पीएम मोदी और ट्रंप की बातचीत: इजरायल-लेबनान सीजफायर की राह में नई उम्मीदें
सारांश
Key Takeaways
- ट्रंप और मोदी के बीच सकारात्मक बातचीत हुई।
- ईरान के साथ सीजफायर पर डील की उम्मीद।
- इजरायल-लेबनान के बीच सीजफायर का प्रयास जारी।
- हिज्बुल्लाह के शामिल होने की संभावना।
- ट्रंप का पाकिस्तान दौरा संभव।
वाशिंगटन, 16 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से फोन पर बातचीत की। अमेरिकी राष्ट्रपति ने बताया कि पीएम मोदी के साथ उनकी बातचीत बहुत अच्छी रही और प्रधानमंत्री ने इजरायल और लेबनान के बीच सीजफायर की कोशिशों को लेकर सकारात्मक उम्मीद जताई।
राष्ट्रपति ट्रंप ने इस बातचीत को लेकर कहा, “मेरी उनसे बहुत अच्छी बात हुई। वह बहुत अच्छा कर रहे हैं।” उन्होंने बताया कि दोनों नेताओं के बीच हुई बातचीत सकारात्मक थी।
इस बीच, ट्रंप ने जानकारी दी है कि यदि ईरान के साथ सीजफायर को लेकर कोई समझौता होता है, तो वह पाकिस्तान जा सकते हैं। यह अमेरिका के किसी राष्ट्रपति का पाकिस्तान का दौरा कई सालों के बाद होगा।
सुरक्षा कारणों से अमेरिका का कोई राष्ट्रपति लंबे समय से पाकिस्तान नहीं गया है। व्हाइट हाउस के संवाददाताओं से बातचीत करते हुए ट्रंप ने कहा कि यदि चल रही डिप्लोमेसी से संबंधित कोई डील फाइनल होती है, तो वह पाकिस्तान जा सकते हैं। उन्होंने कहा, “मैं पाकिस्तान जाऊंगा। अगर इस्लामाबाद में डील साइन होती है, तो मैं शायद जाऊंगा। वहां के लोग मुझे चाहते हैं। पाकिस्तान बहुत अच्छा रहा है।”
ट्रंप की यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है जब अमेरिका मिडिल ईस्ट में कई डिप्लोमैटिक प्रयास कर रहा है, जिसमें ईरान के साथ बातचीत और इजरायल-लेबनान सीमा पर दुश्मनी रोकने की कोशिशें शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि इजरायल और लेबनान के बीच एक सीजफायर व्यवस्था बन रही है और इसमें हिज्बुल्लाह भी शामिल हो सकता है। उन्होंने कहा, "वे सभी सहमत हैं। यह लगभग एक हफ्ते के लिए एक बहुत अच्छा छोटा पैकेज है।"
ट्रंप ने कहा कि उन्होंने इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और लेबनान की नेतृत्व से बातचीत की है। हम नेतन्याहू और लेबनान के राष्ट्रपति से मिलने वाले हैं। उन्होंने इस विकास को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने इजरायल-लेबनान के बीच सीधे संबंधों की संभावनाओं की ओर भी इशारा किया और कहा, "हम एक मीटिंग करने जा रहे हैं, 44 साल में पहली बार और यह व्हाइट हाउस में हो सकती है।"
हिज्बुल्लाह के बारे में ट्रंप ने कहा कि उन्हें सीजफायर का पालन करने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि इसका उद्देश्य हिंसा को कम करना है। हम बहुत सारे बम नहीं गिराएंगे, हम देखेंगे कि क्या हम लेबनान और इजरायल के बीच शांति बना सकते हैं।
ट्रंप ने टाइमिंग के बारे में पूछे जाने पर कहा, "अगले एक या दो हफ्ते में यह मीटिंग हो सकती है।" उन्होंने आगे कहा कि हिज्बुल्लाह से निपटने में लेबनान की भूमिका होगी। राष्ट्रपति ने यह भी इशारा किया कि अगर बातचीत आगे बढ़ती है तो वे इस इलाके का दौरा कर सकते हैं। उन्होंने कहा, “मैं निश्चित रूप से सही समय पर वहां जाऊंगा।”