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जम्मू-कश्मीर में बैंक फ्रॉड: 2025-26 में ₹193.49 करोड़ के 103 मामले, रिकवरी मात्र ₹6.92 करोड़

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जम्मू-कश्मीर में बैंक फ्रॉड: 2025-26 में ₹193.49 करोड़ के 103 मामले, रिकवरी मात्र ₹6.92 करोड़

सारांश

जम्मू-कश्मीर में बैंक धोखाधड़ी के मामले घट रहे हैं, पर रकम बढ़ती जा रही है — 2025-26 में मात्र 103 मामलों में ₹193.49 करोड़ की चपत, जो तीन साल में चार गुना से ज़्यादा। यह प्रवृत्ति बड़े और संगठित वित्तीय अपराधों की ओर इशारा करती है।

मुख्य बातें

वित्त वर्ष 2025-26 में जम्मू-कश्मीर में 103 बैंक धोखाधड़ी के मामले दर्ज, कुल राशि ₹193.49 करोड़ ।
तीन वर्षों में मामले 467 से घटकर 103 हुए, लेकिन राशि ₹47.55 करोड़ से बढ़कर ₹193.49 करोड़ हो गई।
बैंकों ने 2025-26 में केवल ₹6.92 करोड़ की वसूली की — धोखाधड़ी की राशि का मात्र 3.6% ।
लद्दाख में 2025-26 में 8 मामले दर्ज, कोई वित्तीय राशि या रिकवरी नहीं।
आँकड़े केवल अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों के हैं; क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक और वित्तीय संस्थाएँ इसमें शामिल नहीं।
RBI पीड़ितों को वापस किए गए या फ्रीज़ किए गए धन का अलग रिकॉर्ड नहीं रखता।

जम्मू-कश्मीर में वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों में ₹193.49 करोड़ के 103 वित्तीय धोखाधड़ी के मामले दर्ज किए गए, जबकि बैंक केवल ₹6.92 करोड़ ही वसूल कर सके। यह जानकारी केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने लोकसभा में एक गैर-तारांकित प्रश्न के उत्तर में दी, जो भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) द्वारा संकलित आँकड़ों पर आधारित है।

तीन वर्षों का रुझान: मामले घटे, रकम बढ़ी

आँकड़ों के अनुसार, पिछले तीन वित्त वर्षों में जम्मू-कश्मीर में एक विरोधाभासी प्रवृत्ति सामने आई है — धोखाधड़ी के मामलों की संख्या लगातार घटती रही, लेकिन इनमें शामिल राशि तेज़ी से बढ़ती रही।

वित्त वर्ष 2023-24 में 467 मामले दर्ज हुए और कुल राशि ₹47.55 करोड़ रही। 2024-25 में मामले घटकर 298 हो गए, किंतु धोखाधड़ी की रकम बढ़कर ₹81.27 करोड़ पहुँच गई। 2025-26 में मामले और सिकुड़कर 103 रह गए, मगर कुल राशि पिछले वर्ष की तुलना में दोगुनी से भी अधिक — ₹193.49 करोड़ — हो गई।

रिकवरी की स्थिति

बैंकों द्वारा की गई वसूली भी चिंताजनक रूप से कम रही। 2023-24 में ₹3.23 करोड़, 2024-25 में ₹2.65 करोड़ और 2025-26 में ₹6.92 करोड़ की रिकवरी हुई। इस प्रकार तीनों वर्षों में धोखाधड़ी की कुल राशि का एक छोटा-सा हिस्सा ही वापस मिल सका। वित्त मंत्रालय ने यह भी स्पष्ट किया कि RBI पीड़ितों को वापस किए गए या फ्रीज़ किए गए धन का अलग से रिकॉर्ड नहीं रखता।

लद्दाख की स्थिति

RBI के आँकड़ों में लद्दाख के आँकड़े भी शामिल थे। 2023-24 में लद्दाख में ₹0.07 करोड़ के 18 मामले और 2024-25 में ₹0.03 करोड़ के 13 मामले दर्ज हुए। 2025-26 में लद्दाख से 8 मामले रिपोर्ट किए गए, जिनमें कोई वित्तीय राशि और कोई रिकवरी दर्ज नहीं की गई।

आँकड़ों की सीमाएँ

सरकार ने स्पष्ट किया कि ये आँकड़े केवल अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों द्वारा रिपोर्ट की गई धोखाधड़ी से संबंधित हैं। क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों और अखिल भारतीय वित्तीय संस्थाओं के आँकड़े इसमें शामिल नहीं हैं। यह सीमा वास्तविक धोखाधड़ी के आँकड़ों को और अधिक होने की संभावना दर्शाती है।

आगे की राह

गौरतलब है कि मामलों की संख्या में गिरावट के बावजूद प्रति मामले औसत राशि में भारी उछाल यह संकेत देता है कि धोखाधड़ी अब बड़े पैमाने पर और अधिक संगठित तरीके से हो रही है। बैंकिंग नियामक और केंद्र शासित प्रशासन के लिए यह प्रवृत्ति निगरानी तंत्र को और मज़बूत करने की ज़रूरत रेखांकित करती है।

संपादकीय दृष्टिकोण

यानी लगभग 19 गुना उछाल। यह स्पष्ट संकेत है कि छोटे, बिखरे मामलों की जगह बड़े और संगठित वित्तीय अपराध ले रहे हैं। तीन वर्षों में कुल ₹322 करोड़ से अधिक की धोखाधड़ी के मुकाबले कुल वसूली मात्र ₹12.80 करोड़ — यानी 4% से भी कम — यह बताता है कि पीड़ित व्यावहारिक रूप से न्याय से वंचित हैं। RBI का पीड़ित-स्तरीय रिफंड डेटा न रखना इस जवाबदेही के अंतर को और गहरा करता है।
RashtraPress
4 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जम्मू-कश्मीर में 2025-26 में कितने बैंक फ्रॉड दर्ज हुए?
वित्त वर्ष 2025-26 में जम्मू-कश्मीर में अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों में ₹193.49 करोड़ के 103 धोखाधड़ी के मामले दर्ज किए गए। यह जानकारी केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने लोकसभा में RBI के आँकड़ों के आधार पर दी।
पिछले तीन वर्षों में जम्मू-कश्मीर में बैंक फ्रॉड का रुझान कैसा रहा?
2023-24 में 467 मामले (₹47.55 करोड़), 2024-25 में 298 मामले (₹81.27 करोड़) और 2025-26 में 103 मामले (₹193.49 करोड़) दर्ज हुए। मामलों की संख्या घटी, लेकिन धोखाधड़ी की राशि तीन वर्षों में चार गुना से अधिक बढ़ गई।
बैंकों ने धोखाधड़ी की कितनी राशि वसूल की?
2025-26 में बैंकों ने ₹6.92 करोड़ की वसूली की, जो उस वर्ष की कुल धोखाधड़ी राशि का लगभग 3.6% है। तीनों वर्षों में कुल वसूली ₹12.80 करोड़ रही, जबकि धोखाधड़ी की कुल राशि ₹322 करोड़ से अधिक थी।
लद्दाख में बैंक धोखाधड़ी की क्या स्थिति है?
2025-26 में लद्दाख से 8 धोखाधड़ी के मामले रिपोर्ट किए गए, जिनमें कोई वित्तीय राशि और कोई रिकवरी दर्ज नहीं हुई। पिछले वर्षों में 2023-24 में ₹0.07 करोड़ के 18 मामले और 2024-25 में ₹0.03 करोड़ के 13 मामले थे।
इन आँकड़ों में किन बैंकों को शामिल किया गया है?
ये आँकड़े केवल अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों द्वारा रिपोर्ट की गई धोखाधड़ी से संबंधित हैं। क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक और अखिल भारतीय वित्तीय संस्थाएँ इसमें शामिल नहीं हैं, इसलिए वास्तविक आँकड़े इससे अधिक हो सकते हैं।
राष्ट्र प्रेस
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