क्या इंडिगो के शेयरों में गिरावट का कारण प्रमोटर का शेयर बेचना है?

सारांश
Key Takeaways
- इंडिगो के प्रमोटर ने बड़ी मात्रा में शेयर बेचे हैं।
- गिरावट का मुख्य कारण प्रमोटर की शेयर बिक्री है।
- कंपनी का मुनाफा 20 प्रतिशत कम हुआ है।
- फ्लोर प्राइस पिछले सत्र की तुलना में 4 प्रतिशत कम है।
- एयरलाइन का यात्री लोड फैक्टर 84.2 प्रतिशत है।
मुंबई, 28 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। इंडिगो की पेरेंट कंपनी इंटरग्लोब एविएशन के शेयरों में गुरुवार को 4 प्रतिशत से अधिक की गिरावट आई। इसका मुख्य कारण प्रमोटर राकेश गंगवाल द्वारा ब्लॉक डील के माध्यम से 7,000 करोड़ रुपए से अधिक के शेयरों का बेचना है।
दोपहर 12:42 बजे इंटरग्लोब एविएशन का शेयर 4.84 प्रतिशत की कमी के साथ 5,757.50 रुपए पर कारोबार कर रहा था।
रिपोर्टों के अनुसार, प्रमोटर ने 7,085 करोड़ रुपए मूल्य के 1.2 लाख शेयर 5,830 रुपए प्रति शेयर की औसत कीमत पर बेचे हैं।
इससे पहले मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया था कि गंगवाल परिवार ब्लॉक डील के माध्यम से इंटरग्लोब एविएशन में 3.1 प्रतिशत तक हिस्सेदारी बेचने का इरादा रखते हैं, जिसकी वैल्यू लगभग 7,020 करोड़ रुपए है।
इस ब्लॉक डील के लिए फ्लोर प्राइस 5,808 रुपए प्रति शेयर निर्धारित किया गया, जो पिछले सत्र के बंद भाव से लगभग 4 प्रतिशत कम है।
फरवरी 2022 में राकेश गंगवाल के बोर्ड से हटने के बाद से उन्होंने एयरलाइन में अपनी हिस्सेदारी में कमी की है। उन्होंने अब तक कंपनी में लगभग 9 प्रतिशत की हिस्सेदारी बेच दी है।
इंटरग्लोब एविएशन में अपनी हिस्सेदारी कम करके, राकेश गंगवाल और उनके परिवार ने 2022 से अब तक 45,300 करोड़ रुपए से अधिक जुटाए हैं।
इससे पहले, गंगवाल परिवार ने सितंबर 2022 में 2,005 करोड़ रुपए में 2.74 प्रतिशत हिस्सेदारी, फरवरी 2023 में उनकी पत्नी शोभा गंगवाल ने 2,944 करोड़ रुपए में 4 प्रतिशत और अगस्त 2023 में 2,800 करोड़ रुपए में 2.9 प्रतिशत हिस्सेदारी बेची थी।
इंडिगो ने हाल ही में वित्त वर्ष 26 की पहली तिमाही में आय में 4.7 प्रतिशत की वृद्धि के बावजूद मुनाफे में सालाना आधार पर 20 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की थी।
ईंधन की ऊंची कीमतें, विनिमय दर में उतार-चढ़ाव और अन्य बाहरी कारक मुनाफे में गिरावट के प्रमुख कारण रहे हैं।
हालांकि, एयरलाइन ने मजबूत परिचालन प्रदर्शन बनाए रखा, जैसा कि इसके 84.2 प्रतिशत यात्री लोड फैक्टर से स्पष्ट होता है।