जोधपुर-दिल्ली वंदे भारत अब 20 कोच के साथ, राजस्थान को रेलवे की तीन बड़ी सौगातें; जोधपुर, जैसलमेर, जालोर की कनेक्टिविटी मजबूत
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने 22 मई 2026 को जोधपुर दौरे के दौरान पश्चिमी राजस्थान के लिए रेलवे विकास की कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं का उद्घाटन और शुभारंभ किया। इन परियोजनाओं से जोधपुर, जैसलमेर और जालोर जिलों की रेल कनेक्टिविटी, यात्री सुविधाओं और पर्यटन को सीधा लाभ मिलेगा।
वंदे भारत का बड़ा विस्तार: 8 से 20 कोच
इस आयोजन का सबसे प्रमुख आकर्षण जोधपुर-दिल्ली कैंट वंदे भारत एक्सप्रेस का 8 कोचों से बढ़ाकर 20 कोचों तक विस्तार रहा। इस अपग्रेड के बाद ट्रेन की यात्री क्षमता 530 सीटों से बढ़कर 1,440 सीटें हो गई है। मंत्री वैष्णव ने बताया कि यात्रियों की बढ़ती माँग को देखते हुए यह कदम उठाया गया है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस ट्रेन का उद्घाटन 8 डिब्बों के साथ किया था, लेकिन भारी यात्री दबाव के मद्देनज़र इसे अब 20 कोचों तक अपग्रेड किया गया है। इससे यात्रियों को बेहतर सुविधा और अधिक आरामदायक यात्रा का अनुभव मिलेगा।
नई ट्रेन सेवाओं का शुभारंभ
रेल मंत्री ने जैसलमेर-अहमदाबाद वंदे भारत एक्सप्रेस सेवा का भी शुभारंभ किया, जिससे पश्चिमी राजस्थान और गुजरात के बीच सीधी उच्च-गति कनेक्टिविटी स्थापित हुई है। इसके अलावा, साबरमती-जोधपुर सुपरफास्ट एक्सप्रेस का जैसलमेर तक विस्तार किया गया और जालोर से भुज-दिल्ली एक्सप्रेस की नई सेवा भी शुरू की गई।
गौरतलब है कि पिछले कुछ वर्षों में जोधपुर से चेन्नई, पुणे और हैदराबाद के लिए नई ट्रेन सेवाएँ पहले ही शुरू की जा चुकी हैं। अब हरिद्वार के लिए भी नई ट्रेन सेवा शुरू करने पर काम चल रहा है, जिसकी लंबे समय से माँग की जा रही थी।
बुनियादी ढाँचे में बड़ा निवेश
रेल मंत्री ने बताया कि जोधपुर के भगत की कोठी स्टेशन पर लगभग ₹400 करोड़ की अनुमानित लागत से एक विशाल कोचिंग टर्मिनल विकसित किया जाएगा। इससे भविष्य में यहाँ से कई नई ट्रेनों का संचालन संभव हो सकेगा। इसके साथ ही जैसलमेर में भी नया कोचिंग केयर सेंटर शुरू किया जा रहा है।
वैष्णव ने यह भी बताया कि जोधपुर में वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के टर्मिनल पर भी काम किया जा रहा है। आने वाले समय में राजस्थान से 200 से अधिक नई ट्रेन सेवाएँ शुरू होने की संभावना जताई गई है।
स्टेशनों का आधुनिकीकरण
रेल मंत्री ने बताया कि जोधपुर रेलवे स्टेशन का पुनर्विकास यहाँ की ऐतिहासिक स्थापत्य कला, संस्कृति और विरासत को ध्यान में रखकर किया जा रहा है। जैसलमेर स्टेशन का आधुनिकीकरण कार्य लगभग पूरा हो चुका है, जबकि जयपुर रेलवे स्टेशन, पाली और गंगानगर सहित कई अन्य स्टेशनों पर भी निर्माण कार्य तेज़ी से चल रहा है।
राजस्थान के लिए ₹10,000 करोड़ का रेलवे बजट
वैष्णव ने बताया कि राजस्थान में रेलवे विकास के लिए लगभग ₹10,000 करोड़ का बजट आवंटित किया गया है, जिसके तहत राज्यभर में कई बड़े प्रोजेक्ट्स पर काम जारी है। यह ऐसे समय में आया है जब पश्चिमी राजस्थान के जिले लंबे समय से बेहतर रेल कनेक्टिविटी की माँग कर रहे थे। जैसे-जैसे ये परियोजनाएँ पूरी होंगी, राज्य की कनेक्टिविटी पहले से कहीं अधिक मज़बूत होगी।