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क्या नींबू एसिडिटी का दुश्मन है, जानें सेवन के तरीके?

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क्या नींबू एसिडिटी का दुश्मन है, जानें सेवन के तरीके?

सारांश

नींबू का खट्टा स्वाद कई व्यंजनों को विशेष बनाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि यह पेट की एसिडिटी को कम करने में भी मददगार है? जानिए नींबू के सेवन के सही तरीके और इसके फायदों के बारे में।

मुख्य बातें

नींबू विटामिन सी का अच्छा स्रोत है।
यह एसिडिटी को कम करता है।
नींबू का सेवन पेट की समस्याओं में राहत देता है।
इसका लिवर पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ता है।
सीमित मात्रा में सेवन करना महत्वपूर्ण है।

नई दिल्ली, 30 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। नींबू के बिना कई व्यंजनों का स्वाद अधूरा रहता है। नींबू का सेवन शरीर में विटामिन सी की कमी को पूरा करता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि खट्टा यानी अम्लीय होने के बावजूद नींबू पेट की एसिडिटी को कम करने में सहायक है।

नींबू केवल एसिडिटी नहीं बल्कि कब्ज, जलन और अपच जैसी समस्याओं से भी राहत दिलाने में मदद करता है।

नींबू का स्वभाव अम्लीय होता है, लेकिन जब इसे पानी में मिलाया जाता है, तो इसके स्वाद में बदलाव आ जाता है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि शरीर में जाने के बाद नींबू अपने गुण परिवर्तित कर देता है और मधुर तथा क्षारीय बन जाता है। इसके इन्हीं गुणों के कारण नींबू एसिडिटी और पेट की समस्याओं में राहत प्रदान करता है।

आयुर्वेद में नींबू को पित्त दोष हारक माना गया है। यदि शरीर में पित्त संतुलित रहेगा, तो पेट से संबंधित समस्याएँ कम होंगी। गैस का निर्माण कम होगा, खाना अच्छी तरह पचेगा और खट्टी डकार तथा अम्ल की मात्रा भी घटेगी। हालांकि, नींबू का सेवन कब और कैसे करना है, यह भी महत्वपूर्ण है। यदि खाने के बाद भारीपन या गैस की समस्या होती है, तो खाने से पहले नींबू का सेवन किया जा सकता है। यह भोजन पचाने में सहायता करेगा और पेट में बन रहे अतिरिक्त अम्ल को शांत करेगा।

लिवर की सफाई में भी नींबू मदद करता है। यह लिवर में पित्त को संतुलित करता है और डिटॉक्स में सहायक होता है। इसके लिए किसी भी समय नींबू और पानी का सेवन किया जा सकता है। इसके अतिरिक्त, मौसम में बदलाव के साथ प्यास और मुंह की सूखापन की समस्या बढ़ जाती है। इस स्थिति में नींबू पानी में शहद मिलाकर पीने से गले में राहत मिलेगी।

यदि रात के खाने के बाद भारीपन या जलन महसूस होती है, तो रातभर सौंफ भिगोकर सुबह उसके पानी में नींबू मिलाकर पीने से आराम मिलेगा। इससे मेटाबॉलिज्म मजबूत होगा और पाचन भी तेज होगा।

याद रखने वाली बात यह है कि यदि किसी को अल्सर की समस्या है या शरीर में किसी प्रकार की सूजन या जोड़ों का दर्द रहता है, तो नींबू का सेवन सीमित मात्रा में करें।

संपादकीय दृष्टिकोण

यह कहना उचित होगा कि नींबू का सेवन स्वास्थ्य के लिए लाभकारी है। इसके गुण न केवल पेट के लिए फायदेमंद हैं, बल्कि यह शरीर के अन्य अंगों के लिए भी लाभकारी सिद्ध होता है।
RashtraPress
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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या नींबू एसिडिटी में फायदेमंद है?
जी हां, नींबू पेट की एसिडिटी को कम करने में मदद करता है।
नींबू का सेवन किस प्रकार करना चाहिए?
खाने से पहले और बाद में नींबू का सेवन किया जा सकता है।
क्या नींबू का सेवन सभी के लिए सुरक्षित है?
नहीं, यदि किसी को अल्सर या सूजन की समस्या है तो नींबू का सेवन सीमित करना चाहिए।
राष्ट्र प्रेस
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