अमेरिकी स्वतंत्रता की 250वीं वर्षगांठ पर विशेष पासपोर्ट लॉन्च, रुबियो बोले — 'यह राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक'
सारांश
मुख्य बातें
अमेरिकी विदेश विभाग ने 3 जुलाई 2025 को वाशिंगटन में अमेरिकी स्वतंत्रता की 250वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में एक विशेष स्मारक पासपोर्ट लॉन्च किया। विदेश सचिव मार्को रुबियो ने इस अवसर पर कहा कि यह दस्तावेज़ केवल यात्रा की अनुमति देने वाला कागज़ नहीं, बल्कि अमेरिका की विरासत, मूल्यों और राष्ट्रीय पहचान का जीवंत प्रतीक है। यह विशेष संस्करण 6 जुलाई से आम नागरिकों के लिए उपलब्ध होगा।
पासपोर्ट की विशेषताएँ
इस स्मारक संस्करण में अमेरिका की स्थापना से जुड़ी कस्टम आर्टवर्क शामिल की गई है, जबकि सामान्य अमेरिकी पासपोर्ट की समस्त सुरक्षा विशेषताएँ पूरी तरह बरकरार रखी गई हैं। पासपोर्ट को एक विशेष प्रेजेंटेशन बॉक्स में प्रदान किया जाएगा, जिसके साथ प्रामाणिकता का प्रमाणपत्र (सर्टिफिकेट ऑफ ऑथेंटिसिटी) भी संलग्न होगा।
भविष्य के संस्करणों में दस्तावेज़ में अंकित अमेरिकी इतिहास के महत्वपूर्ण क्षणों से संबंधित लघु वीडियो से जुड़े क्यूआर कोड भी शामिल किए जाने की योजना है। रुबियो ने कहा, 'जब आप उस क्यूआर कोड पर जाएंगे, तो यह आपको अमेरिकी इतिहास के उस क्षण की वीडियो प्रस्तुति की ओर ले जाएगा। हमें लगता है कि यह गर्व का एक बड़ा स्रोत होगा।'
डिजिटल आधुनिकीकरण की योजना
रुबियो ने बताया कि यह लॉन्च अमेरिकी पासपोर्ट कार्यक्रम को आधुनिक बनाने की एक व्यापक पहल का हिस्सा है। आने वाले महीनों में पासपोर्ट आवेदन प्रक्रिया के अधिकांश चरणों को डिजिटल किया जाएगा। उन्होंने कहा, 'आप लगभग सारा काम पूरी तरह से ऑनलाइन कर पाएंगे।'
प्रस्तावित नई प्रणाली के अंतर्गत आवेदक अपने कंप्यूटर या मोबाइल डिवाइस के कैमरे से पासपोर्ट फोटो खींच सकेंगे। विभाग की सुरक्षा प्रणाली के माध्यम से फेशियल वेरिफिकेशन पूरा किया जाएगा, जिससे फोटो स्टूडियो जाने की आवश्यकता काफी हद तक समाप्त हो जाएगी। रुबियो के अनुसार, इससे 'लंबे इंतजार, लंबी लाइनों और अपॉइंटमेंट में उल्लेखनीय कमी आएगी।'
राष्ट्रपति ट्रंप को मिला पहला संस्करण
रुबियो ने बताया कि लॉन्च से पूर्व उन्होंने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को इस स्मारक पासपोर्ट का पहला संस्करण भेंट किया। उन्होंने कहा, 'मैंने आज सुबह राष्ट्रपति ट्रंप को यह दिया और उन्हें यह बहुत पसंद आया। वे इसे कुछ दिनों के लिए अपने पास रखना चाहते थे ताकि कार्यालय में आने वाले हर व्यक्ति को दिखा सकें।'
विदेश विभाग का आधिकारिक बयान
अमेरिकी विदेश विभाग ने एक आधिकारिक बयान में कहा कि यह स्मारक पासपोर्ट 'साझा इतिहास और अगले 250 वर्षों तक नेतृत्व करने, नवाचार करने और प्रेरित करने की निरंतर प्रतिबद्धता' को दर्शाता है। विभाग ने यह भी कहा कि यह दस्तावेज़ 'स्वतंत्रता, स्व-शासन और एकता के चिरस्थायी आदर्शों' का सम्मान करता है और उन उच्च सुरक्षा मानकों को बनाए रखता है जिन्होंने अमेरिकी पासपोर्ट को यात्रा एवं पहचान दस्तावेज़ों में 'गोल्ड स्टैंडर्ड' का दर्जा दिलाया है।
यह ऐसे समय में आया है जब अमेरिका अपनी स्थापना के 250 वर्ष पूरे कर रहा है — एक ऐसा अवसर जो केवल उत्सव नहीं, बल्कि राष्ट्रीय पहचान के पुनर्संकल्प का भी क्षण है।