टेड्रोस ने PM मोदी का जताया आभार, ब्रिक्स 2026 की 'हेल्थ फॉर ऑल' प्रतिबद्धता को सराहा
सारांश
मुख्य बातें
विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के महानिदेशक टेड्रोस अधानोम घेब्रेयसस ने 13 सितंबर 2026 को 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिए गए गर्मजोशी भरे स्वागत के लिए उनका आभार व्यक्त किया। उन्होंने वैश्विक स्वास्थ्य सहयोग को सुदृढ़ करने और 'हेल्थ फॉर ऑल' के लक्ष्य को साकार करने में ब्रिक्स देशों की प्रतिबद्धता की खुलकर सराहना की।
एक्स पर टेड्रोस का आभार-संदेश
टेड्रोस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट के ज़रिए प्रधानमंत्री मोदी का धन्यवाद किया। उन्होंने लिखा कि वे ब्रिक्स नेताओं की ओर से डब्ल्यूएचओ और बहुपक्षवाद के लिए मिले मज़बूत समर्थन की सराहना करते हैं।
टेड्रोस ने अपने संदेश में कहा, 'नई दिल्ली घोषणा में सार्वभौमिक स्वास्थ्य कवरेज, मज़बूत और लचीली स्वास्थ्य प्रणालियों, महामारी समझौते के तहत पैथोजन एक्सेस एंड बेनिफिट शेयरिंग एनेक्स पर वार्ता सफलतापूर्वक पूरी करने, टीबी को समाप्त करने के प्रयासों, स्वास्थ्यकर्मियों को मज़बूत करने, डिजिटल स्वास्थ्य, पारंपरिक चिकित्सा के एकीकरण और हेल्थ फॉर ऑल को सुनिश्चित करने की प्रतिबद्धता जताई गई है।'
नई दिल्ली घोषणा 2026: मुख्य बिंदु
शनिवार, 12 सितंबर 2026 को नई दिल्ली में अपनाई गई 'नई दिल्ली घोषणा 2026' में वैश्विक स्वास्थ्य पहलों में सहयोग बढ़ाने का संकल्प दोहराया गया। घोषणा में लचीले, समावेशी और लोगों को केंद्र में रखने वाले दृष्टिकोण के ज़रिए सार्वभौमिक स्वास्थ्य कवरेज को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता भी व्यक्त की गई।
घोषणा में यह भी रेखांकित किया गया कि ब्रिक्स देशों के बीच निरंतर सहयोग अनिवार्य है और स्वास्थ्य परिणामों में सुधार के लिए अनुभवों, नवाचारों तथा सर्वोत्तम प्रक्रियाओं को साझा किया जाना चाहिए। नेताओं ने बहुपक्षीय स्वास्थ्य सहयोग में डब्ल्यूएचओ की महत्वपूर्ण समन्वयकारी भूमिका को विशेष रूप से रेखांकित किया।
टीबी उन्मूलन पर विशेष ज़ोर
ब्रिक्स नेताओं ने जुलाई 2026 में चंडीगढ़ में हुई 16वीं ब्रिक्स स्वास्थ्य मंत्रियों की बैठक के परिणामों का स्वागत किया। टीबी को वैश्विक सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए गंभीर चुनौती बताते हुए नेताओं ने समन्वित कार्रवाई, निरंतर निवेश, अनुसंधान और नवाचारों के प्रभावी आदान-प्रदान की ज़रूरत पर बल दिया। गौरतलब है कि भारत टीबी के वैश्विक बोझ में सर्वाधिक प्रभावित देशों में से एक रहा है, इसलिए यह प्रतिबद्धता विशेष महत्व रखती है।
डब्ल्यूटीओ प्रमुख ने भी मोदी का किया आभार
इस बीच, विश्व व्यापार संगठन (डब्ल्यूटीओ) की महानिदेशक न्गोजी ओकोंजो-इवेला ने भी प्रधानमंत्री मोदी के साथ हुई बातचीत के बाद बहुपक्षीय व्यापार प्रणाली और डब्ल्यूटीओ सुधार के लिए उनके समर्थन का आभार व्यक्त किया।
इवेला ने एक्स पर अपनी पोस्ट में लिखा कि प्रधानमंत्री मोदी के साथ बहुपक्षीय व्यापार प्रणाली और डब्ल्यूटीओ की स्थिति पर सार्थक बातचीत हुई, जिसमें संगठन में सुधार से जुड़े अवसरों और चुनौतियों पर भी विचार-विमर्श हुआ। उन्होंने कहा कि मोदी ने सार्थक डब्ल्यूटीओ सुधार के प्रति अपना स्पष्ट समर्थन जताया।
भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता और आगे की राह
2026 के ब्रिक्स अध्यक्ष के रूप में भारत नई दिल्ली के भारत मंडपम में दो दिवसीय 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की मेज़बानी कर रहा है, जो शनिवार, 12 सितंबर 2026 से शुरू हुआ। विदेश मंत्रालय (MEA) के अनुसार, भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता 'लचीलापन, नवाचार, सहयोग और स्थिरता के लिए निर्माण' थीम पर आधारित है, जो प्रधानमंत्री मोदी की 'ह्युमैनिटी फर्स्ट' की भावना पर केंद्रित जन-केंद्रित दृष्टिकोण को प्रतिबिंबित करती है। यह देखना होगा कि नई दिल्ली घोषणा में किए गए स्वास्थ्य संकल्प किस हद तक ज़मीनी हकीकत में बदल पाते हैं।