तमिलनाडु CM विजय की जल्द दिल्ली यात्रा: PM मोदी, राहुल गांधी से मुलाकात और आर्थिक सहायता पर फोकस
सारांश
मुख्य बातें
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय शीघ्र ही नई दिल्ली की एक अहम सरकारी यात्रा पर रवाना होने वाले हैं। सूत्रों के अनुसार, यह दौरा राजनीतिक संपर्क और राज्य के लिए केंद्रीय वित्तीय सहायता हासिल करने — दोनों उद्देश्यों को एक साथ साधने की कोशिश है।
पिछले दौरे से कितना अलग है यह यात्रा
विजय इससे पहले 12 जनवरी और 19 जनवरी को करूर भगदड़ मामले में केंद्रीय जाँच ब्यूरो (CBI) के समक्ष पेश होने के लिए दिल्ली आए थे। 27 सितंबर को करूर में आयोजित एक सार्वजनिक सभा के दौरान हुई उस भगदड़ में 41 लोगों की मौत हो गई थी और विजय उस समय पार्टी नेता के रूप में पेश हुए थे। इस बार वे मुख्यमंत्री की हैसियत से राष्ट्रीय राजधानी पहुँचेंगे — और एजेंडा पूरी तरह भिन्न होगा।
किन नेताओं से होगी मुलाकात
सूत्रों के मुताबिक, मुख्यमंत्री विजय की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं — सोनिया गांधी, राहुल गांधी तथा मल्लिकार्जुन खड़गे — से मुलाकात की योजना है। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) के माध्यम से समय माँगा जा चुका है, हालाँकि प्रधानमंत्री के व्यस्त कार्यक्रम के कारण अभी तक मुलाकात की औपचारिक पुष्टि नहीं हुई है। राजनीतिक सूत्रों के अनुसार, विजय ने इस दौरे को लेकर राहुल गांधी से फोन पर बातचीत भी कर ली है।
आर्थिक एजेंडा: वित्तीय सहायता की दरकार
अधिकारियों के अनुसार, मुख्यमंत्री ने हाल ही में वरिष्ठ वित्त अधिकारियों के साथ बैठक कर राज्य की वित्तीय स्थिति की समीक्षा की। बैठक में कथित तौर पर यह निष्कर्ष निकला कि केंद्र सरकार के साथ संवाद बढ़ाना और अधिक वित्तीय सहायता हासिल करना फिलहाल सबसे व्यावहारिक समाधान है।
स्वतंत्र रूप से संसाधन जुटाने के विकल्पों पर भी चर्चा हुई, लेकिन अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि 2026-27 के राज्य बजट की तैयारियाँ शुरू होने के कारण तत्काल वैकल्पिक उपाय व्यावहारिक नहीं होंगे। अब अधिकारी माँगों और वित्तीय प्रस्तावों की एक विस्तृत सूची तैयार कर रहे हैं, जिसे प्रधानमंत्री के साथ बैठक में प्रस्तुत किया जाएगा।
यात्रा का समय अभी तय नहीं
अधिकारियों के अनुसार, जैसे ही प्रधानमंत्री की ओर से समय की पुष्टि होगी, मुख्यमंत्री विजय तुरंत दिल्ली रवाना हो सकते हैं। यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब तमिलनाडु और केंद्र सरकार के बीच कई वित्तीय मुद्दों पर सहमति बनाने की ज़रूरत महसूस की जा रही है।
राजनीतिक महत्व
गौरतलब है कि विजय का यह दिल्ली दौरा उनके मुख्यमंत्री कार्यकाल की दृष्टि से एक महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है। केंद्र में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (BJP) और विपक्षी कांग्रेस — दोनों से एक साथ संपर्क साधने की यह रणनीति तमिलनाडु की राजनीतिक स्वायत्तता और व्यावहारिक कूटनीति का मिश्रण दर्शाती है। आने वाले हफ्तों में इस यात्रा का स्वरूप और परिणाम स्पष्ट होगा।