31 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

एससीओ के विकास में चीन की अहम भूमिका: उप महासचिव सैदमुरोदजोदा ने 27 देशों वाले संगठन की उपलब्धियाँ गिनाईं

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
एससीओ के विकास में चीन की अहम भूमिका: उप महासचिव सैदमुरोदजोदा ने 27 देशों वाले संगठन की उपलब्धियाँ गिनाईं

सारांश

एससीओ के उप महासचिव ने माना — चीन के बिना यह संगठन इतना बड़ा नहीं होता। 6 से 27 देशों तक का सफर, 50+ क्षेत्रों में सहयोग और 2026-2035 की नई रणनीति — थ्येनचिन शिखर सम्मेलन के बाद एससीओ एक नए अध्याय में प्रवेश कर रहा है।

मुख्य बातें

एससीओ सचिवालय के उप महासचिव अहमद सैदमुरोदजोदा ने चीन को संगठन के विकास का प्रमुख उत्प्रेरक बताया।
एससीओ अब 6 संस्थापक सदस्यों से बढ़कर 27 देशों वाला विश्व का सबसे बड़ा क्षेत्रीय संगठन बन चुका है।
संगठन 50 से अधिक क्षेत्रों में सहयोग करता है; इसकी जनसंख्या विश्व की लगभग आधी और आर्थिक उत्पादन दुनिया का करीब एक चौथाई है।
थ्येनचिन शिखर सम्मेलन 2025 में पारित '2026-2035 विकास रणनीति' ने संगठन का नया रोडमैप तय किया।
चीन ने एससीओ अध्यक्षता के प्रत्येक कार्यकाल में सुरक्षा, व्यापार और मानविकी क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ावा दिया।

शांगहाई सहयोग संगठन (एससीओ) के सचिवालय के उप महासचिव अहमद सैदमुरोदजोदा ने कहा है कि संस्थापक सदस्य के रूप में चीन लगातार सहयोग के एजेंडे का विस्तार करते हुए एससीओ के विकास और विस्तार में एक महत्वपूर्ण उत्प्रेरक की भूमिका निभा रहा है। यह बयान 31 अगस्त 2026 को बीजिंग से सामने आया, जो थ्येनचिन शिखर सम्मेलन के बाद संगठन की दिशा पर वैश्विक चर्चा के बीच विशेष महत्व रखता है।

एससीओ की विकास यात्रा

वर्ष 2001 में स्थापना के बाद से एससीओ ने अपना एक स्वतंत्र मार्ग अपनाया है। संस्थापक सदस्य देशों ने शुरू से ही संयुक्त राष्ट्र चार्टर के उद्देश्यों और सिद्धांतों का पालन करने का संकल्प लिया तथा अन्य देशों एवं अंतर्राष्ट्रीय संगठनों के साथ सहयोग की प्रतिबद्धता जताई। सैदमुरोदजोदा के अनुसार, प्रारंभिक 6 संस्थापक सदस्य देशों से शुरू हुआ यह संगठन आज 27 देशों के साथ विश्व का सबसे बड़ा क्षेत्रीय संगठन बन चुका है।

संगठन का वैश्विक कद

आज एससीओ 50 से अधिक क्षेत्रों में सहयोग कर रहा है। संगठन की सम्मिलित जनसंख्या विश्व की लगभग आधी है, जबकि इसका आर्थिक उत्पादन दुनिया के कुल उत्पादन का लगभग एक चौथाई है। यह ऐसे समय में आया है जब बहुपक्षीय संस्थाओं की प्रासंगिकता पर वैश्विक स्तर पर बहस तेज़ हो रही है।

चीन की भूमिका और योगदान

सैदमुरोदजोदा ने रेखांकित किया कि एससीओ की अध्यक्षता के प्रत्येक कार्यकाल में चीन ने क्षेत्रीय सुरक्षा, आर्थिक-व्यापार तथा मानविकी के क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उनके अनुसार, इससे क्षेत्रीय और वैश्विक मामलों में संगठन की भूमिका और प्रभाव में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। गौरतलब है कि चीन एससीओ की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है और संगठन के वित्तपोषण में उसकी हिस्सेदारी सबसे अधिक मानी जाती है।

थ्येनचिन शिखर सम्मेलन की उपलब्धियाँ

वर्ष 2025 के एससीओ शिखर सम्मेलन (थ्येनचिन) को उप महासचिव ने 'भरपूर उपलब्धियों और व्यावहारिक योजनाओं' से भरा बताया। सम्मेलन में पारित 'एससीओ की अगले 10 वर्षों (2026-2035) की विकास रणनीति' सहित कई महत्वपूर्ण दस्तावेज़ों ने संगठन के भविष्य के लिए दिशा-निर्देश तय किए हैं। सैदमुरोदजोदा के अनुसार, इन दस्तावेज़ों ने एससीओ के विकास का एक नया अध्याय शुरू किया है।

आगे की राह

2026-2035 की विकास रणनीति के साथ एससीओ अपने विस्तार को संस्थागत रूप देने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। विश्लेषकों का मानना है कि 27 सदस्यों वाले इस विविध संगठन में आंतरिक सहमति बनाना आने वाले वर्षों में सबसे बड़ी चुनौती होगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

यह असली सवाल है जिसका जवाब अभी बाकी है।
RashtraPress
31 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

शांगहाई सहयोग संगठन (एससीओ) क्या है और इसमें कितने देश हैं?
एससीओ वर्ष 2001 में स्थापित एक बहुपक्षीय क्षेत्रीय संगठन है, जो अब 27 सदस्य देशों के साथ विश्व का सबसे बड़ा क्षेत्रीय संगठन बन चुका है। इसकी सम्मिलित जनसंख्या विश्व की लगभग आधी और आर्थिक उत्पादन दुनिया का करीब एक चौथाई है।
एससीओ में चीन की भूमिका क्यों महत्वपूर्ण मानी जाती है?
चीन एससीओ के संस्थापक सदस्यों में से एक है और संगठन की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है। उप महासचिव सैदमुरोदजोदा के अनुसार, अध्यक्षता के प्रत्येक कार्यकाल में चीन ने सुरक्षा, व्यापार और मानविकी क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ावा दिया है।
थ्येनचिन एससीओ शिखर सम्मेलन 2025 में क्या हुआ?
थ्येनचिन शिखर सम्मेलन 2025 में 'एससीओ की अगले 10 वर्षों (2026-2035) की विकास रणनीति' सहित कई महत्वपूर्ण दस्तावेज़ पारित किए गए। उप महासचिव ने इसे भरपूर उपलब्धियों और व्यावहारिक योजनाओं वाला सम्मेलन बताया।
एससीओ की 2026-2035 विकास रणनीति में क्या है?
यह रणनीति संगठन के अगले एक दशक के विकास के लिए दिशा-निर्देश तय करती है। इसमें क्षेत्रीय सुरक्षा, आर्थिक सहयोग और मानविकी के क्षेत्रों में साझेदारी को और गहरा करने की योजना शामिल है, हालांकि क्रियान्वयन की बाध्यकारी प्रकृति पर स्पष्टता अभी बाकी है।
एससीओ किन क्षेत्रों में सहयोग करता है?
एससीओ वर्तमान में 50 से अधिक क्षेत्रों में सहयोग करता है, जिनमें क्षेत्रीय सुरक्षा, व्यापार, ऊर्जा, परिवहन, कृषि और सांस्कृतिक आदान-प्रदान प्रमुख हैं। संगठन की स्थापना के समय यह दायरा बहुत सीमित था।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 11 महीने पहले
  3. 12 महीने पहले
  4. 1 साल पहले
  5. 1 साल पहले
  6. 1 साल पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले