आंध्र प्रदेश में तूफानी बारिश का कहर: पेड़ गिरने और करंट से 4 की मौत, कई जिलों में बिजली ठप
सारांश
मुख्य बातें
आंध्र प्रदेश के कई जिलों में 29 मई की देर रात तेज़ हवाओं और मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचाई, जिसमें अलग-अलग घटनाओं में चार लोगों की जान चली गई। कृष्णा, एनटीआर और पूर्वी गोदावरी जिलों में सबसे अधिक नुकसान दर्ज किया गया, जहाँ पेड़ उखड़ने, बिजली के तार टूटने और जलभराव से सामान्य जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया।
मुख्य घटनाक्रम
कृष्णा जिले के कुम्मारिपालेम में तेज़ आँधी के दौरान एक पेड़ मोटरसाइकिल पर सवार दो युवकों पर गिर गया, जिससे दोनों की मौके पर ही मृत्यु हो गई। मृतकों की पहचान मनोहर और शिवराम कृष्ण के रूप में हुई है।
इसी जिले के पामिडीमुक्काला मंडल के लंकापल्ली गाँव में इंटरमीडिएट की छात्रा अनीता पीने का पानी लेने नल पर गई थीं, तभी वह पिछली रात तेज़ हवाओं से टूटे बिजली के तार की चपेट में आ गईं और करंट लगने से उनकी मौत हो गई। एनटीआर जिले के विजयवाड़ा में बिजली का तार गिरने से एक होम गार्ड की भी करंट लगने से मृत्यु हो गई।
बुनियादी ढाँचे को नुकसान
प्रभावित जिलों में तेज़ हवाओं के कारण बड़ी संख्या में पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ गए तथा होर्डिंग्स ध्वस्त हो गईं। कृष्णा जिले के मछलीपट्टनम में भारी बारिश से सड़कें जलमग्न हो गईं और वाहनों की आवाजाही बाधित रही। कई इलाकों में पेड़ सड़कों पर गिर जाने से यातायात अवरुद्ध हो गया।
पूर्वी गोदावरी जिले में स्थित एक 'रैतु सेवा केंद्र' पर आकाशीय बिजली गिरने से किसानों के लिए रखे खाली बोरों में आग लग गई। दमकल विभाग के कर्मियों ने समय रहते आग पर काबू पा लिया।
बिजली आपूर्ति पर असर और सरकार की प्रतिक्रिया
कृष्णा, गुंटूर, प्रकाशम, बापटला, पलनाडु, पूर्वी गोदावरी, पश्चिम गोदावरी, डॉ. बी.आर. अंबेडकर कोनसीमा और कडपा जिलों के कई क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बाधित हुई। ऊर्जा मंत्री गोट्टिपाटी रवि कुमार ने अधिकारियों को शुक्रवार दोपहर तक आपूर्ति बहाल करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्वीकार किया कि जारी बारिश और तेज़ हवाओं के कारण बहाली कार्य में विलंब हुआ।
अधिकारियों ने मंत्री को बताया कि गोदावरी के दोनों जिलों के अधिकांश प्रभावित क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई है। मंत्री ने होम गार्ड की मृत्यु पर गहरा दुख व्यक्त किया और मृतक के परिवार को हर संभव सहायता का आश्वासन दिया।
आपदा प्रबंधन की चेतावनी
राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के प्रबंध निदेशक प्रखर जैन ने बताया कि पूर्वी गोदावरी, काकीनाडा, गुंटूर, बापटला और तिरुपति जिलों में बिजली कड़कने के साथ छिटपुट बारिश की संभावना बनी हुई है। उन्होंने 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज़ हवाएँ चलने की चेतावनी दी और लोगों से अपील की कि वे पेड़ों, बिजली के खंभों या होर्डिंग्स के नीचे न खड़े हों।
यह घटना ऐसे समय में आई है जब प्री-मानसून गतिविधियाँ दक्षिण भारत के तटीय राज्यों में तेज़ होने लगी हैं। आने वाले दिनों में सतर्कता बरतना और राहत कार्यों को तेज़ करना प्रशासन की प्राथमिकता रहेगी।