उत्तर कोरिया की विदेश मंत्री चोए सोन हुई मास्को पहुंचीं, लावरोव से होगी अहम द्विपक्षीय वार्ता
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर कोरिया की विदेश मंत्री चोए सोन हुई 18 जुलाई को मास्को पहुंचीं और रूस के आधिकारिक दौरे पर हैं, जहाँ वह अपने रूसी समकक्ष सर्गेई लावरोव के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगी। रूस के विदेश मंत्रालय ने इस यात्रा की आधिकारिक पुष्टि की है और बताया है कि यह दौरा लावरोव के निमंत्रण पर हो रहा है।
यात्रा की पृष्ठभूमि
रिपोर्टों के अनुसार, अक्टूबर 2025 के बाद यह चोए सोन हुई की रूस की पहली आधिकारिक यात्रा है। चोए उत्तर कोरियाई नेता किम जोंग उन के सत्ता में आने के बाद पिछले एक दशक में देश की सबसे प्रभावशाली राजनयिकों में गिनी जाती हैं और विदेश नीति निर्माण में उनकी केंद्रीय भूमिका मानी जाती है। यह यात्रा ऐसे समय में हो रही है जब मास्को और प्योंगयांग के बीच रणनीतिक, सैन्य और आर्थिक सहयोग तेज़ी से गहरा हुआ है।
रूस-उत्तर कोरिया संबंधों की मज़बूत होती बुनियाद
जून 2024 में दोनों देशों ने आपसी रक्षा प्रावधान वाली 'व्यापक रणनीतिक साझेदारी संधि' पर हस्ताक्षर किए, जिसके तहत किसी भी देश पर हमला होने पर एक-दूसरे को सैन्य सहायता देना शामिल है। इस संधि के बाद से दोनों देशों के बीच सहयोग के नए आयाम खुले हैं।
कथित तौर पर उत्तर कोरिया ने रूस की ओर से लड़ने के लिए तोप के गोले, हथियार और कुर्स्क क्षेत्र में हज़ारों सैनिक एवं श्रमिक भेजे हैं। बदले में मास्को ने प्योंगयांग को उन्नत सैन्य, उपग्रह और अंतरिक्ष तकनीक उपलब्ध कराने में सहयोग किया है।
वार्ता का संभावित एजेंडा
विश्लेषकों का मानना है कि इस बैठक में रक्षा एवं सुरक्षा सहयोग, क्षेत्रीय सुरक्षा स्थिति और अन्य द्विपक्षीय मुद्दों पर चर्चा हो सकती है। गौरतलब है कि दोनों विदेश मंत्रियों की बैठक के एजेंडे की विस्तृत जानकारी अभी सार्वजनिक नहीं की गई है। रूस के विदेश मंत्रालय ने केवल इतना कहा है कि यह यात्रा दोनों देशों के बीच बढ़ते सहयोग के क्रम में हो रही है।
वैश्विक संदर्भ और आगे की राह
यह दौरा तब हो रहा है जब पश्चिमी देश रूस-उत्तर कोरिया के बढ़ते रक्षा सहयोग को लेकर गहरी चिंता जता रहे हैं। आलोचकों का कहना है कि यह साझेदारी अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों का उल्लंघन करती है और क्षेत्रीय स्थिरता के लिए खतरा है। इस वार्ता के नतीजे आने वाले हफ्तों में दोनों देशों के कूटनीतिक संबंधों की दिशा तय करेंगे।