नोएडा में 25 नई टू-व्हीलर पीआरवी रवाना, डायल-112 बेड़े में शामिल; एयरपोर्ट और एक्सप्रेसवे पर कड़ी निगरानी

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
नोएडा में 25 नई टू-व्हीलर पीआरवी रवाना, डायल-112 बेड़े में शामिल; एयरपोर्ट और एक्सप्रेसवे पर कड़ी निगरानी

सारांश

गौतमबुद्धनगर पुलिस ने 25 नई टू-व्हीलर पीआरवी डायल-112 में जोड़ीं — रिमोट एरिया, एक्सप्रेसवे और आगामी नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए। तीन जोन में बँटी यह तैनाती पुलिस रिस्पॉन्स टाइम को तेज़ करने की बड़ी कोशिश है।

मुख्य बातें

पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने 14 मई 2026 को 25 नए टू-व्हीलर पीआरवी को हरी झंडी दिखाई।
वाहन डायल-112 सेवा के बेड़े में शामिल; नोएडा जोन को 10, सेंट्रल नोएडा को 10 और ग्रेटर नोएडा को 5 पीआरवी आवंटित।
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के आसपास और लिंक रोड पर मोबाइल पेट्रोलिंग सशक्त की जाएगी।
एयरपोर्ट सुरक्षा के लिए पहले ही तीन पुलिस चौकियों का विस्थापन किया जा चुका है।
नई पीआरवी आधुनिक संचार प्रणाली और त्वरित प्रतिक्रिया तंत्र से लैस हैं।

गौतमबुद्धनगर पुलिस कमिश्नरेट ने 14 मई 2026 को कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने और आपात स्थितियों में पुलिस रिस्पॉन्स टाइम घटाने की दिशा में अहम पहल की। पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने सेक्टर-108 स्थित पुलिस आयुक्त कार्यालय से 25 नए टू-व्हीलर पुलिस रिस्पांस व्हीकल (पीआरवी) को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इन वाहनों को डायल-112 सेवा के बेड़े में जोड़ा गया है और इन्हें नोएडा, सेंट्रल नोएडा तथा ग्रेटर नोएडा के विभिन्न थाना क्षेत्रों में तैनात किया जाएगा।

आवंटन और तैनाती की रणनीति

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, नोएडा जोन को 10 पीआरवी, सेंट्रल नोएडा जोन को 10 पीआरवी और ग्रेटर नोएडा जोन को 5 पीआरवी वाहन आवंटित किए गए हैं। इन वाहनों को विशेष रूप से उन इलाकों में उतारा जाएगा जहाँ पहले पुलिस की त्वरित पहुँच चुनौतीपूर्ण मानी जाती थी — जैसे शहर के दूरदराज के क्षेत्र, एक्सप्रेसवे और संवेदनशील मार्ग।

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की सुरक्षा पर फोकस

यह पहल ऐसे समय में आई है जब नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के आगामी महीने में परिचालन शुरू होने की संभावना है। पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने बताया कि एयरपोर्ट सुरक्षा को पुख्ता करने के लिए पहले ही तीन पुलिस चौकियों का विस्थापन किया जा चुका है। नई पीआरवी एयरपोर्ट परिसर, उससे जुड़े लिंक रोड और एयरपोर्ट कॉरिडोर पर मोबाइल पेट्रोलिंग को और सशक्त बनाएंगी, ताकि किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित हो सके।

आधुनिक तकनीक से लैस वाहन

पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, नई टू-व्हीलर पीआरवी को आधुनिक संचार प्रणाली और त्वरित प्रतिक्रिया तंत्र से सुसज्जित किया गया है। गौतमबुद्धनगर पुलिस कमिश्नरेट लगातार आधुनिक संसाधनों और तकनीक के ज़रिए अपनी क्षमता बढ़ा रहा है। इससे सड़क दुर्घटनाओं, आपराधिक घटनाओं और अन्य आपात परिस्थितियों में पुलिस का रिस्पॉन्स टाइम पहले से बेहतर होने की उम्मीद है।

आम जनता पर असर

अधिकारियों का कहना है कि इस पहल से न केवल पुलिस की दृश्य उपस्थिति बढ़ेगी, बल्कि नागरिकों में सुरक्षा की भावना भी मज़बूत होगी। एक्सप्रेसवे और लिंक रोड पर विशेष निगरानी से यात्रियों को सीधा लाभ मिलेगा। डायल-112 की टीमें एयरपोर्ट क्षेत्र में निरंतर गश्त करती नज़र आएंगी।

कार्यक्रम में उपस्थित वरिष्ठ अधिकारी

हरी झंडी दिखाने के इस अवसर पर अपर पुलिस आयुक्त (कानून एवं व्यवस्था) डॉ. राजीव नारायण मिश्र, पुलिस उपायुक्त (सेंट्रल नोएडा) शैलेन्द्र कुमार सिंह, प्रभारी पुलिस उपायुक्त (यातायात एवं डायल-112) अभय कुमार मिश्र और सहायक पुलिस आयुक्त (यातायात एवं प्रोटोकॉल) शकील अहमद सहित अनेक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के परिचालन के साथ-साथ इस क्षेत्र में पुलिसिंग का यह नया अध्याय और व्यापक होने की संभावना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली कसौटी यह होगी कि रिस्पॉन्स टाइम में सुधार को मापा और सार्वजनिक किया जाए। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के शुरू होने से पहले सुरक्षा ढाँचे को मज़बूत करना ज़रूरी है, पर टू-व्हीलर पीआरवी की सीमाएँ — जैसे प्रतिकूल मौसम और भारी यातायात — भी ध्यान में रखनी होंगी। गौरतलब है कि यह पहल तब आई है जब एयरपोर्ट क्षेत्र में जनसंख्या और यातायात का दबाव तेज़ी से बढ़ रहा है। बिना पारदर्शी प्रदर्शन-समीक्षा के, यह घोषणा महज़ संख्याओं का खेल बनकर रह सकती है।
RashtraPress
14 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गौतमबुद्धनगर पुलिस की नई पीआरवी योजना क्या है?
पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने 14 मई 2026 को 25 नए टू-व्हीलर पुलिस रिस्पांस व्हीकल (पीआरवी) को डायल-112 सेवा में शामिल किया। इन्हें नोएडा, सेंट्रल नोएडा और ग्रेटर नोएडा के थाना क्षेत्रों में तैनात किया जाएगा।
25 पीआरवी तीनों जोन में कैसे बाँटे गए हैं?
नोएडा जोन को 10 पीआरवी, सेंट्रल नोएडा जोन को 10 पीआरवी और ग्रेटर नोएडा जोन को 5 पीआरवी वाहन आवंटित किए गए हैं। यह वितरण क्षेत्रफल और संवेदनशीलता के आधार पर किया गया है।
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की सुरक्षा के लिए क्या विशेष प्रबंध किए गए हैं?
एयरपोर्ट के आसपास और लिंक रोड पर डायल-112 की टीमें निरंतर गश्त करेंगी। इससे पहले तीन पुलिस चौकियों का विस्थापन भी किया जा चुका है ताकि एयरपोर्ट क्षेत्र में सुरक्षा घेरा मज़बूत हो सके।
इन नई पीआरवी से आम नागरिकों को क्या फायदा होगा?
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इससे सड़क दुर्घटनाओं, आपराधिक घटनाओं और अन्य आपात स्थितियों में पुलिस का रिस्पॉन्स टाइम बेहतर होगा। साथ ही रिमोट एरिया और एक्सप्रेसवे पर पुलिस की दृश्य उपस्थिति बढ़ने से नागरिकों में सुरक्षा की भावना मज़बूत होगी।
नई पीआरवी किन तकनीकी सुविधाओं से लैस हैं?
इन टू-व्हीलर पीआरवी को आधुनिक संचार प्रणाली और त्वरित प्रतिक्रिया तंत्र से सुसज्जित किया गया है। इसका उद्देश्य पुलिसिंग को अधिक प्रभावी और स्मार्ट बनाना है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 4 महीने पहले
  3. 5 महीने पहले
  4. 5 महीने पहले
  5. 7 महीने पहले
  6. 7 महीने पहले
  7. 7 महीने पहले
  8. 8 महीने पहले