होर्मुज स्ट्रेट पर ईरान की अमेरिका को कड़ी चेतावनी: दखल दिया तो मिलेगा 'तेज और निर्णायक' जवाब
सारांश
मुख्य बातें
ईरान की सर्वोच्च सैन्य कमान खातम अल-अनबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर ने 3 जुलाई 2026 को अमेरिका को स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि उसने होर्मुज स्ट्रेट में किसी भी प्रकार का हस्तक्षेप किया, तो ईरानी सशस्त्र बल 'तेज और निर्णायक' जवाबी कार्रवाई करेंगे। जारी बयान में कहा गया कि यह जलमार्ग ईरान की 'निर्विवाद संप्रभुता' का हिस्सा है और इसकी सुरक्षा ईरानी सेना के लिए एक अटल लाल रेखा है।
मुख्य घटनाक्रम
ईरानी सैन्य मुख्यालय ने अपने बयान में साफ किया कि होर्मुज स्ट्रेट अमेरिका के लिए 'मनमर्जी करने की जगह' नहीं है। बयान के अनुसार, इस जलमार्ग से गुजरने वाले सभी तेल टैंकरों और व्यापारिक जहाजों को ईरान द्वारा निर्धारित समुद्री मार्गों का ही अनुसरण करना होगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले किसी भी जहाज के विरुद्ध ईरानी सेना तत्काल और कठोर कार्रवाई करेगी, और ऐसे जहाजों की सुरक्षा भी खतरे में पड़ सकती है।
मुख्यालय ने यह भी कहा कि यदि अमेरिका होर्मुज स्ट्रेट की सुरक्षा व्यवस्था में बाधा डालने की कोशिश करता है, तो ईरान इसे अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए सीधा खतरा मानेगा।
अमेरिकी विमानों और ड्रोन पर आपत्ति
ईरानी बयान में इस जलमार्ग के ऊपर अमेरिकी लड़ाकू विमानों और ड्रोन की लगातार मौजूदगी पर गहरी आपत्ति जताई गई। कहा गया कि यह उपस्थिति क्षेत्र में असुरक्षा और तनाव को बढ़ाती है। ईरान ने स्पष्ट किया कि वह अपनी संप्रभुता की रक्षा के लिए अमेरिका और उसके समर्थकों की किसी भी 'आक्रामक कार्रवाई को कुचलने' से नहीं हिचकेगा।
उप विदेश मंत्री का एक्स पर बयान
इसी दिन ईरान के कानूनी और अंतरराष्ट्रीय मामलों के उप विदेश मंत्री काजेम गरीबाबादी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि होर्मुज स्ट्रेट 'अमेरिकी सेंट्रल कमांड के नहीं, बल्कि ईरान के नियंत्रण में है।' यह बयान ऐसे समय आया जब एक दिन पहले ही अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने बहरीन में 12 देशों के सैन्य अधिकारियों के साथ एक 'सुरक्षा संवाद' आयोजित किया था।
बहरीन बैठक की पृष्ठभूमि
गौरतलब है कि बहरीन में हुई उस बैठक में क्षेत्रीय सुरक्षा, रक्षा सहयोग और होर्मुज स्ट्रेट से व्यापारिक जहाजों की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित करने पर चर्चा हुई थी। ईरान ने इस बैठक को अपनी संप्रभुता में हस्तक्षेप की कोशिश के रूप में देखा, जिसके बाद यह कड़ी चेतावनी जारी की गई। यह ऐसे समय में आया है जब खाड़ी क्षेत्र में अमेरिका-ईरान तनाव पहले से ही उच्च स्तर पर बना हुआ है।
आगे क्या होगा
विशेषज्ञों के अनुसार, होर्मुज स्ट्रेट से विश्व के कुल तेल व्यापार का एक बड़ा हिस्सा गुजरता है, इसलिए यहाँ किसी भी तनाव का वैश्विक ऊर्जा बाज़ारों पर सीधा असर पड़ सकता है। ईरान की यह चेतावनी क्षेत्रीय स्थिरता और अंतरराष्ट्रीय शिपिंग मार्गों की सुरक्षा को लेकर नई चिंताएँ उत्पन्न करती है।