लेबनान में आईडीएफ की रणनीतिक कार्रवाई: हिज्बुल्लाह के प्रमुख के भतीजे का अंत

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लेबनान में आईडीएफ की रणनीतिक कार्रवाई: हिज्बुल्लाह के प्रमुख के भतीजे का अंत

सारांश

इजरायल डिफेंस फोर्स (आईडीएफ) ने एक बड़े ऑपरेशन के तहत हिज्बुल्लाह के प्रमुख के भतीजे अली यूसुफ हर्षी को मार गिराया। यह कार्रवाई कई हथियार ठिकानों और कमांड सेंटरों को निशाना बनाते हुए की गई, जिससे क्षेत्र में सुरक्षा स्थिति और भी जटिल हो गई है।

Key Takeaways

  • अली यूसुफ हर्षी की हत्या हिज्बुल्लाह के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कदम है।
  • आईडीएफ ने दक्षिणी लेबनान में कई महत्वपूर्ण ठिकानों पर हमला किया।
  • यह कार्रवाई अमेरिका-ईरान युद्धविराम के संदर्भ में महत्वपूर्ण है।
  • आईडीएफ के प्रमुख ने सुरक्षा को प्राथमिकता देने की बात कही।
  • इस ऑपरेशन में 100 से अधिक हिज्बुल्लाह ठिकाने निशाना बने।

यरूशलम, 9 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। इजरायल डिफेंस फोर्स (आईडीएफ) ने एक महत्वपूर्ण घोषणा की है कि उसने बेरूत में अली यूसुफ हर्षी को खत्म कर दिया है। हर्षी, हिज्बुल्लाह के महासचिव नईम कासिम का निजी सचिव था और वह इस संगठन के नेता का भतीजा भी था, जो ईरान द्वारा समर्थित है।

आईडीएफ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्‍स' पर एक बयान में कहा कि उसने दो महत्वपूर्ण मार्गों पर भी हमला किया है, जो हिज्बुल्लाह द्वारा लिटानी नदी के दक्षिण में हथियार पहुंचाने के लिए उपयोग किए जाते थे। इसके साथ ही, दक्षिण लेबनान में दस हथियार भंडार, लॉन्चर और कमांड सेंटर को भी निशाना बनाया गया।

आईडीएफ ने स्पष्ट किया, “अली यूसुफ हर्षी, जो हिज्बुल्लाह प्रमुख नईम कासिम के निजी सचिव थे, उनके करीबी सलाहकार थे और ऑफिस की सुरक्षा एवं संचालन की जिम्मेदारी संभालते थे। हमने दो महत्वपूर्ण रास्तों और दस हथियार ठिकानों, लॉन्चर और कमांड सेंटर पर भी हमला किया।”

यह घटना उस दिन के बाद हुई है, जब अमेरिका और ईरान ने दो हफ्ते के युद्धविराम का ऐलान किया था।

पहले, आईडीएफ ने यह भी दावा किया था कि उसने एक हमास लड़ाके को मार डाला, जो पत्रकार के रूप में काम कर रहा था। आईडीएफ के अनुसार, मुहम्मद समीर मुहम्मद वाशाह ने आईडीएफ सैनिकों पर हमले की योजना बनाई थी और वह क्षेत्र में खतरनाक था।

आईडीएफ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्‍स' पर कहा, “मुहम्मद समीर मुहम्मद वाशाह, जो अल जजीरा के पत्रकार के रूप में छिपा हुआ था, हमास का एक लड़ाका था। वह हमास के रॉकेट और हथियार बनाने वाले विभाग में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा था।”

बुधवार को, आईडीएफ के प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल एयाल जमीर ने कहा कि इजरायल हिज्बुल्लाह पर हमले जारी रखेगा और हर अवसर का लाभ उठाएगा। हम उत्तरी इजरायल के लोगों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं करेंगे। हम पूरी ताकत से हमले जारी रखेंगे।

आईडीएफ ने यह भी बताया कि उसने ऑपरेशन “रोरिंग लायन” के तहत लेबनान में अब तक का सबसे बड़ा संयुक्त हमला किया है, जिसमें बेरूत, बेका और दक्षिणी लेबनान में 100 से अधिक हिज्बुल्लाह ठिकानों को निशाना बनाया गया।

आईडीएफ के मुताबिक, “सिर्फ दस मिनट में 100 से अधिक ठिकानों पर हमला किया गया। इनमें खुफिया केंद्र, कमांड सेंटर, मिसाइल लॉन्च करने वाली यूनिट, और हिज्बुल्लाह की विशेष यूनिट्स जैसे रदवान फोर्स और एयर यूनिट शामिल थीं।”

Point of View

बल्कि यह अंतरराष्ट्रीय राजनीतिक समीकरणों पर भी गहरा असर डाल सकती है। ऐसे समय में जब अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम का ऐलान हुआ है, इस तरह की कार्रवाइयां चिंता का विषय बन गई हैं।
NationPress
10/04/2026

Frequently Asked Questions

अली यूसुफ हर्षी कौन थे?
अली यूसुफ हर्षी हिज्बुल्लाह के महासचिव नईम कासिम का निजी सचिव और उनके भतीजे थे।
आईडीएफ ने किस ऑपरेशन के तहत यह कार्रवाई की?
आईडीएफ ने इस कार्रवाई को ऑपरेशन 'रोरिंग लायन' के तहत अंजाम दिया।
इस हमले का मुख्य उद्देश्य क्या था?
इस हमले का मुख्य उद्देश्य हिज्बुल्लाह के हथियार भंडार और कमांड सेंटरों को नष्ट करना था।
क्या यह घटना अमेरिका-ईरान युद्धविराम से संबंधित है?
हां, यह घटना उस दिन के बाद हुई है जब अमेरिका और ईरान ने दो हफ्ते के युद्धविराम का ऐलान किया था।
आईडीएफ के प्रमुख ने क्या कहा?
आईडीएफ के प्रमुख ने कहा कि इजरायल हिज्बुल्लाह पर हमले जारी रखेगा और सुरक्षा से कोई समझौता नहीं करेगा।
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