विनय पाठक के 'किंग लियर' ने मोहा गजराज राव का मन, बोले — 'तेंदुलकर की सेंचुरी जैसा अभिनय'
सारांश
मुख्य बातें
बॉलीवुड अभिनेता गजराज राव ने सोमवार, 17 अगस्त 2026 को इंस्टाग्राम पर रंगमंच कलाकार विनय पाठक के मंच अभिनय की मुक्त कंठ से प्रशंसा की और बताया कि वे लगातार तीन दिनों तक थिएटर शो देखने गए। पृथ्वी थिएटर, मुंबई में रजत कपूर निर्देशित वन-मैन शो 'किंग लियर' में विनय पाठक ने जोकर का किरदार निभाया, जिसे देखकर गजराज राव इतने प्रभावित हुए कि उन्होंने दर्शकों से शो ज़रूर देखने की अपील की।
तीन दिन, तीन शो — गजराज का थिएटर प्रेम
गजराज राव ने अपनी इंस्टाग्राम पोस्ट में बताया कि उन्होंने तीन दिनों में तीन अलग-अलग नाटक देखे। पहले दिन उन्होंने अमितोष नागपाल का हिंदी म्यूजिकल शो 'आर एंड जे' देखा, जो शेक्सपियर की रचना का एक रोचक भारतीय रूपांतरण था। दूसरे दिन उन्होंने रजत कपूर का 'किंग लियर' देखा — अंग्रेजी और बेतुकी भाषा में प्रस्तुत यह नाटक एक बुज़ुर्ग जोकर की कहानी है जो अपनी बिछड़ी बेटी को याद करता है और दुनिया में अपनी जगह बनाए रखने की तड़प रखता है।
गजराज ने लिखा, 'कल लगातार दूसरी रात थी, जब मैंने शेक्सपियर का नाटक स्टेज पर देखा था। सच कहूं, तो मैं 'विलियम भाई' के असली रूप को समझने लायक नहीं हूं, इसलिए मुझे खुशी है कि मैं उनके शानदार इंडियन वर्जन को देख पाया हूं।'
विनय पाठक के अभिनय ने किया हैरान
'किंग लियर' में विनय पाठक के जोकर किरदार ने गजराज राव को गहरे प्रभावित किया। उन्होंने लिखा, 'जैसे ही उन्होंने स्टेज पर कदम रखा, पूरा स्टेज उनका हो गया। उनके काम में इतना कंट्रोल, सफाई और महारत थी कि देखकर हैरानी हुई।'
गजराज ने विनय पाठक की तुलना क्रिकेट के महानायक से करते हुए कहा, 'उन्हें देखना ऐसा था जैसे तेंदुलकर टेस्ट मैच में सेंचुरी बना रहे हों — बिल्कुल सहज, पूरे भरोसे के साथ, सब कुछ कंट्रोल में।' उन्होंने यह भी बताया कि पृथ्वी थिएटर का पूरा हॉल भरा था और दर्शक विनय पाठक के अभिनय में पूरी तरह खो गए थे।
निर्देशक और टीम को सलाम
गजराज राव ने रजत कपूर और उनकी पूरी टीम की सराहना की। उन्होंने विशेष रूप से लाइट डिज़ाइनर का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि 'लाइटिंग खुद एक किरदार बन गई थी।' यह टिप्पणी शो की तकनीकी परिपक्वता को रेखांकित करती है।
गौरतलब है कि विनय पाठक मुख्यतः बॉलीवुड फिल्मों के लिए जाने जाते हैं, लेकिन रंगमंच उनकी जड़ रही है। यह वन-मैन शो उनकी उस बहुमुखी प्रतिभा का प्रमाण है जिसे बड़े पर्दे पर अक्सर पूरा अवसर नहीं मिल पाता।
दर्शकों से अपील
गजराज राव ने अपनी पोस्ट के अंत में अपने फॉलोअर्स और आम दर्शकों से सीधी अपील की — 'अगर कभी ये वन-मैन शो आपके शहर में आए तो प्लीज, प्लीज देखने ज़रूर जाना। बाद में मुझे धन्यवाद बोलोगे।' यह अनुशंसा भारतीय थिएटर के प्रति बॉलीवुड के एक वरिष्ठ कलाकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
यह ऐसे समय में आया है जब हिंदी रंगमंच को दर्शकों की कमी की चुनौती का सामना करना पड़ रहा है। किसी स्थापित फिल्मी चेहरे द्वारा इस तरह की सार्वजनिक प्रशंसा थिएटर के प्रति युवा दर्शकों की रुचि जगाने में सहायक हो सकती है।