बीएलए का दावा: बलूचिस्तान में पाकिस्तानी सेना पर 30 से अधिक हमले, कई सैनिक हताहत

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बीएलए का दावा: बलूचिस्तान में पाकिस्तानी सेना पर 30 से अधिक हमले, कई सैनिक हताहत

सारांश

बलूच लिबरेशन आर्मी (बीएलए) ने बलूचिस्तान में पाकिस्तानी सेना के खिलाफ 30 से अधिक हमलों का दावा किया है, जिसमें कई सैनिक मारे गए हैं। यह घटनाएँ क्षेत्र में बढ़ते संघर्ष को दर्शाती हैं।

Key Takeaways

  • बीएलए ने बलूचिस्तान में 30 से अधिक हमले किए हैं।
  • हमलों में कई पाकिस्तानी सैनिक मारे गए हैं।
  • इन हमलों से क्षेत्र में सुरक्षा स्थिति बिगड़ रही है।
  • बीएलए का उद्देश्य स्वतंत्रता की मांग करना है।
  • स्थानीय नागरिकों में डर और चिंता का माहौल है।

क्वेटा, 31 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। बलूच लिबरेशन आर्मी (बीएलए) ने मंगलवार को यह जानकारी दी कि उसने बलूचिस्तान के विभिन्न क्षेत्रों में पाकिस्तानी सेना के खिलाफ 30 से अधिक समन्वित हमले किए, जिसमें कई सैनिकों की मृत्यु और कई अन्य घायल हुए हैं।

बीएलए के प्रवक्ता जीयांद बलूच ने एक बयान में कहा, "कब्जा करने वाली पाकिस्तानी सेना के खिलाफ पूरे बलूचिस्तान में हमारे सुनियोजित हमलों का क्रम निरंतर जारी है। अब तक झाल मगसी, क्वेटा, मस्तुंग, नुश्की, वाशुक, दलबांदिन, खारान, पंजगुर और केच समेत कई क्षेत्रों में 30 से अधिक हमले किए जा चुके हैं। इन ऑपरेशनों में कब्जा करने वाली पाकिस्तानी सेना के कैंपों और सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया गया है, साथ ही राज्य-प्रायोजित 'डेथ स्क्वॉड' के ठिकानों पर भी हमले किए गए।"

उन्होंने आगे कहा, "इन ऑपरेशनों में आधुनिक हथियारों का इस्तेमाल किया गया, जिससे कब्जा करने वाली सेना के कई सैनिक मारे गए और कई अन्य घायल हुए हैं। दुश्मन को जान-माल का गंभीर नुकसान हुआ है। इन सभी हमलों और दुश्मन को हुए विशेष नुकसान की जानकारी जल्द ही मीडिया को दी जाएगी।"

इससे पहले, रविवार को बीएलए ने दावा किया था कि उसने 19 मार्च से 28 मार्च के बीच बलूचिस्तान के विभिन्न जिलों में 14 हमले किए। संगठन ने कहा कि इन ऑपरेशनों के परिणामस्वरूप कब्जा करने वाली पाकिस्तानी सेना के 18 सैनिक मारे गए और कई अन्य घायल हुए।

'द बलूचिस्तान पोस्ट' के अनुसार, बीएलए के प्रवक्ता जीयांद बलूच ने बताया कि संगठन के लड़ाकों ने प्रांत के वाशुक, खारान, कलात, मस्तुंग, सुराब, खुजदार, क्वेटा, तुरबत और बरखान में 14 अलग-अलग ऑपरेशनों को अंजाम दिया।

उन्होंने यह भी बताया कि बीएलए के लड़ाकों ने सैन्य कैंपों, काफिलों और चौकियों पर हमले किए। लड़ाकों ने सफलतापूर्वक कई चौकियों पर कब्जा कर लिया, सैनिकों को हिरासत में लिया और हथियार तथा सैन्य उपकरण जब्त कर लिए।

प्रवक्ता ने यह भी बताया कि इन ऑपरेशनों के दौरान बीएलए के दो लड़ाके मारे गए। इन घटनाओं को कब्जा करने वाली सेना के साथ सीधी झड़प के रूप में वर्णित किया गया है। इसके अतिरिक्त, स्थानीय मीडिया ने अधिकारियों और सूत्रों के हवाले से बताया कि शनिवार रात से बलूचिस्तान के विभिन्न जिलों में हाईवे, रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर, गैस पाइपलाइन और पाकिस्तानी सेना के ठिकानों पर हमले किए जा रहे हैं।

'द बलूचिस्तान पोस्ट' के अनुसार, इन हमलों की शुरुआत 28 मार्च की रात पंजगुर जिले से हुई, जहां बलूच लड़ाकों ने पाकिस्तान समर्थित सशस्त्र समूहों और सैन्य काफिलों को निशाना बनाया।

रविवार और सोमवार को भी क्वेटा, मस्तुंग, नुश्की, खारान सहित कई स्थानों पर विस्फोट और सशस्त्र हमले हुए हैं।

Point of View

जिससे नागरिकों के बीच चिंता का माहौल उत्पन्न हुआ है।
NationPress
01/04/2026

Frequently Asked Questions

बीएलए क्या है?
बीएलए, यानी बलूच लिबरेशन आर्मी, एक विद्रोही संगठन है जो बलूचिस्तान में स्वतंत्रता के लिए संघर्ष कर रहा है।
इन हमलों में कितने सैनिक हताहत हुए?
हाल ही में बीएलए के दावों के अनुसार, 30 से अधिक हमलों में कई पाकिस्तानी सैनिक मारे गए हैं।
ये हमले क्यों हो रहे हैं?
ये हमले बलूचिस्तान में स्वतंत्रता की मांग और स्थानीय लोगों के अधिकारों की रक्षा के लिए किए जा रहे हैं।
क्या ये हमले नागरिकों को प्रभावित कर रहे हैं?
जी हां, इन हमलों के कारण क्षेत्र में सुरक्षा स्थिति बिगड़ रही है, जिससे नागरिकों में भय और चिंता बढ़ रही है।
स्थानीय मीडिया का क्या कहना है?
स्थानीय मीडिया ने इन हमलों को गंभीरता से लिया है और इसके परिणामों पर ध्यान केंद्रित कर रहा है।
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