'चरस' के गाने में धर्मेंद्र के अपने अंदाज़ के रंग, हेमा मालिनी ने सुनाया शूटिंग का दिलचस्प किस्सा
सारांश
मुख्य बातें
बॉलीवुड की 'ड्रीम गर्ल' हेमा मालिनी ने हाल ही में एक इंटरव्यू में फिल्म 'चरस' के मशहूर गाने 'कल की हसीन मुलाकात के लिए' की शूटिंग से जुड़ा एक यादगार किस्सा साझा किया। उन्होंने बताया कि किस तरह धर्मेंद्र की सहज इम्प्रोवाइज़ेशन की आदत ने इस गाने को दर्शकों के दिलों में अमर बना दिया। यह गाना आज भी हिंदी सिनेमा के सुनहरे दौर की पहचान माना जाता है।
कोरियोग्राफी में धर्मेंद्र का अनूठा अंदाज़
हेमा मालिनी ने बताया कि गाने की कोरियोग्राफी पहले से तय थी, लेकिन धर्मेंद्र उसमें अपनी ओर से नए एक्सप्रेशन और छोटे-छोटे बदलाव जोड़ते रहते थे। उन्होंने कहा, 'धरमजी का काम करने का तरीका काफी अलग था। डांस कोरियोग्राफर जो सिखाते थे, उसमें वह अपने आइडिया और एक्सप्रेशन शामिल कर देते थे। फिर मैं भी उसी हिसाब से अपनी परफॉर्मेंस बदल लेती थी।' यह लचीलापन ही उनकी जोड़ी की ऑन-स्क्रीन केमिस्ट्री का राज़ था।
गाने का वह खास शुरुआती सीन
हेमा मालिनी ने गाने के शुरुआती हिस्से को याद करते हुए बताया कि यह उनका पसंदीदा पल था। उन्होंने कहा, 'गाने की शुरुआत में मैं धरमजी को पीछे धकेलती हूं और फिर वह उसी अंदाज़ में वापस मेरे पास आते हैं। ऐसे छोटे-छोटे बदलाव ही किसी भी परफॉर्मेंस को खास बना देते हैं और दर्शकों को लंबे समय तक याद रहते हैं।' यह सहजता स्क्रिप्टेड नहीं, बल्कि उस वक्त की रचनात्मकता का नतीजा थी।
भारत में तैयारी, विदेश में शूटिंग
हेमा मालिनी ने यह भी खुलासा किया कि इस गाने की तैयारी भारत में हुई थी, जबकि इसकी शूटिंग विदेश में की गई थी। उस दौरान फिल्म के कई अन्य गानों की शूटिंग भी एक साथ चल रही थी। गौरतलब है कि उस दौर में विदेश में शूटिंग करना बॉलीवुड में एक विशेष बात मानी जाती थी, और 'चरस' जैसी फिल्मों ने इस चलन को नई ऊँचाई दी।
फिल्म 'चरस' और उसका स्टार-स्टडेड कास्ट
फिल्म 'चरस' का निर्देशन दिग्गज फिल्मकार रामानंद सागर ने किया था। इस फिल्म में धर्मेंद्र और हेमा मालिनी के अलावा अजीत, अमजद खान, सुजीत कुमार, अरुणा ईरानी, असरानी, केष्टो मुखर्जी और टॉम ऑल्टर जैसे दिग्गज कलाकारों ने भी अहम भूमिकाएँ निभाई थीं। यह फिल्म अपने दौर की एक्शन और रोमांस के मेल की मिसाल बनी।
धर्मेंद्र-हेमा की जोड़ी: पर्दे से परे भी अटूट
पर्दे पर धर्मेंद्र और हेमा मालिनी की केमिस्ट्री दर्शकों को इतनी भाई कि दोनों बाद में जीवनसाथी भी बने। उनकी फिल्मी जोड़ी के गाने और दृश्य आज भी नॉस्टैल्जिया के प्रतीक हैं। 'कल की हसीन मुलाकात के लिए' उन्हीं अनमोल यादों में से एक है, जो हर पीढ़ी के दर्शकों को अपनी ओर खींचती है।