चीन की 15वीं पंचवर्षीय योजना: प्रजनन नीति सुधार, 2030 तक मातृ मृत्यु दर 12 से नीचे लाने का लक्ष्य
सारांश
मुख्य बातें
चीन की राष्ट्रीय स्वास्थ्य आयोग की उप प्रमुख कुओ यानहोंग ने 14 सितंबर 2026 को बीजिंग में आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में घोषणा की कि 15वीं पंचवर्षीय योजना के अंतर्गत चीन अपनी प्रजनन समर्थन नीति को व्यापक रूप से मज़बूत करेगा और 2030 तक मातृ मृत्यु दर को प्रति 1 लाख जीवित जन्मों पर 12 से नीचे लाने का लक्ष्य रखा गया है। यह सम्मेलन चीनी राज्य परिषद के सूचना कार्यालय द्वारा '15वीं पंचवर्षीय योजना की शुरुआत' श्रृंखला के तहत आयोजित किया गया, जिसमें राष्ट्रीय पारंपरिक चीनी चिकित्सा प्राधिकरण और राष्ट्रीय रोग नियंत्रण प्राधिकरण ने भी भाग लिया।
जनसंख्या नीति में बड़े बदलाव की ज़रूरत क्यों
कुओ यानहोंग के अनुसार, जनसंख्या का प्रश्न चीन के लिए हमेशा से एक व्यापक, दीर्घकालिक और रणनीतिक मुद्दा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि 15वीं पंचवर्षीय योजना की अवधि में चीन की जनसंख्या विकास की स्थिति में गहरे संरचनात्मक बदलाव आ रहे हैं। यह ऐसे समय में आया है जब चीन तेज़ी से बुज़ुर्ग होती आबादी और घटती जन्म दर की दोहरी चुनौती से जूझ रहा है। प्रजनन समर्थन नीति प्रणाली को तेज़ी से बेहतर बनाने, प्रमुख समूहों के लिए स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने और जनसंख्या के उच्च गुणवत्ता वाले विकास को प्रोत्साहित करने का संकल्प लिया गया है।
मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य के लक्ष्य
योजना के तहत मातृ-शिशु सुरक्षा प्रणाली को निरंतर सुदृढ़ किया जाएगा। 2030 तक मातृ मृत्यु दर को प्रति 1 लाख जीवित जन्मों पर 12 से नीचे और शिशु मृत्यु दर को प्रति 1 हज़ार जीवित जन्मों पर 3.5 से नीचे लाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके अलावा, स्तन कैंसर और गर्भाशय ग्रीवा कैंसर की जाँच, शीघ्र निदान और उपचार को प्राथमिकता दी जाएगी। गौरतलब है कि उचित आयु की बालिकाओं के लिए एचपीवी (HPV) टीके का निशुल्क टीकाकरण पूरी तरह लागू किया जाएगा — जो महिला स्वास्थ्य नीति में एक उल्लेखनीय कदम है।
बाल देखभाल और प्रजनन समर्थन
प्रजनन समर्थन के क्षेत्र में बाल पालन सब्सिडी प्रणाली को प्रभावी ढंग से लागू किया जाएगा और समावेशी बाल देखभाल सेवाओं का बड़े स्तर पर विस्तार होगा। इसका उद्देश्य बच्चों का पालन-पोषण करने वाले परिवारों को अधिक गुणवत्तापूर्ण और सुविधाजनक विकल्प उपलब्ध कराना है। 2030 तक 3 वर्ष से कम आयु के बच्चों के बाल देखभाल केंद्रों में प्रवेश दर में 6 प्रतिशत अंक की वृद्धि का लक्ष्य रखा गया है। यह कदम उन परिवारों को राहत देने के लिए है जो बच्चों की देखभाल के खर्च और उपलब्धता को लेकर चिंतित हैं।
बाल स्वास्थ्य: 'पाँच स्वास्थ्य' अभियान
बाल और किशोर स्वास्थ्य के क्षेत्र में बाल चिकित्सा सेवाओं का स्तर उन्नत किया जाएगा। बच्चों के शुरुआती विकास से जुड़ी सेवाएँ बेहतर होंगी और वैज्ञानिक पालन-पोषण को लेकर जागरूकता बढ़ाई जाएगी। बच्चों व किशोरों के लिए दृष्टि, वजन, मानसिक स्वास्थ्य, हड्डियों और मौखिक स्वास्थ्य से जुड़े 'पाँच स्वास्थ्य' अभियान को व्यापक रूप से लागू किया जाएगा।
वृद्धजन स्वास्थ्य सेवाओं का सुधार
वृद्धजन-अनुकूल चिकित्सा सेवाओं को और सशक्त बनाया जाएगा। अस्पतालों के वार्डों और चिकित्सा उपकरणों को बुज़ुर्गों की ज़रूरतों के अनुसार अनुकूलित किया जाएगा तथा सेवा प्रक्रियाओं को सरल एवं सुलभ बनाया जाएगा। यह कदम चीन की तेज़ी से बढ़ती वृद्ध जनसंख्या की स्वास्थ्य ज़रूरतों को ध्यान में रखकर उठाया गया है। आगे आने वाले वर्षों में इन नीतियों के क्रियान्वयन की गति और उनके व्यावहारिक परिणाम ही यह तय करेंगे कि चीन जनसांख्यिकीय बदलाव की इस चुनौती से कितनी सफलतापूर्वक निपट पाता है।