15 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या अमेरिका में भारतीय मूल के नेताओं का दबदबा बढ़ रहा है?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या अमेरिका में भारतीय मूल के नेताओं का दबदबा बढ़ रहा है?

सारांश

क्या अमेरिका में भारतीय मूल के नेताओं का दबदबा बढ़ रहा है? न्यूयॉर्क, वर्जिनिया और ओहियो में भारतीय मूल के नेताओं की जीत ने यह सवाल खड़ा किया है। जानिए कैसे ये नेता अमेरिकी राजनीति में अपनी पहचान बना रहे हैं।

मुख्य बातें

गजाला हाशमी ने वर्जीनिया में ऐतिहासिक जीत हासिल की।
आफताब पुरवाल ने सिनसिनाटी में पुनः चुनाव जीता।
जोरहान ममदानी ने न्यूयॉर्क के मेयर पद पर जीत दर्ज की।

वाशिंगटन, 5 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। अमेरिका के न्यूयॉर्क, वर्जिनिया और ओहियो जैसे स्थानों पर भारतीय मूल के लोग खुशियाँ मना रहे हैं। और इस खुशी का कारण भी है। चाहे न्यूयॉर्क का मेयर चुनाव हो, वर्जीनिया में लेफ्टिनेंट गवर्नर का चुनाव हो या ओहियो के सिनसिनाटी मेयर का चुनाव, भारतीय मूल के उम्मीदवारों ने अपने प्रतिभा का जलवा बिखेरा है।

वर्जीनिया में, राज्य सीनेटर गजाला हाशमी ने लेफ्टिनेंट गवर्नर पद पर ऐतिहासिक जीत हासिल की और वे अमेरिका में राज्य स्तर पर चुनी जाने वाली पहली मुस्लिम महिला बन गईं।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, हाशमी को 53 प्रतिशत और रिपब्लिकन उम्मीदवार जॉन रीड को 47 प्रतिशत वोट मिलने का अनुमान था। 2019 में वर्जीनिया विधायिका में पहली मुस्लिम और दक्षिण एशियाई महिला के रूप में इतिहास रचने वाली हाशमी अब राज्य के उच्चतम कार्यकारी पदों में से एक पर आसीन होंगी।

गजाला हाशमी का जन्म 1964 में हैदराबाद में हुआ था, और वे चार साल की उम्र में अपनी माँ और बड़े भाई के साथ अमेरिका चली गई थीं।

ओहियो राज्य के सिनसिनाटी शहर के मेयर आफताब पुरवाल ने चुनाव में पुनः विजय प्राप्त की है। मतदान केंद्रों द्वारा साझा प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, उन्हें 79 प्रतिशत से अधिक वोट मिले। भारतीय और तिब्बती मूल के पुरवाल ने रिपब्लिकन उम्मीदवार कोरी बोमन को हराया, जो अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के सौतेले भाई हैं।

उनकी माँ ने मैसूर के एक स्कूल में पढ़ाई की थी। दिल्ली में कॉलेज के दिनों के दौरान उनकी मुलाकात एक पंजाबी व्यक्ति से हुई और उन्होंने विवाह कर लिया। इसके बाद, दोनों अमेरिका के ओहियो में बस गए, जहाँ आफताब पुरवाल का जन्म हुआ।

न्यूयॉर्क में मेयर चुनाव की रेस में जोरहान ममदानी ने सबसे आगे रहकर जीत हासिल की, जो भारतीय फिल्म निर्माता मीरा नायर और शिक्षाविद महमूद ममदानी के बेटे हैं।

लगभग 90 प्रतिशत मतों की गिनती के बाद, ममदानी ने न्यूयॉर्क शहर के मेयर पद के चुनाव में निर्णायक जीत प्राप्त की। उन्होंने निर्दलीय उम्मीदवार और पूर्व गवर्नर एंड्रयू कुओमो और रिपब्लिकन प्रत्याशी कर्टिस स्लीवा को हराया।

डेमोक्रेटिक सोशलिस्ट और क्वींस विधानसभा सदस्य ममदानी ने 50 प्रतिशत से अधिक यानी करीब दस लाख वोट प्राप्त किए। इस चुनाव में रिकॉर्ड मतदान हुआ। कुल मिलाकर 20 लाख से अधिक लोगों ने वोट डाला, जो पिछले पांच दशकों में सबसे अधिक है। ममदानी के समर्थकों ने इस जीत को अप्रवासी समुदायों के लिए प्रेरणा बताया है।

ममदानी, हाशमी और पुरवाल की जीत ने अमेरिकी राजनीति में दक्षिण एशियाई नेताओं के बढ़ते प्रभाव को दर्शाया है।

संपादकीय दृष्टिकोण

यह स्पष्ट है कि अमेरिका में भारतीय मूल के नेताओं की बढ़ती संख्या और उनकी सफलताएँ इस बात का प्रमाण हैं कि विविधता में ताकत है। यह न केवल उनके समुदायों के लिए, बल्कि अमेरिका की राजनीति के लिए भी सकारात्मक संकेत है।
RashtraPress
15 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गजाला हाशमी कौन हैं?
गजाला हाशमी वर्जीनिया की राज्य सीनेटर हैं और लेफ्टिनेंट गवर्नर पद पर ऐतिहासिक जीत हासिल करने वाली पहली मुस्लिम महिला हैं।
आफताब पुरवाल ने किस चुनाव में जीत हासिल की?
आफताब पुरवाल ने सिनसिनाटी के मेयर पद पर पुनः चुनाव जीतने में सफलता पाई है।
जोरहान ममदानी किसके बेटे हैं?
जोरहान ममदानी भारतीय फिल्म निर्माता मीरा नायर और शिक्षाविद महमूद ममदानी के बेटे हैं।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 5 महीने पहले
  3. 5 महीने पहले
  4. 6 महीने पहले
  5. 8 महीने पहले
  6. 8 महीने पहले
  7. 8 महीने पहले
  8. 8 महीने पहले