सेवा पखवाड़ा 2026: यूरोप में भारतीय मिशनों ने फ्रैंकफर्ट, ज्यूरिख और ग्लासगो में 'विकसित भारत रन' का आयोजन किया
सारांश
मुख्य बातें
यूरोप के प्रमुख शहरों में भारतीय दूतावासों और महावाणिज्य दूतावासों ने 20 सितंबर 2026 को 'विकसित भारत रन 2026' का सफलतापूर्वक आयोजन किया। यह आयोजन 17 सितंबर से 2 अक्टूबर 2026 तक चलने वाले सेवा पखवाड़ा के तहत आयोजित किया गया, जिसमें भारतीय प्रवासी समुदाय के सदस्यों, छात्रों और भारत के मित्रों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
फ्रैंकफर्ट में आयोजन
फ्रैंकफर्ट स्थित भारत के महावाणिज्य दूतावास ने जर्मनी की फुटबॉल शासी निकाय ड्यूशर फुसबॉल बुंड (DFB) के मुख्यालय में इस दौड़ का आयोजन किया। महावाणिज्य दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए बताया कि भारतीय प्रवासी समुदाय के सदस्यों ने विकसित भारत की दिशा में भारत की यात्रा का उत्साहपूर्वक उत्सव मनाया। महावाणिज्य दूत शुचिता किशोर ने प्रतिभागियों का स्वागत किया और उन्हें 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में सतत प्रयास करने के लिए प्रेरित किया।
दूतावास ने अपनी पोस्ट में यह भी उल्लेख किया कि दौड़ की शुरुआत विकसित भारत के निर्माण की प्रतिज्ञा के साथ हुई। इसके बाद मानव सदाना द्वारा चोट-मुक्त दौड़ के लिए विशेष टिप्स और वार्म-अप सत्र आयोजित किया गया।
ज्यूरिख में फिटनेस और सामुदायिक जुड़ाव
ज्यूरिख, स्विट्जरलैंड में दूतावास ने युवा मामले और खेल मंत्रालय, भारत सरकार के सहयोग से यह आयोजन किया। दूतावास के अनुसार, फिटनेस, समुदाय और विकसित भारत की भावना एकजुट होकर इस कार्यक्रम में प्रकट हुई। भारतीय प्रवासियों, छात्रों और भारत के मित्रों की सहभागिता ने इसे सक्रिय जीवनशैली और सामुदायिक एकता का उत्सव बना दिया।
ज्यूरिख में 'विकसित भारत रन' की शुरुआत वंदे मातरम के गायन से हुई, जिसने प्रतिभागियों को एकता, गर्व और साझा सामुदायिक भावना में एकत्रित किया। दूतावास के अनुसार, इस आयोजन ने स्विट्जरलैंड में भारतीय समुदाय की ऊर्जा और उत्साह को प्रतिबिंबित किया।
ग्लासगो में सामुदायिक दौड़
स्कॉटलैंड में भारत के महावाणिज्य दूतावास ने रूकेन ग्लेन पार्क, ग्लासगो में इस दौड़ का आयोजन किया। स्कॉटलैंड में भारत के महावाणिज्यदूत ने बताया कि सेवा पखवाड़ा 2026 के तहत आयोजित इस 'राष्ट्र की सेवा के लिए सामुदायिक दौड़' ने भारतीय समुदाय के सदस्यों और भारत के मित्रों को फिटनेस, एकता और राष्ट्र-निर्माण के जोशपूर्ण उत्सव में एक साथ लाया।
आयोजन का व्यापक संदर्भ
यह ऐसे समय में आया है जब भारत सरकार 2047 तक देश को विकसित राष्ट्र बनाने के अपने संकल्प को वैश्विक स्तर पर प्रचारित कर रही है। गौरतलब है कि सेवा पखवाड़ा हर वर्ष 17 सितंबर — प्रधानमंत्री के जन्मदिन — से लेकर 2 अक्टूबर — महात्मा गांधी जयंती — तक मनाया जाता है। विदेश स्थित भारतीय मिशनों का इस तरह के सामुदायिक आयोजनों में सक्रिय भागीदारी करना प्रवासी भारतीयों और भारत सरकार के बीच बढ़ते जुड़ाव को दर्शाता है।
इन आयोजनों के माध्यम से यूरोप में बसे भारतीय प्रवासी न केवल अपनी सांस्कृतिक पहचान को मज़बूत कर रहे हैं, बल्कि विकसित भारत 2047 के लक्ष्य के प्रति अपनी प्रतिबद्धता भी व्यक्त कर रहे हैं।