नेतन्याहू का दावा: अली लारिजानी और घोलमरेजा सुलेमानी का अंत, नई रणनीतियों का संकेत
सारांश
Key Takeaways
- ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड्स के प्रमुख अली लारिजानी की मौत का दावा।
- ईरानी शासन को कमजोर करने की रणनीति।
- वैश्विक सुरक्षा के लिए कार्रवाई महत्वपूर्ण।
- अमेरिकी प्रशासन के साथ सहयोग।
- नई रणनीतियों का संकेत।
नई दिल्ली, 17 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने इस बात का दावा किया है कि मंगलवार को हमारी कार्रवाई के तहत ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड्स के प्रमुख और बासिज के वरिष्ठ कमांडर अली लारिजानी की मौत हो गई है।
नेतन्याहू ने स्पष्ट किया कि इस कदम का मुख्य उद्देश्य ईरानी शासन को कमजोर करना और जनता को अपने भविष्य का निर्धारण करने का मौका देना है। उन्होंने अमेरिकी प्रशासन के साथ रणनीतिक सहयोग का जिक्र करते हुए बताया कि यह कार्रवाई वैश्विक सुरक्षा और क्षेत्रीय स्थिरता के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
उन्होंने जोर देकर कहा कि दृढ़ संकल्प, रणनीति और भगवान की मदद से इजरायल अब एक शक्तिशाली वैश्विक शक्ति के रूप में उभर रहा है।
प्रधानमंत्री ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट 'एक्स' पर लिखा, "मंगलवार सुबह हमने रिवोल्यूशनरी गार्ड्स के प्रमुख अली लारिजानी को समाप्त कर दिया। वह वही समूह है जो ईरान को संचालित कर रहा है। इसके साथ ही बासिज के कमांडर घोलमरेजा सुलेमानी को भी कार्रवाई में खत्म कर दिया गया है। ये वही लोग हैं जो ईरानी नागरिकों को आतंकित कर रहे हैं।"
उन्होंने कहा कि हम इस शासन को कमजोर कर रहे हैं ताकि ईरानी जनता को इसे हटाने का अवसर मिल सके। यह प्रक्रिया तात्कालिक नहीं होगी और न ही आसान, लेकिन यदि हम लगातार प्रयास करते रहें, तो उन्हें अपनी किस्मत का निर्धारण करने का मौका मिलेगा।
नेतन्याहू ने बताया कि इस कार्रवाई से हम अपने अमेरिकी दोस्तों की सहायता कर रहे हैं। मैंने इस मामले में राष्ट्रपति ट्रंप से वार्ता की थी। हमारी वायुसेना और नौसेना के बीच सहयोग है, और मेरे तथा राष्ट्रपति ट्रंप के बीच भी आपसी सहयोग है। हम अप्रत्यक्ष हमलों के माध्यम से दबाव बनाएंगे और सीधे कार्रवाई भी करेंगे। अभी और भी कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आएंगे।
उन्होंने कहा, "रणनीतियों के माध्यम से ही युद्ध जीते जाते हैं। हम अपनी सभी रणनीतियों का खुलासा नहीं करेंगे, लेकिन हमारे पास ऐसी कई योजनाएं हैं।"
उन्होंने कहा कि युद्ध जीतने के लिए सबसे महत्वपूर्ण है दृढ़ संकल्प, नेता का दृढ़ संकल्प, कमांडर का दृढ़ संकल्प और जनता का दृढ़ संकल्प। हम जीतने के लिए दृढ़ हैं और अपने लक्ष्य प्राप्त करेंगे।
नेतन्याहू ने कहा, "मैं आपसे निवेदन करता हूं कि आप निराशा फैलाने वाले चैनलों को पूरी तरह से नजरअंदाज करें। भगवान की कृपा से हम ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल कर रहे हैं। सात अक्टूबर के बाद हम एक मजबूत शक्ति बन गए हैं, लगभग एक वैश्विक शक्ति, जो अपने मित्र, वैश्विक महाशक्ति, के साथ मिलकर लड़ रही है। हमारे सामने आने वाले सभी खतरों के बावजूद, यह अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि है।"
उन्होंने कहा, "हम आपकी भी मदद करेंगे। मुआवजे से संबंधित सभी मामलों के लिए मैंने निर्देश दिए हैं कि इसका पूरा ढांचा आपके सामने प्रस्तुत किया जाए और इसका विस्तार किया जाए। हम उत्तरी क्षेत्र की मदद करेंगे और जरूरतमंद हर व्यक्ति की सहायता करेंगे। जैसे हमने पहले 'ऑपरेशन राइजिंग लायन' और कोविड-19 महामारी के दौरान किया था। इस बार हम इसे और भी अधिक गंभीरता से करेंगे।"