8 जुलाई 2026
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PM मोदी और राष्ट्रपति सुबियांतो ने किया प्रम्बानन मंदिर का दौरा, मोदी बोले — 'भव्य!'

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PM मोदी और राष्ट्रपति सुबियांतो ने किया प्रम्बानन मंदिर का दौरा, मोदी बोले — 'भव्य!'

सारांश

प्रधानमंत्री मोदी और इंडोनेशियाई राष्ट्रपति सुबियांतो ने 8 जुलाई को यूनेस्को विश्व धरोहर प्रम्बानन मंदिर का संयुक्त दौरा किया और भारत-समर्थित संरक्षण परियोजना का उद्घाटन किया। मोदी ने एक्स पर हवाई दृश्य साझा कर लिखा — 'भव्य!' — यह यात्रा दोनों देशों के सभ्यतागत जुड़ाव का प्रतीक बनी।

मुख्य बातें

PM नरेंद्र मोदी और इंडोनेशियाई राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने 8 जुलाई को प्रम्बानन मंदिर का संयुक्त दौरा किया।
मोदी ने एक्स पर हेलीकॉप्टर से लिया हवाई वीडियो साझा कर लिखा — 'भव्य प्रम्बानन मंदिर!' 7 जुलाई को भारत और इंडोनेशिया ने मंदिर की संरक्षण एवं पुनर्स्थापन परियोजना पर आशय पत्र का आदान-प्रदान किया।
10वीं शताब्दी में निर्मित प्रम्बानन दक्षिण-पूर्व एशिया का सबसे बड़ा हिंदू मंदिर परिसर और यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल है।
मोदी की तीन दिवसीय इंडोनेशिया यात्रा में द्विपक्षीय वार्ता, संसद संबोधन और भारतीय समुदाय कार्यक्रम शामिल रहे।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने बुधवार, 8 जुलाई को दक्षिण-पूर्व एशिया के सबसे बड़े हिंदू मंदिर परिसर प्रम्बानन मंदिर का संयुक्त दौरा किया। यह यात्रा योग्याकार्ता से हेलीकॉप्टर के ज़रिए तय की गई और दोनों देशों की सदियों पुरानी सांस्कृतिक साझेदारी का जीवंत प्रतीक बनी।

मोदी का एक्स पर संदेश

प्रधानमंत्री मोदी ने एक्स पर राष्ट्रपति सुबियांतो के साथ अपनी तस्वीर साझा करते हुए लिखा, 'राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो के साथ योग्याकार्ता से प्रम्बानन मंदिर जाते हुए।' उन्होंने हेलीकॉप्टर की खिड़की से लिए गए मंदिर के हवाई दृश्य का वीडियो भी साझा किया और लिखा — 'भव्य प्रम्बानन मंदिर!'

संरक्षण परियोजना का उद्घाटन

इस दौरे का एक अहम पड़ाव रहा प्रम्बानन मंदिर परिसर की संरक्षण एवं पुनर्स्थापन परियोजना का संयुक्त उद्घाटन। 7 जुलाई को भारत और इंडोनेशिया ने इस भारत-समर्थित परियोजना पर आशय पत्र (Letter of Intent) का आदान-प्रदान किया था। यह आदान-प्रदान दोनों नेताओं के बीच हुई द्विपक्षीय वार्ता के बाद हुआ, जिसमें व्यापक रणनीतिक साझेदारी को सुदृढ़ करने और शांतिपूर्ण हिंद-प्रशांत क्षेत्र सुनिश्चित करने पर चर्चा हुई।

प्रम्बानन: इतिहास और महत्व

10वीं शताब्दी में निर्मित प्रम्बानन मंदिर इंडोनेशिया का सबसे बड़ा हिंदू मंदिर परिसर है और यूनेस्को की विश्व धरोहर सूची में शामिल है। यह परिसर मुख्यतः भगवान शिव को समर्पित है और हिंदू त्रिमूर्ति — शिव, विष्णु और ब्रह्मा — के भव्य मंदिरों के साथ-साथ उनके दिव्य वाहनों को समर्पित मंदिर भी इसमें हैं। मंदिर की दीवारों पर रामायण के प्रसंगों को उकेरी गई बारीक नक्काशी भारत और दक्षिण-पूर्व एशिया के बीच गहरे आध्यात्मिक संबंधों की गवाह है।

सभ्यतागत संबंधों पर जोर

गौरतलब है कि मंगलवार को इंडोनेशियाई संसद को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा था कि भारत और इंडोनेशिया का रिश्ता रामायण और महाभारत की साझा विरासत पर टिका है। उन्होंने प्रम्बानन दौरे की घोषणा भी उसी संबोधन में की थी। यह ऐसे समय में आया है जब दोनों देश अपनी रणनीतिक और सांस्कृतिक भागीदारी को नई ऊंचाई देने की कोशिश में हैं।

तीन दिवसीय इंडोनेशिया यात्रा

प्रधानमंत्री मोदी इस समय इंडोनेशिया की तीन दिवसीय राजकीय यात्रा पर हैं। इस दौरान उन्होंने राष्ट्रपति सुबियांतो के साथ द्विपक्षीय वार्ता की, इंडोनेशियाई संसद को संबोधित किया और वहाँ बसे भारतीय समुदाय के एक विशेष कार्यक्रम में भी शिरकत की। प्रम्बानन दौरा इस यात्रा का सांस्कृतिक शिखर माना जा रहा है, जो दोनों देशों के बीच केवल कूटनीतिक नहीं बल्कि सभ्यतागत जुड़ाव को भी रेखांकित करता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली परीक्षा इस बात की होगी कि यह परियोजना समयसीमा और गुणवत्ता के मानकों पर खरी उतरती है या नहीं। रामायण और महाभारत की साझा विरासत की बात करना जितना सहज है, उतना ही कठिन है इस सॉफ्ट पावर को व्यापार, रक्षा और तकनीक के ठोस समझौतों में तब्दील करना — जो इस यात्रा की दीर्घकालिक सफलता का असली पैमाना होगा।
RashtraPress
8 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

PM मोदी ने प्रम्बानन मंदिर का दौरा कब और किसके साथ किया?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 8 जुलाई को इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो के साथ योग्याकार्ता स्थित प्रम्बानन मंदिर का संयुक्त दौरा किया। दोनों नेता हेलीकॉप्टर से मंदिर पहुँचे।
प्रम्बानन मंदिर क्यों महत्वपूर्ण है?
10वीं शताब्दी में निर्मित प्रम्बानन दक्षिण-पूर्व एशिया का सबसे बड़ा हिंदू मंदिर परिसर है और यूनेस्को की विश्व धरोहर सूची में शामिल है। यह मुख्यतः भगवान शिव को समर्पित है और इसकी दीवारों पर रामायण के प्रसंग उकेरे गए हैं।
भारत और इंडोनेशिया के बीच प्रम्बानन संरक्षण परियोजना क्या है?
7 जुलाई को दोनों देशों ने प्रम्बानन मंदिर परिसर की संरक्षण एवं पुनर्स्थापन के लिए भारत-समर्थित परियोजना पर आशय पत्र का आदान-प्रदान किया। यह परियोजना दोनों देशों की साझा सांस्कृतिक विरासत के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
PM मोदी की इंडोनेशिया यात्रा में और क्या-क्या हुआ?
तीन दिवसीय यात्रा के दौरान मोदी ने राष्ट्रपति सुबियांतो के साथ द्विपक्षीय वार्ता की, इंडोनेशियाई संसद को संबोधित किया और वहाँ बसे भारतीय समुदाय के कार्यक्रम में भाग लिया। वार्ता में व्यापक रणनीतिक साझेदारी और हिंद-प्रशांत क्षेत्र में शांति पर चर्चा हुई।
मोदी ने एक्स पर प्रम्बानन के बारे में क्या लिखा?
मोदी ने एक्स पर राष्ट्रपति सुबियांतो के साथ अपनी तस्वीर साझा कर लिखा — 'राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो के साथ योग्याकार्ता से प्रम्बानन मंदिर जाते हुए।' हेलीकॉप्टर से लिए गए हवाई दृश्य के वीडियो के साथ उन्होंने लिखा — 'भव्य प्रम्बानन मंदिर!'
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