ट्रंप का बयान: ईरान से गहरी बातचीत, सैन्य कार्रवाई की चेतावनी
सारांश
Key Takeaways
- अमेरिका और ईरान के बीच गहरी बातचीत जारी है।
- संघर्ष विराम के लिए गंभीर प्रयास किए जा रहे हैं।
- ट्रंप ने सैन्य कार्रवाई की चेतावनी दी है।
- मध्यस्थ देशों की भूमिका महत्वपूर्ण है।
- समझौते के लिए समय सीमा निर्धारित की गई है।
नई दिल्ली, 6 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इजरायली मीडिया को बताया कि अमेरिका, ईरान के साथ संघर्ष विराम स्थापित करने हेतु “गंभीर” बातचीत कर रहा है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अमेरिका इस संघर्ष को अधूरा नहीं छोड़ेगा।
ट्रंप ने बताया कि उनकी सरकार ईरान के साथ कई माध्यमों से संपर्क साधे हुए है। इन प्रयासों की अगुवाई उनके सलाहकार स्टीव विटकॉफ और जैरेड कुशनर कर रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार, बातचीत दो तरीकों से जारी है। पहला, पाकिस्तान, मिस्र और तुर्की जैसे देशों के माध्यम से अप्रत्यक्ष वार्ता। दूसरा, अमेरिकी प्रतिनिधियों और ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची के बीच सीधा संपर्क।
इन मध्यस्थ देशों की कोशिश है कि दोनों पक्ष ऐसे कदमों पर सहमत हों जिससे अमेरिका द्वारा निर्धारित समय सीमा को बढ़ाया जा सके। हालाँकि, हाल ही में हुई फोन वार्ता से कोई खास परिणाम सामने नहीं आया है।
ट्रंप ने चैनल 12 से कहा कि मंगलवार की निर्धारित समय सीमा से पहले समझौता होने की “एक अच्छी संभावना” है। लेकिन उन्होंने चेतावनी दी कि यदि ऐसा नहीं हुआ, तो अमेरिका क्षेत्र में “कड़ी कार्रवाई” करेगा।
रविवार को ट्रंप ने सोशल मीडिया पर लिखा, “मंगलवार, रात 8:00 बजे (ईस्टर्न टाइम)”। यह संदेश इस बात का संकेत है कि ईरान द्वारा 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' को फिर से खोलने के लिए दी गई समय सीमा को शायद बढ़ाया जा सकता है।
इससे पहले रविवार को ही ट्रंप ने चेतावनी दी थी कि मंगलवार ईरान के लिए “पावर प्लांट डे और ब्रिज डे” जैसा होगा, यानी उस दिन कड़ी कार्रवाई हो सकती है। उन्होंने फिर से ईरान से स्ट्रेट खोलने का आग्रह किया।
द वॉल स्ट्रीट जर्नल को दिए इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि अगर ईरान ने मंगलवार शाम तक स्ट्रेट नहीं खोला, तो अमेरिका उसके सभी पावर प्लांट नष्ट कर सकता है।
ट्रंप ने कहा, “यदि वे बात नहीं मानते, यदि वे इसे बंद रखना चाहते हैं, तो उन्हें अपने सभी पावर प्लांटों को छोड़ना पड़ेगा।”
फॉक्स न्यूज से फोन पर बातचीत में ट्रंप ने कहा कि ईरान के साथ चल रहा यह संघर्ष सोमवार तक समाप्त करने के लिए समझौता किया जा सकता है।