जेलेंस्की की शीर्ष कमांडरों से बैठक: सूमी से दोनेत्स्क तक युद्ध की समीक्षा, हवाई रक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
सारांश
मुख्य बातें
यूक्रेन के राष्ट्रपति व्लोदिमिर जेलेंस्की ने रूस के साथ जारी युद्ध के बीच रविवार को सेना के तीन वरिष्ठ कमांडरों के साथ एक अहम बैठक की, जिसमें सूमी, खार्किव, लुहांस्क और दोनेत्स्क क्षेत्रों की मौजूदा स्थिति, हथियारों की आपूर्ति और ड्रोन उत्पादन समझौतों की समीक्षा की गई। यह बैठक उसी दिन हुई जब रूस ने कीव पर लगभग 40 इस्कंदर-एम और हाइपरसोनिक जिरकॉन मिसाइलें दागकर अब तक के सबसे बड़े हवाई हमलों में से एक को अंजाम दिया।
बैठक में कौन-कौन शामिल रहे
जेलेंस्की ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट कर जानकारी दी कि उन्होंने यूक्रेन के सशस्त्र बलों के संयुक्त बलों के कमांडर मिखाइलो ड्रापाटी, सशस्त्र बलों के जनरल स्टाफ के उप प्रमुख वोलोदिमिर होरबाटियुक और यूक्रेन के एयरबोर्न असॉल्ट फोर्सेज के कमांडर ओलेह अपोस्टोल से विस्तृत चर्चा की। उन्होंने इन तीनों को 'अनुभवी अधिकारी' बताया।
मुख्य घटनाक्रम: मोर्चे की स्थिति
मेजर जनरल ड्रापाटी ने बैठक में सूमी, खार्किव, लुहांस्क और दोनेत्स्क क्षेत्रों की ताज़ा स्थिति से अवगत कराया। जेलेंस्की ने कहा, "मैं उन सभी यूनिटों का आभारी हूं जो दुश्मन को प्रभावी तरीके से रोक रही हैं और रूसी सेना को उसके तय किए गए लक्ष्यों को हासिल करने से रोक रही हैं।" ओलेक्सांद्रिवका क्षेत्र में एयरबोर्न असॉल्ट फोर्सेज के सक्रिय अभियानों पर भी विशेष चर्चा हुई।
रक्षा जरूरतें और प्राथमिकताएँ
जेलेंस्की के अनुसार, बैठक में साझेदार देशों के साथ किए गए समझौतों को लागू करने और रक्षा सामग्री की निरंतर आपूर्ति सुनिश्चित करने पर ज़ोर दिया गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि यूक्रेन की दो सर्वोच्च प्राथमिकताएँ हैं — हवाई रक्षा प्रणाली को और मज़बूत करना तथा हर प्रकार के ड्रोन के उत्पादन से जुड़े समझौतों को पूरी तरह लागू करना। उन्होंने तैनात कोर और ब्रिगेड की मुख्य जरूरतों की विस्तृत समीक्षा और आपूर्ति की कमियों को दूर करने के सुझावों की भी सराहना की।
रूस का बड़ा मिसाइल हमला
उसी रविवार को रूस ने कीव पर करीब पाँच घंटे तक भीषण बैलिस्टिक मिसाइल हमला किया। यूक्रेनी अधिकारियों के अनुसार, रात करीब 1:30 बजे (स्थानीय समयानुसार) हवाई हमले का सायरन बजा और वायु रक्षा प्रणालियाँ तुरंत सक्रिय हो गईं। इस हमले में 1 व्यक्ति की मौत हो गई और 16 अन्य घायल हो गए। शहर के कई हिस्सों में आग लग गई और इमारतों को भारी नुकसान पहुँचा।
जेलेंस्की ने इसे अब तक के सबसे बड़े हमलों में से एक करार दिया। उन्होंने दावा किया कि यूक्रेनी बलों ने जवाबी कार्रवाई में रूस के कई रणनीतिक ठिकानों और ईंधन केंद्रों को निशाना बनाया है।
आगे क्या
जेलेंस्की ने चेतावनी दी कि यूक्रेन की स्वतंत्रता, भूमि और नागरिकों की रक्षा के लिए एक भी दिन बर्बाद नहीं किया जा सकता। यह बयान ऐसे समय आया है जब रूस मोर्चे के कई हिस्सों पर दबाव बढ़ा रहा है और यूक्रेन पश्चिमी साझेदारों से अधिक हवाई रक्षा प्रणालियों की माँग कर रहा है। आने वाले हफ्तों में आपूर्ति समझौतों के क्रियान्वयन की गति यह तय करेगी कि यूक्रेन मोर्चे पर कितनी प्रभावी स्थिति बनाए रख सकता है।