ट्रंप का खुलासा: शी जिनपिंग से मुलाकात में चीन को हथियार बेचने पर कोई बात नहीं हुई
सारांश
मुख्य बातें
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 29 सितंबर को व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान स्पष्ट किया कि चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ हुई बैठक में चीन को अमेरिकी सैन्य उपकरण बेचने पर कोई चर्चा नहीं हुई थी। यह स्पष्टीकरण तब आया जब एक पत्रकार ने चीन में अमेरिकी राजदूत डेविड परड्यू के एक टेलीविजन साक्षात्कार का हवाला दिया, जिसमें कथित तौर पर ऐसी बिक्री का संकेत दिया गया था।
विवाद की शुरुआत कैसे हुई
पत्रकार ने ट्रंप से पूछा कि क्या उन्होंने राष्ट्रपति शी को चीन को अमेरिकी सैन्य सामग्री बेचने का सुझाव दिया था। इस प्रश्न का आधार राजदूत डेविड परड्यू का 'फॉक्स न्यूज संडे' पर दिया गया बयान था। ट्रंप ने पहले आश्चर्य जताते हुए पूछा, "चीन को?" और फिर यह जानने पर कि पत्रकार का आशय चीन से ही है, उन्होंने पलटकर पूछा, "आपका मतलब ताइवान से है?"
जब पत्रकार ने दोहराया कि परड्यू ने चीन का उल्लेख किया था, तब ट्रंप ने कहा, "मैंने इसके बारे में कभी नहीं सुना। मुझे उनसे पूछना होगा।" इस जवाब से राजदूत के सटीक शब्दों को लेकर स्थिति पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो पाई।
ट्रंप का रुख और उनके शब्द
ट्रंप ने इस विषय पर आगे कहा, "वे शायद इसे खरीदना चाहेंगे, क्योंकि हम उनसे बेहतर उपकरण बनाते हैं, इसलिए शायद यह एक अच्छा विचार है, लेकिन हमने इस पर चर्चा नहीं की।" उन्होंने यह भी जोड़ा कि संभवतः परड्यू ताइवान के संदर्भ में बात कर रहे थे, न कि चीन के।
गौरतलब है कि ट्रंप ने किसी भी देश को हथियार बेचने का कोई प्रस्ताव नहीं रखा और न ही यह संकेत दिया कि शी के साथ बातचीत के एजेंडे में हथियारों की बिक्री शामिल थी।
व्हाइट हाउस कार्यक्रम का संदर्भ
यह विषय उस कार्यक्रम के दौरान उठा जिसमें ट्रंप ने रुइया परिवार से जुड़ी एक कंपनी द्वारा आयोवा में स्टील क्षेत्र में प्रस्तावित निवेश की घोषणा की। उन्होंने इस अवसर का उपयोग यह तर्क देने के लिए किया कि अमेरिका को अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए आवश्यक सामग्री — जैसे विमान और टैंक — स्वयं निर्मित करनी चाहिए।
ट्रंप ने सवाल उठाया कि क्या टैंक निर्माण के लिए स्टील के मामले में वाशिंगटन चीन पर निर्भर रह सकता है। इसके बाद वे शी के साथ अपनी बैठक के सकारात्मक मूल्यांकन पर आ गए और अमेरिकी औद्योगिक क्षमता बढ़ाने की अपील की।
अमेरिका चीन संबंधों पर ट्रंप का आकलन
बाद में कनाडा के साथ व्यापार पर चर्चा के दौरान ट्रंप ने कहा कि अमेरिका के चीन के साथ अच्छे संबंध हैं और वह अन्य देशों के साथ भी समझौते करता है। उन्होंने इस दौरान सैन्य उपकरणों का कोई और उल्लेख नहीं किया और न ही शी के साथ हुई बातचीत के बारे में अतिरिक्त जानकारी दी।
यह ऐसे समय में आया है जब अमेरिका चीन व्यापार और कूटनीतिक संबंध कई मोर्चों पर नाज़ुक दौर से गुज़र रहे हैं। आने वाले दिनों में परड्यू के बयान की आधिकारिक व्याख्या और व्हाइट हाउस का स्पष्टीकरण इस विषय पर और रोशनी डाल सकता है।