भारतीय सहायता से नेपाल के इलाम अस्पताल में इमरजेंसी ब्लॉक का शिलान्यास, ₹9.4 करोड़ होंगे खर्च
सारांश
Key Takeaways
- इलाम अस्पताल में भारत सरकार की 9.4 करोड़ नेपाली रुपये की सहायता से इमरजेंसी ब्लॉक का निर्माण शुरू हुआ।
- भारतीय दूतावास की काउंसलर गीतांजलि ब्रैंडन और मेयर केदार थापा ने शुक्रवार, 24 अप्रैल को शिलान्यास किया।
- परियोजना हाई इम्पैक्ट कम्युनिटी डेवलपमेंट प्रोजेक्ट (HICDP) के तहत क्रियान्वित होगी, जो 2003 से सक्रिय है।
- जनवरी 2024 में HICDP की प्रति परियोजना सहायता सीमा 50 लाख से बढ़ाकर 2 करोड़ नेपाली रुपये की गई।
- 27 मार्च को नई सरकार गठन के बाद से चार बड़ी परियोजनाओं का शिलान्यास और सात MoU पर हस्ताक्षर हो चुके हैं।
- इस इमरजेंसी ब्लॉक से इलाम नगरपालिका और आसपास के पहाड़ी क्षेत्रों के हजारों निवासियों को बेहतर आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी।
काठमांडू, 24 अप्रैल। नेपाल के पूर्वी क्षेत्र में स्थित इलाम नगरपालिका के इलाम अस्पताल में भारत सरकार की आर्थिक सहायता से इमरजेंसी ब्लॉक के निर्माण की औपचारिक शुरुआत हो गई है। इस परियोजना पर लगभग 9.4 करोड़ नेपाली रुपये खर्च किए जाएंगे, जो भारत सरकार द्वारा प्रदान किए जा रहे हैं। यह कदम भारत-नेपाल के बीच बढ़ती विकास साझेदारी का एक और ठोस प्रमाण है।
शिलान्यास समारोह: किसने रखी नींव?
नेपाल स्थित भारतीय दूतावास की काउंसलर गीतांजलि ब्रैंडन और इलाम नगरपालिका के मेयर केदार थापा ने शुक्रवार को संयुक्त रूप से इस परियोजना का शिलान्यास किया। भारतीय दूतावास द्वारा जारी आधिकारिक बयान में इस जानकारी की पुष्टि की गई।
शिलान्यास समारोह में स्थानीय जनप्रतिनिधि और नगरपालिका के अधिकारी भी उपस्थित रहे। मेयर केदार थापा ने इस अवसर पर नेपाल में विकास कार्यों के लिए भारत के निरंतर और अटूट सहयोग की भूरि-भूरि प्रशंसा की।
परियोजना का महत्व और जनता पर असर
मेयर थापा और अन्य स्थानीय प्रतिनिधियों ने कहा कि इस नई आपातकालीन चिकित्सा सुविधा के निर्माण से इलाम नगरपालिका और आसपास के दूरदराज इलाकों के हजारों लोगों को बेहतर, त्वरित और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी। पहाड़ी क्षेत्र होने के कारण इलाम में आपातकालीन चिकित्सा सुविधाओं की कमी लंबे समय से एक बड़ी चुनौती रही है।
यह परियोजना हाई इम्पैक्ट कम्युनिटी डेवलपमेंट प्रोजेक्ट (HICDP) के तहत क्रियान्वित की जा रही है और इसका कार्यान्वयन स्थानीय नगरपालिका द्वारा ही किया जाएगा, जिससे स्थानीय स्वामित्व और जवाबदेही सुनिश्चित होती है।
HICDP: भारत-नेपाल साझेदारी का मजबूत स्तंभ
हाई इम्पैक्ट कम्युनिटी डेवलपमेंट प्रोजेक्ट कार्यक्रम वर्ष 2003 में शुरू किया गया था, जिसे शुरुआत में स्मॉल डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स के नाम से जाना जाता था। यह कार्यक्रम भारत-नेपाल विकास साझेदारी का एक महत्वपूर्ण आधार बन चुका है, जो जमीनी स्तर पर स्वास्थ्य, शिक्षा और सामुदायिक सेवाओं को मजबूत करता है।
जनवरी 2024 में हुए एक नए समझौते के तहत भारत की वित्तीय सहायता की सीमा को प्रति परियोजना 50 लाख नेपाली रुपये से बढ़ाकर 2 करोड़ नेपाली रुपये कर दिया गया है। इस वृद्धि से परियोजनाओं की गुणवत्ता और दायरा दोनों में उल्लेखनीय सुधार आया है।
नई सरकार के बाद भारत-नेपाल सहयोग में तेजी
27 मार्च को बालेंद्र शाह के नेतृत्व में नई सरकार गठन के बाद से भारतीय सहायता से अब तक दो स्वास्थ्य ढांचा परियोजनाओं, एक स्कूल भवन और एक वेस्ट मैनेजमेंट सेंटर का शिलान्यास किया जा चुका है। इसके अलावा, HICDP के तहत सात स्थानीय इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं के लिए समझौता ज्ञापन (MoU) पर भी हस्ताक्षर हो चुके हैं।
यह गति इस बात का संकेत है कि नई सरकार के साथ भारत-नेपाल के द्विपक्षीय संबंध और अधिक सक्रिय एवं परिणामोन्मुखी हो रहे हैं। भारतीय दूतावास ने स्पष्ट किया कि दोनों पड़ोसी देशों के बीच स्वास्थ्य, शिक्षा और सामुदायिक सेवाओं जैसे प्राथमिक क्षेत्रों में सहयोग आगे भी जारी रहेगा।
गहरा संदर्भ: क्यों अहम है यह परियोजना?
यह ध्यान देने योग्य है कि नेपाल में चीन भी बड़े पैमाने पर बुनियादी ढांचा परियोजनाओं में निवेश कर रहा है। ऐसे में भारत का HICDP जैसे जमीनी स्तर के कार्यक्रमों के माध्यम से नेपाल की स्थानीय जरूरतों को पूरा करना रणनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण है। इलाम जैसे पूर्वी नेपाल के क्षेत्र, जो भारत की सीमा के निकट हैं, वहां स्वास्थ्य सुविधाओं का विकास दोनों देशों के सीमावर्ती समुदायों के लिए सीधे लाभकारी है।
आने वाले महीनों में इस इमरजेंसी ब्लॉक के निर्माण की प्रगति और अन्य HICDP परियोजनाओं के क्रियान्वयन पर नजर रखना महत्वपूर्ण होगा, क्योंकि ये परियोजनाएं भारत-नेपाल संबंधों की व्यावहारिक मजबूती का पैमाना तय करेंगी।