चीन में चिकित्सा बीमा सुधार: 2028 तक पूरे देश में दीर्घकालिक देखभाल बीमा का विस्तार
सारांश
मुख्य बातें
चीन की राष्ट्रीय स्वास्थ्य सेवा सुरक्षा प्रशासन ने 4 सितंबर को बीजिंग में आयोजित एक न्यूज़ ब्रीफिंग में चिकित्सा बीमा व्यवस्था में व्यापक सुधारों की रूपरेखा प्रस्तुत की। 15वीं पंचवर्षीय योजना के तहत इन सुधारों का लक्ष्य लचीले रोज़गार कर्मियों, प्रवासी श्रमिकों और नए प्रकार के रोज़गार से जुड़े लोगों को कर्मचारी चिकित्सा बीमा के दायरे में लाना है।
मुख्य घटनाक्रम
चीनी राज्य परिषद के न्यूज़ कार्यालय द्वारा आयोजित इस ब्रीफिंग में बताया गया कि चिकित्सा बीमा के उच्च गुणवत्ता वाले विकास को चीनी शैली के आधुनिकीकरण से जोड़ा जाएगा। अधिकारियों के अनुसार, प्रसूति चिकित्सा व्यय का प्रत्यक्ष निपटान और मातृत्व भत्ते का वितरण सीधे लाभार्थियों तक पहुँचाने की व्यवस्था की जाएगी।
दवाओं की उपलब्धता में बड़ा बदलाव
आँकड़ों के अनुसार, वर्ष 2018 से अब तक कुल 949 नई दवाएँ चिकित्सा बीमा सूची में जोड़ी जा चुकी हैं, जिनमें से 199 दवाएँ नवीनतम श्रेणी की हैं। यह कदम अधिक से अधिक मरीज़ों को किफ़ायती दरों पर बेहतर उपचार उपलब्ध कराने के उद्देश्य से उठाया गया है। यह ऐसे समय में आया है जब चीन अपनी बुज़ुर्ग होती जनसंख्या के लिए स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने पर ज़ोर दे रहा है।
दीर्घकालिक देखभाल बीमा का विस्तार
अब तक देश के 22 प्रांतों ने प्रांत-स्तरीय दीर्घकालिक देखभाल बीमा कार्यान्वयन योजना जारी कर दी है। अनुमान है कि वर्ष 2028 के अंत तक यह प्रणाली पूरे देश में लागू कर दी जाएगी। गौरतलब है कि यह योजना विशेष रूप से उन वृद्ध और दिव्यांग नागरिकों के लिए महत्त्वपूर्ण है जिन्हें दीर्घकालिक चिकित्सा देखभाल की आवश्यकता होती है।
आम जनता पर असर
इन सुधारों से लचीले रोज़गार में लगे करोड़ों कामगारों को सबसे अधिक लाभ मिलने की उम्मीद है, जो अब तक औपचारिक बीमा कवरेज से वंचित थे। प्रसूति लाभों के सीधे वितरण से महिलाओं को विशेष राहत मिलेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम चीन की सामाजिक सुरक्षा व्यवस्था को अधिक समावेशी बनाने की दिशा में एक महत्त्वपूर्ण पहल है।
क्या होगा आगे
15वीं पंचवर्षीय योजना के तहत इन सुधारों को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। 2028 तक दीर्घकालिक देखभाल बीमा की राष्ट्रव्यापी कवरेज सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता है। आने वाले वर्षों में बीमा सूची में और अधिक दवाओं को शामिल किए जाने की भी संभावना है।