ट्रंप का कोयला प्लांट्स पर बड़ा ऐलान: $500 मिलियन से 14,000 नौकरियाँ, एक्सपोर्ट टर्मिनल को हरी झंडी
सारांश
मुख्य बातें
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप गुरुवार को ओवल ऑफिस से कोयला उद्योग से जुड़े तीन बड़े ऐलान करने वाले हैं — जिनमें मौजूदा कोयला प्लांट्स को बचाना, अमेरिकी कोयले का निर्यात बढ़ाना और नए कोयला आधारित बिजली संयंत्रों का निर्माण शामिल है। व्हाइट हाउस के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, इन तीनों उपायों से कोयला, निर्माण, रेल और समुद्री क्षेत्र में 14,000 से अधिक नौकरियाँ पैदा होने और बिजली उत्पादन में $50 बिलियन की बचत होने का अनुमान है।
घोषणा में क्या शामिल है
इस पैकेज का सबसे बड़ा हिस्सा डिफेंस प्रोडक्शन एक्ट के तहत देशभर के 13 कोयला पावर प्लांट्स को $425 मिलियन की फेडरल फंडिंग देने का है। व्हाइट हाउस के अनुसार, इस राशि से इन संयंत्रों की परिचालन आयु बढ़ाने के लिए अपग्रेड किए जाएँगे, ग्रिड की विश्वसनीयता मजबूत होगी और बिजली की बढ़ती माँग के बीच कीमतें नियंत्रित रखने में मदद मिलेगी।
जिन राज्यों के प्लांट्स को यह समर्थन मिलेगा उनमें पश्चिमी वर्जीनिया, केंटकी, उत्तरी कैरोलिना, इंडियाना, टेनेसी, अर्कांसस, एरिजोना, ओक्लाहोमा, उत्तरी डकोटा और विस्कॉन्सिन शामिल हैं। अधिकारियों ने यह भी कहा कि इस फंडिंग से पेन्सिलवेनिया, केंटकी, पश्चिमी वर्जीनिया, ओहायो, इंडियाना, इलिनोइस, व्योमिंग, उत्तरी डकोटा और न्यू मैक्सिको की उन कोयला खदानों को भी लाभ होगा जो इन संयंत्रों को ईंधन की आपूर्ति करती हैं।
ओकलैंड एक्सपोर्ट टर्मिनल को मिलेगी रफ्तार
दूसरी घोषणा के तहत ट्रंप कैलिफोर्निया के ओकलैंड में वेस्ट गेटवे टर्मिनल के निर्माण के लिए डिफेंस प्रोडक्शन एक्ट के अंतर्गत $75 मिलियन देने की उम्मीद है। यह परियोजना वर्षों से अटकी हुई है। व्हाइट हाउस के अनुसार, यह टर्मिनल इस गर्मी में शुरू होगा और 2028 की गर्मियों तक कोयले का निर्यात शुरू कर देगा।
सरकारी अनुमान के मुताबिक, यह टर्मिनल चौबीसों घंटे संचालित होगा और प्रतिवर्ष 1.2 करोड़ टन से अधिक अमेरिकी कोयले का प्रबंधन करेगा — जो सालाना $1 बिलियन से अधिक का निर्यात है। इस परियोजना से ऑन-साइट 1,400 से अधिक नौकरियाँ और पश्चिमी अमेरिका में हजारों अतिरिक्त रोजगार — माइनर्स, रेलवे कर्मचारी, पोर्ट वर्कर्स, इंजीनियर और निर्माण श्रमिक — पैदा होने की उम्मीद है। व्योमिंग, यूटा और अन्य पश्चिमी राज्यों के कोयला उत्पादक समुदायों को बढ़ी हुई निर्यात माँग से सीधा फायदा होने की संभावना है।
2013 के बाद पहले नए कोयला प्लांट
पैकेज के तीसरे हिस्से में ऊर्जा विभाग (Department of Energy) की ग्रांट फंडिंग से लगभग $200 मिलियन शामिल हैं। यह राशि अलास्का और पश्चिमी वर्जीनिया में दो नए कोयला आधारित पावर प्लांट के निर्माण और मैरीलैंड में एक बंद पड़े कोयला प्लांट को पुनः चालू करने में लगाई जाएगी।
व्हाइट हाउस ने कहा कि ये 2013 के बाद अमेरिका में बनने वाले पहले नए कोयला संयंत्र होंगे। अधिकारियों के अनुसार, इसमें भाग लेने वाली कंपनियाँ फेडरल फंडिंग के बराबर या उससे अधिक निवेश करेंगी, जिससे इन परियोजनाओं में कुल निवेश लगभग $386 मिलियन हो जाएगा।
रोजगार और ऊर्जा सुरक्षा पर जोर
व्हाइट हाउस ने अनुमान लगाया है कि मौजूदा कोयला प्लांट्स को चालू रखने से कोयला क्षेत्र से जुड़ी करीब 12,500 नौकरियाँ बनी रहेंगी। अधिकारियों ने कहा कि कोयले में निवेश से बेसलोड बिजली क्षमता सुरक्षित होगी और पावर स्टेशनों, खदानों तथा कोयला-आधारित उद्योगों में रोजगार को बल मिलेगा।
इस ऐलान के समय गृह सचिव डग बर्गम, ऊर्जा सचिव क्रिस राइट और पर्यावरण सुरक्षा एजेंसी (EPA) के प्रशासक ली जेल्डिन के भी राष्ट्रपति ट्रंप के साथ मौजूद रहने की उम्मीद है। यह घोषणा ऐसे समय में आई है जब अमेरिका में ऊर्जा नीति को लेकर तीखी बहस चल रही है और नवीकरणीय ऊर्जा समर्थक इस कदम को जलवायु लक्ष्यों के विरुद्ध बता रहे हैं।