न्यू जर्सी के 12वें जिले से जय वैंगणकर: पहले भारतीय-अमेरिकी और जेन-ज़ी कांग्रेस सदस्य बनने की दौड़
सारांश
मुख्य बातें
जय वैंगणकर, व्हाइट हाउस और अमेरिकी ऊर्जा विभाग के 28 वर्षीय पूर्व अधिकारी, न्यू जर्सी के 12वें कांग्रेसनल जिले से डेमोक्रेटिक पार्टी के उम्मीदवार के रूप में इतिहास रचने की कोशिश में हैं — यदि वे जीते, तो वे राज्य के पहले जेन-ज़ी और पहले दक्षिण एशियाई मूल के संघीय लॉमेकर होंगे। यह सीट अनुभवी डेमोक्रेटिक कांग्रेसी बोनी वॉटसन कोलमैन के सेवानिवृत्त होने के बाद रिक्त हुई है और नवंबर 2026 के आम चुनाव से पहले डेमोक्रेटिक प्राइमरी में 12 उम्मीदवार मैदान में हैं।
उम्मीदवार की पृष्ठभूमि
वैंगणकर का परिवार मूलतः मुंबई से है। उनके पिता एच-1बी वीज़ा पर अमेरिका आए और बाद में परिवार न्यू जर्सी में बस गया। वैंगणकर का जन्म ट्रेंटन में हुआ और पालन-पोषण ईस्ट विंडसर तथा हाइट्सटाउन में हुआ। उन्होंने पेनसिल्वेनिया विश्वविद्यालय के प्रतिष्ठित व्हार्टन स्कूल से शिक्षा प्राप्त की, इसके बाद वाशिंगटन में सरकारी सेवा की और अब अपने गृह राज्य लौटकर राजनीति में उतरे हैं।
यह ऐसे समय में आया है जब न्यू जर्सी — जो अमेरिका में सबसे बड़ी दक्षिण एशियाई आबादी वाले राज्यों में शामिल है — ने आज तक किसी भारतीय-अमेरिकी को कांग्रेस या राज्य स्तर के संघीय पद पर नहीं चुना है।
मुख्य चुनावी मुद्दे
वैंगणकर के अभियान के तीन केंद्रीय मुद्दे हैं: बढ़ती महंगाई, स्वच्छ ऊर्जा में निवेश और राजनीतिक सुधार। उन्होंने राष्ट्र प्रेस को दिए साक्षात्कार में कहा, "किराने का सामान लगातार महंगा हो रहा था। लोगों के खर्च बढ़ रहे थे और उन्हें लग रहा था कि वॉशिंगटन में बैठे नेता उनकी समस्याओं को ठीक से नहीं समझ रहे हैं।"
उनका तर्क है कि बिजली-पानी के बिल, संपत्ति कर और रोज़मर्रा की वस्तुओं की कीमतें बढ़ रही हैं, जबकि सेवाओं और उत्पादों की गुणवत्ता में कोई उल्लेखनीय सुधार नहीं हो रहा। गौरतलब है कि व्हाइट हाउस और ऊर्जा विभाग में कार्यकाल के दौरान वे हर दूसरे सप्ताह न्यू जर्सी लौटते थे और आम परिवारों पर पड़ने वाले आर्थिक दबाव को प्रत्यक्ष देखते थे।
स्वच्छ ऊर्जा पर रुख
वैंगणकर ने सौर, पवन और परमाणु ऊर्जा में बड़े निवेश की वकालत करते हुए कहा, "हमें नौकरियाँ पैदा करनी हैं, लोगों के बिजली बिल कम करने हैं और जलवायु परिवर्तन की चुनौती का सामना करना है। अमेरिका ग्रीन टेक्नॉलोजी में क्रांति का नेतृत्व कर सकता है।"
उन्होंने उस धारणा को खारिज किया कि सस्ती ऊर्जा और स्वच्छ ऊर्जा में से किसी एक को ही चुना जा सकता है। उनके अनुसार, दोनों लक्ष्य एक साथ हासिल किए जा सकते हैं और नवीकरणीय ऊर्जा का विस्तार रोज़गार सृजन का एक प्रमुख माध्यम बन सकता है।
प्रतिनिधित्व और समुदाय
वैंगणकर ने कहा, "बोनी वॉटसन कोलमैन के सेवानिवृत्त होने के बाद मुझे लगा कि अब राजनीति में नई पीढ़ी के आने का समय है। अगर मैं चुना जाता हूँ, तो न्यू जर्सी का पहला जेन-ज़ी और पहला दक्षिण एशियाई मूल का लॉमेकर बनूँगा।"
उन्होंने बताया कि हज़ारों भारतीय-अमेरिकी पहली बार मतदाता पंजीकरण करा रहे हैं और विभिन्न पृष्ठभूमियों से सैकड़ों स्कूल व कॉलेज छात्र उनके अभियान से स्वयंसेवक के रूप में जुड़े हैं। उनके अभियान को कई एशियाई-अमेरिकी राजनीतिक संगठनों और प्रमुख भारतीय-अमेरिकी नेताओं का समर्थन मिला है।
चुनावी समीकरण और आगे की राह
12 उम्मीदवारों के मैदान में होने के कारण वोट कई हिस्सों में बँट सकते हैं। वैंगणकर के अनुसार, संभव है कि कोई उम्मीदवार कुल वोटों के केवल 15 प्रतिशत के आसपास समर्थन पाकर भी प्राइमरी जीत ले। उनका मानना है कि सबसे बड़ी चुनौती वह निराशावाद है जो यह मानता है कि न्यू जर्सी अभी किसी युवा या दक्षिण एशियाई उम्मीदवार को चुनने के लिए तैयार नहीं है।
विदेश नीति पर उन्होंने अमेरिका-भारत संबंधों को मज़बूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई और कहा कि दोनों देशों के रिश्ते लोकतांत्रिक मूल्यों, आपसी विश्वास और आर्थिक सहयोग पर आधारित होने चाहिए। न्यू जर्सी का 12वाँ कांग्रेसनल जिला 2026 में पूरे अमेरिका में होने वाली दर्जनों 'ओपन-सीट' हाउस रेसों में से एक है — और प्राइमरी का परिणाम यह तय करेगा कि इतिहास लिखा जाएगा या नहीं।