22 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

मनीला में बाढ़ के बाद लेप्टोस्पायरोसिस का कहर, सैन लाजारो अस्पताल में 50 मामले, 2 की मौत

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
मनीला में बाढ़ के बाद लेप्टोस्पायरोसिस का कहर, सैन लाजारो अस्पताल में 50 मामले, 2 की मौत

सारांश

फिलीपींस में मानसूनी बाढ़ के बाद लेप्टोस्पायरोसिस का संकट गहराया — मनीला के सैन लाजारो अस्पताल में 50 मामले और 2 मौतें, देशभर में 3,760 केस। 88 शहरों में आपदा घोषित, पम्पांगा में 10 लाख लोग प्रभावित। इलोइलो में मृत्यु दर पिछले साल से दोगुनी।

मुख्य बातें

मनीला के सैन लाजारो अस्पताल में लेप्टोस्पायरोसिस के 50 मामले दर्ज, 2 मरीजों की मौत ।
पूरे फिलीपींस में डीओएच के अनुसार अब तक 3,760 मामले सामने आए हैं।
इलोइलो प्रांत में पिछले 8 महीनों में करीब 10 मौतें — 2025 की समान अवधि से दोगुनी ।
दक्षिण-पश्चिम मानसून और चक्रवातों के कारण 88 शहरों और नगर पालिकाओं में आपदा घोषित।
पम्पांगा में 10 लाख लोग प्रभावित, कृषि को 1.4 अरब पेसो का नुकसान; बाटान में 8,000 लोग सुरक्षित स्थानों पर।
स्वास्थ्य अधिकारियों ने संक्रमण की आशंका होने पर तुरंत प्रोफिलैक्सिस एंटीबायोटिक्स लेने की सलाह दी।

फिलीपींस की राजधानी मनीला में मूसलाधार बारिश और व्यापक बाढ़ के बाद लेप्टोस्पायरोसिस तेजी से पाँव पसार रहा है। संक्रामक रोगों के राष्ट्रीय रेफरल केंद्र सैन लाजारो अस्पताल में अब तक 50 मामले दर्ज हो चुके हैं और 2 मरीजों की मौत हो गई है। स्वास्थ्य विभाग (डीओएच) के आँकड़ों के अनुसार, पूरे देश में यह संख्या 3,760 तक पहुँच चुकी है और आने वाले दिनों में इसके और बढ़ने की आशंका है।

मुख्य घटनाक्रम

सैन लाजारो अस्पताल — जो डीओएच द्वारा संचालित देश का प्रमुख संक्रामक रोग केंद्र है — ने बढ़ती माँग के मद्देनज़र लेप्टोस्पायरोसिस के मरीजों के लिए एक अलग एक्सप्रेस लेन खोली है। स्थानीय मीडिया चैनल टीवी5 की रिपोर्ट के अनुसार यह कदम मरीजों की संख्या में अचानक आई वृद्धि के जवाब में उठाया गया है। यह ऐसे समय में आया है जब दक्षिण-पश्चिम मानसून और उष्णकटिबंधीय चक्रवातों ने देश के कई हिस्सों को जलमग्न कर दिया है।

इलोइलो में मृत्यु दर दोगुनी

मध्य फिलीपींस के इलोइलो प्रांत में पिछले आठ महीनों में लेप्टोस्पायरोसिस से करीब 10 लोगों की मौत हो चुकी है। स्थानीय स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार, यह संख्या 2025 की इसी अवधि की तुलना में दोगुनी है — जो इस बीमारी के बढ़ते खतरे को रेखांकित करती है। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि संक्रमण की आशंका होने पर तुरंत प्रोफिलैक्सिस एंटीबायोटिक्स लें।

88 शहरों में आपदा घोषित, 10 लाख प्रभावित

नागरिक सुरक्षा कार्यालय के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून और उष्णकटिबंधीय चक्रवातों के कारण देश के कुल 88 शहरों और नगर पालिकाओं में आपदा की स्थिति घोषित की जा चुकी है। सबसे बुरी तरह प्रभावित क्षेत्रों में सेंट्रल लुजोन के पम्पांगा, बाटान और बुलाकान प्रांत शामिल हैं।

पम्पांगा प्रांत में आधे से अधिक गाँव अभी भी जलमग्न हैं, जिससे करीब 10 लाख लोग प्रभावित हुए हैं और कृषि को लगभग 1.4 अरब पेसो (करीब 2.27 करोड़ अमेरिकी डॉलर) का नुकसान हुआ है। बाटान प्रांत ने आपदा की स्थिति घोषित कर करीब 8,000 निवासियों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया है। बुलाकान में बाढ़ के कारण सांता मारिया का एक पुल बंद रहा।

आम जनता पर असर

लेप्टोस्पायरोसिस एक जीवाणु संक्रमण है जो बाढ़ के पानी में चलने या उसके संपर्क में आने से फैलता है — विशेषकर जब पानी चूहों या अन्य जानवरों के मूत्र से दूषित हो। बाढ़ प्रभावित इलाकों में रहने वाले लोग, किसान और बचाव कार्यों में लगे स्वयंसेवक सबसे अधिक जोखिम में हैं। गौरतलब है कि फिलीपींस में मानसून के दौरान हर साल इस बीमारी के मामले बढ़ते हैं, लेकिन इस बार मृत्यु दर और मामलों की संख्या पिछले वर्ष की तुलना में चिंताजनक रूप से अधिक है।

क्या होगा आगे

डीओएच ने देशभर में निगरानी बढ़ाने और प्रभावित क्षेत्रों में एंटीबायोटिक्स की आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। जब तक बाढ़ का पानी नहीं उतरता और स्वच्छता व्यवस्था बहाल नहीं होती, तब तक नए मामलों में और वृद्धि की आशंका बनी रहेगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

फिर भी इस बार इलोइलो में मृत्यु दर का दोगुना होना बताता है कि स्वास्थ्य तंत्र की तैयारी अभी भी प्रतिक्रियात्मक है, निवारक नहीं। सैन लाजारो में एक्सप्रेस लेन खोलना राहत की नहीं, संकट की निशानी है। असली सवाल यह है कि 88 शहरों में आपदा घोषणा के बावजूद बाढ़-पूर्व स्वच्छता और पशु नियंत्रण उपाय क्यों नाकाफी रहे — और क्या डीओएच के पास 3,760 से आगे बढ़ती संख्या को थामने की क्षमता है।
RashtraPress
22 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

लेप्टोस्पायरोसिस क्या है और यह कैसे फैलता है?
लेप्टोस्पायरोसिस एक जीवाणु संक्रमण है जो बाढ़ के दूषित पानी के संपर्क में आने से फैलता है — विशेषकर जब पानी चूहों या अन्य जानवरों के मूत्र से दूषित हो। बाढ़ प्रभावित इलाकों में चलने-फिरने वाले लोग, किसान और बचाव कर्मी सबसे अधिक जोखिम में होते हैं।
फिलीपींस में अभी कितने लेप्टोस्पायरोसिस के मामले हैं?
स्वास्थ्य विभाग (डीओएच) के अनुसार, पूरे फिलीपींस में अब तक 3,760 मामले दर्ज हो चुके हैं। अकेले मनीला के सैन लाजारो अस्पताल में 50 मामले हैं और 2 मरीजों की मौत हो चुकी है।
इलोइलो प्रांत में स्थिति इतनी गंभीर क्यों है?
मध्य फिलीपींस के इलोइलो प्रांत में पिछले आठ महीनों में लेप्टोस्पायरोसिस से करीब 10 लोगों की मौत हुई है, जो 2025 की इसी अवधि से दोगुनी है। स्थानीय स्वास्थ्य अधिकारियों ने लोगों से संक्रमण की आशंका होने पर तुरंत प्रोफिलैक्सिस एंटीबायोटिक्स लेने की अपील की है।
फिलीपींस में 'आपदा की स्थिति' घोषणा का क्या मतलब है?
'आपदा की स्थिति' फिलीपींस सरकार की एक आधिकारिक आपातकालीन घोषणा है, जो किसी गंभीर प्राकृतिक आपदा या बड़े संकट के समय जारी की जाती है। इससे सरकार को आपदा राहत कोष खर्च करने और आपातकालीन खरीद करने का अधिकार मिलता है।
बाढ़ से सबसे अधिक प्रभावित कौन से क्षेत्र हैं?
सेंट्रल लुजोन के पम्पांगा, बाटान और बुलाकान प्रांत सबसे बुरी तरह प्रभावित हैं। पम्पांगा में करीब 10 लाख लोग प्रभावित हैं और कृषि को 1.4 अरब पेसो का नुकसान हुआ है, जबकि बाटान में 8,000 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया गया है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 सप्ताह पहले
  2. 1 सप्ताह पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 2 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 9 महीने पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले