क्या विश्वभर में भारतीय राजनयिक मिशनों ने धूमधाम से 77वां गणतंत्र दिवस मनाया?

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क्या विश्वभर में भारतीय राजनयिक मिशनों ने धूमधाम से 77वां गणतंत्र दिवस मनाया?

सारांश

भारत का 77वां गणतंत्र दिवस विश्वभर के भारतीय राजनयिक मिशनों द्वारा धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन हुआ। राष्ट्रपति का संदेश भी पढ़ा गया। जानिए इस खास दिन के बारे में और क्या कुछ खास हुआ।

Key Takeaways

  • गणतंत्र दिवस का महत्व
  • राष्ट्रीय ध्वज का फहराना
  • सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन
  • राष्ट्रपति का संदेश
  • प्रवासी भारतीयों की भागीदारी

वेलिंगटन, 26 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। विश्वभर में अनेक भारतीय राजनयिक मिशनों ने सोमवार को भारत का 77वां गणतंत्र दिवस धूमधाम से मनाया। इस खास अवसर पर राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया, सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु का राष्ट्र के नाम संदेश पढ़ा गया।

गणतंत्र दिवस के इस अवसर पर, न्यूजीलैंड की भारतीय उच्चायुक्त नीता भूषण ने वेलिंगटन में तिरंगा फहराया, जिसके बाद राष्ट्रगान गाया गया। उन्होंने गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु का राष्ट्र के नाम संदेश भी पढ़ा।

इस अवसर पर रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का आयोजन हुआ और ऑपरेशन सिंदूर पर एक नृत्य नाटक भी प्रस्तुत किया गया, जिसने प्रवासी भारतीयों और स्थानीय व्यक्तियों की उपस्थिति में देशभक्ति की भावना को और बढ़ाया।

न्यूजीलैंड में भारतीय उच्चायुक्त ने राष्ट्रीय गान “वंदे मातरम्” के 150 वर्षों की स्मृति भी मनाई। छात्रों, प्रवासी भारतीयों और उच्चायुक्त कार्यालय के अधिकारियों ने “वंदे मातरम्” का सामूहिक गायन किया।

सिंगापुर में भारतीय उच्चायुक्त शिल्पक अंबुले ने उच्चायुक्त कार्यालय में तिरंगा फहराकर गणतंत्र दिवस मनाया।

जापान में भारतीय दूतावास, टोक्यो ने भारत के जापान राजदूत नग्मा मलिक द्वारा तिरंगा फहराने के साथ कार्यक्रम मनाया। इसके बाद राष्ट्रगान गाया गया और राष्ट्रपति का संदेश पढ़ा गया।

तिमोर लेस्ते में, भारतीय दूतावास ने 77वें गणतंत्र दिवस को गर्व और देशभक्ति के साथ मनाया। भारतीय राजदूत मदन कुमार घिल्डियाल ने तिरंगा फहराया और राष्ट्रपति का संदेश पढ़ा। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में भारतीय नागरिकों ने भाग लिया और अंत में “वंदे मातरम्” गाया गया।

पापुआ न्यू गिनी में, भारतीय उच्चायुक्त राजीव कुमार ने पोर्ट मोरेस्बी स्थित उच्चायुक्त कार्यालय में तिरंगा फहराया और राष्ट्रपति का संदेश पढ़ा। इस अवसर पर भारतीय समुदाय भी उपस्थित था।

कतर में, 77वें गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर, दुबई स्थित भारतीय दूतावास और दूतावास निवास को तिरंगे के रंगों से सजाया गया, जो देश की भावना को दर्शाता है।

Point of View

यह स्पष्ट है कि विश्वभर में भारतीय राजनयिक मिशनों द्वारा गणतंत्र दिवस का उत्सव हमारे देश की एकता और विविधता को दर्शाता है। यह एक अवसर है जब हम अपने राष्ट्रीय ध्वज और सांस्कृतिक धरोहर को गर्व के साथ मनाते हैं। यह समारोह हमारे प्रवासी समुदाय को भी जोड़ता है और उन्हें अपने देश की जड़ों से जोड़ता है।
NationPress
04/02/2026

Frequently Asked Questions

गणतंत्र दिवस क्यों मनाया जाता है?
गणतंत्र दिवस भारत के संविधान के लागू होने की वर्षगांठ है, जो 26 जनवरी 1950 को हुआ।
इस वर्ष गणतंत्र दिवस पर क्या विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए?
इस वर्ष, कई देशों में भारतीय राजनयिक मिशनों ने तिरंगा फहराया और सांस्कृतिक कार्यक्रम किए।
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