इजरायल का दक्षिण लेबनान के 3 कस्बों को खाली करने का आदेश, हवाई हमलों में तीन की मौत
सारांश
मुख्य बातें
इजरायली सेना ने दक्षिणी लेबनान के नबातियेह जिले के मायफदौन, चौकीन और जेबदीन कस्बों एवं गाँवों के निवासियों को तत्काल इलाका खाली करने का आदेश दिया है। इसी बीच लेबनान की सरकारी समाचार एजेंसी एनएनए के अनुसार, 30 मई को हुए इजरायली हवाई हमलों में 3 लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए।
हमलों का ब्यौरा
एनएनए की रिपोर्ट के अनुसार, टायर शहर में एक आवासीय घर पर हुई एयरस्ट्राइक में एक व्यक्ति और उसके बेटे की मौत हो गई। इस हमले में परिवार के 7 अन्य सदस्य भी घायल बताए गए हैं। इसके अलावा, इजरायली सेना ने शरीफा-हब्बूश-नबातियेह रोड पर भी हमला किया, जिसमें एक नागरिक की जान गई और एक अन्य गंभीर रूप से घायल हो गया।
यह ऐसे समय में आया है जब दक्षिणी लेबनान में इजरायल और हिजबुल्लाह के बीच टकराव लगातार जारी है। गौरतलब है कि इससे पहले भी नबातियेह जिले के कई इलाकों को निशाना बनाया जा चुका है।
इजरायली सेना की चेतावनी
इजरायली सेना ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट कर क्षेत्र के निवासियों को 'तुरंत अपने घर छोड़ने' और जहरानी नदी के उत्तर की ओर जाने का निर्देश दिया। सेना ने एक अन्य पोस्ट में दावा किया कि हिजबुल्लाह की ओर से दागे गए कई रॉकेट दक्षिणी लेबनान के सेंट जॉर्जेस ऑर्थोडॉक्स चर्च और मरजायौन के ईसाई इलाकों में गिरे।
इजरायली सेना के अनुसार, चर्च के आसपास के इलाके में उसके सैनिक मौजूद नहीं थे और यह घटना आम नागरिकों के लिए हिजबुल्लाह से उत्पन्न खतरे को दर्शाती है।
हिजबुल्लाह के ठिकानों पर कार्रवाई
इजरायली डिफेंस फोर्सेज़ (IDF) ने बताया कि रातभर चले अभियान में हिजबुल्लाह के एक रॉकेट लॉन्चर को नष्ट कर दिया गया। कथित तौर पर इस लॉन्चर से उत्तरी इजरायल की ओर रॉकेट दागे गए थे। सेना ने यह भी कहा कि रॉकेट हमलों में आसपास की इमारतों को नुकसान पहुँचा है, हालाँकि अभी तक किसी हताहत की आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
इसके अतिरिक्त, इजरायली सेना ने लेबनान की तरफ से उत्तरी इजरायल पर हुए एक हमले को भी नाकाम करने का दावा किया है। सेना ने स्पष्ट नहीं किया कि यह रॉकेट था या ड्रोन, और इस घटना में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है।
आम जनता पर असर
निकासी के आदेश से नबातियेह जिले के हजारों नागरिक प्रभावित हो सकते हैं। दक्षिणी लेबनान में पहले से ही बड़ी संख्या में लोग विस्थापित हो चुके हैं। मानवाधिकार संगठनों ने नागरिक क्षेत्रों पर हो रहे हमलों पर गहरी चिंता जताई है।
आगे क्या
इजरायल-हिजबुल्लाह के बीच बढ़ते तनाव के बीच अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नज़रें दक्षिणी लेबनान पर टिकी हैं। संयुक्त राष्ट्र की शांति सेना (UNIFIL) की मौजूदगी के बावजूद स्थिति नाजुक बनी हुई है और आने वाले दिनों में और तनाव बढ़ने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।