भारत-किरिबाती वार्ता: महिला सशक्तीकरण, नवीकरणीय ऊर्जा और स्वास्थ्य सहयोग पर बनी सहमति
सारांश
मुख्य बातें
किरिबाती के उच्चायुक्त सुनीत मेहता ने 4 सितंबर 2026 को साउथ तरावा में किरिबाती सरकार के कई वरिष्ठ मंत्रियों से मुलाकात की और महिला सशक्तीकरण, समावेशी विकास, डिजिटलीकरण, नवीकरणीय ऊर्जा तथा स्वास्थ्य सेवाओं में द्विपक्षीय सहयोग को और गहरा करने पर विस्तृत चर्चा की। यह बैठकें प्रशांत द्वीपीय देशों के साथ भारत की बढ़ती कूटनीतिक सक्रियता का हिस्सा हैं।
महिला सशक्तीकरण और समावेशी विकास
सुनीत मेहता और किरिबाती की महिला, युवा, खेल और सामाजिक मामलों की मंत्री रूथ क्रॉस क्वांसिंग के बीच हुई बैठक में महिला सशक्तीकरण, समावेशी विकास और डिजिटलीकरण के क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर विचारों का आदान-प्रदान हुआ। फिजी स्थित भारतीय उच्चायोग ने कहा कि यह बैठक "प्रशांत साझेदारों के साथ भारत की गहरी होती भागीदारी को दर्शाती है।"
इससे पहले, मेहता ने किरिबाती के शिक्षा मंत्री रुआतेकी टेकाइरा से मुलाकात की और इस प्रशांत द्वीपीय देश के साथ भारत की दीर्घकालिक साझेदारी की प्रतिबद्धता को दोहराया।
संसदीय जुड़ाव और कूटनीतिक संवाद
गुरुवार को मेहता ने तरावा में किरिबाती की नेशनल असेंबली के स्पीकर विली टोकाटाके से भेंट की। दोनों पक्षों ने साझा प्राथमिकताओं को आगे बढ़ाने और एक लचीला, समावेशी तथा समृद्ध प्रशांत महासागर क्षेत्र — जिसे 'ब्लू पैसिफिक' कहा जाता है — के निर्माण के लिए मिलकर काम करने की प्रतिबद्धता जताई। फिजी स्थित भारतीय उच्चायोग ने इस बैठक को "भारत-किरिबाती संबंधों को गहरा करने में संसदीय जुड़ाव के महत्व की पुष्टि" बताया।
बुनियादी ढाँचा और नवीकरणीय ऊर्जा
मेहता ने किरिबाती के बुनियादी ढाँचा और सतत ऊर्जा मंत्री टेकेउआ ताराती से भी मुलाकात की। इस बैठक में बुनियादी ढाँचे, नवीकरणीय ऊर्जा और सतत विकास में सहयोग के नए अवसरों की पड़ताल की गई। फिजी स्थित भारतीय उच्चायोग ने कहा कि दोनों देशों ने "एक अधिक लचीला, टिकाऊ और समृद्ध प्रशांत महासागर क्षेत्र की दिशा में मिलकर काम करने की प्रतिबद्धता जताई।" गौरतलब है कि जलवायु परिवर्तन के कारण समुद्र स्तर में वृद्धि किरिबाती जैसे निचले प्रशांत द्वीपीय देशों के अस्तित्व के लिए गंभीर खतरा बन चुकी है, जिससे नवीकरणीय ऊर्जा सहयोग की प्रासंगिकता और बढ़ जाती है।
स्वास्थ्य सहयोग: डायलिसिस केंद्र और दवाएँ
मेहता ने किरिबाती में भारत द्वारा समर्थित डायलिसिस सेंटर का दौरा किया। यह केंद्र 2023 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा घोषित FIPIC (Forum for India-Pacific Islands Cooperation) पहल का हिस्सा है, जिसके तहत सभी 14 प्रशांत द्वीपीय देशों में डायलिसिस इकाइयाँ स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया था।
किरिबाती के स्वास्थ्य मंत्री बूटी नौआन के साथ हुई बैठक में किफायती दवाओं, डायलिसिस उपकरणों और समुद्री एंबुलेंस की आपूर्ति के साथ-साथ क्षमता निर्माण पहलों पर चर्चा हुई। फिजी स्थित भारतीय उच्चायोग ने कहा कि "भारत एक स्वस्थ प्रशांत क्षेत्र का समर्थन करने के लिए समर्पित है।"
आगे की राह
यह बहु-स्तरीय कूटनीतिक दौरा स्पष्ट करता है कि भारत, प्रशांत द्वीपीय देशों के साथ अपने संबंधों को केवल कूटनीतिक घोषणाओं तक सीमित नहीं रखना चाहता, बल्कि स्वास्थ्य, ऊर्जा, शिक्षा और महिला सशक्तीकरण जैसे ठोस क्षेत्रों में जमीनी सहयोग को प्राथमिकता दे रहा है। आने वाले महीनों में इन बैठकों के परिणामस्वरूप द्विपक्षीय समझौतों और परियोजनाओं की घोषणा की संभावना है।