजूदा मौसम की स्थिति
पिछले 24 घंटों में एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से राज्य के कई जिलों में तेज हवाओं और बारिश का दौर रहा। जयपुर के शाहपुरा में सर्वाधिक 68 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जबकि सीकर के ग्रामीण क्षेत्र में 31 मिमी बारिश हुई। बीते दो दिनों में अधिकतम तापमान में करीब 3 डिग्री और न्यूनतम तापमान में 7 डिग्री तक की गिरावट दर्ज हुई, जिससे तापमान सामान्य से नीचे आ गया।
ओलावृष्टि और आंधी का असर
मंगलवार शाम को बालोतरा जिले के समदड़ी कस्बे में करीब आधे घंटे तक तेज बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई। उदयपुर में भी अचानक मौसम पलटा और 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली आंधी ने जनजीवन को प्रभावित किया। कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित रही। दिन में हल्की गर्मी के बाद दोपहर बाद बादल छाए और शाम तक गरज-चमक के साथ तेज बारिश ने मौसम को ठंडा कर दिया।
आने वाले दिनों का पूर्वानुमान
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार बुधवार को कोटा, उदयपुर, भरतपुर और जयपुर संभाग के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। यह राहत अस्थायी रहेगी — पश्चिमी विक्षोभ के कमजोर पड़ते ही राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क होने लगेगा। उत्तर-पूर्वी राजस्थान के कुछ इलाकों में हल्की बारिश या आंधी की संभावना बनी रह सकती है।
हीटवेव का खतरा और तापमान अनुमान
8 से 11 मई के बीच जोधपुर और बीकानेर संभाग में अधिकतम तापमान 45 से 46 डिग्री सेल्सियस तक पहुँच सकता है। यह ऐसे समय में आया है जब राज्य के लोग बारिश के बाद ताज़ी राहत महसूस कर रहे थे। गौरतलब है कि पश्चिमी राजस्थान में हर साल मई-जून में लू का प्रकोप सामान्य घटना है, लेकिन इस बार तापमान में तीव्र उछाल की गति चिंताजनक है।
आम जनता पर असर और सावधानियाँ
मौसम विभाग की चेतावनी के मद्देनज़र आम नागरिकों, किसानों और बाहरी कामकाजी लोगों को दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचने की सलाह दी जा रही है। लू की स्थिति में बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। आने वाले दिनों में मौसम विभाग के अपडेट पर नज़र रखना ज़रूरी होगा।