GPSC का 'अवसर' मॉड्यूल: इंटरव्यू तक पहुँचे 18,000+ उम्मीदवारों को सहकारी व निजी क्षेत्र में रोजगार का रास्ता
सारांश
मुख्य बातें
गुजरात लोक सेवा आयोग (GPSC) ने 17 जुलाई 2026 को गांधीनगर में एक नया 'अवसर' मॉड्यूल लॉन्च किया, जो प्रतियोगी परीक्षाओं में अंतिम चयन से चूके परंतु मेधावी उम्मीदवारों को सरकारी उपक्रमों, सहकारी संस्थाओं और प्रतिष्ठित निजी कंपनियों में रोजगार दिलाने का माध्यम बनेगा। GPSC सचिव सुधीर पटेल ने गांधीनगर में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में यह घोषणा करते हुए बताया कि पिछले पाँच वर्षों की 415 से अधिक वर्ग-1 एवं वर्ग-2 भर्ती परीक्षाओं के 18,000 से अधिक असफल व प्रतीक्षा सूची के उम्मीदवार इस मॉड्यूल का लाभ उठा सकते हैं।
मॉड्यूल की पृष्ठभूमि और उद्देश्य
GPSC की भर्ती प्रक्रिया में प्रिलिम्स और मेन्स उत्तीर्ण कर इंटरव्यू तक पहुँचे उम्मीदवार अपनी योग्यता सिद्ध कर चुके होते हैं, फिर भी सीटों की सीमित संख्या के कारण अनेक मेधावी अभ्यर्थी अंतिम चयन से वंचित रह जाते हैं। सुधीर पटेल के अनुसार, इन उम्मीदवारों की प्रतिभा का उपयोग सुनिश्चित करने और नियोक्ता संस्थाओं को कुशल मानव संसाधन उपलब्ध कराने के दोहरे उद्देश्य से यह मॉड्यूल विकसित किया गया है। गौरतलब है कि यह पहल ऐसे समय में आई है जब गुजरात में सार्वजनिक और सहकारी क्षेत्र में कुशल कर्मियों की माँग लगातार बढ़ रही है।
पंजीकरण प्रक्रिया और पात्रता
इस योजना का लाभ लेने के लिए उम्मीदवार की पूर्व सहमति अनिवार्य है। इच्छुक उम्मीदवारों को GPSC-OJAS पोर्टल पर जाकर 'अवसर' मॉड्यूल में अपना विज्ञापन क्रमांक और कन्फर्मेशन नंबर दर्ज करना होगा। सहमति प्रक्रिया OTP से सुरक्षित की गई है — पंजीकृत मोबाइल नंबर और ई-मेल पर OTP प्राप्त होने के बाद ही सहमति मान्य होगी। जिन उम्मीदवारों को कन्फर्मेशन नंबर याद नहीं है, उनके लिए उसे पुनः प्राप्त करने की सुविधा भी पोर्टल पर उपलब्ध है। भविष्य की नई भर्तियों में आवेदन पत्र भरते समय ही यह सहमति देने का विकल्प दिया जाएगा।
डेटा सुरक्षा और आयोग की भूमिका
GPSC इस प्लेटफॉर्म पर केवल एक 'माध्यम' की भूमिका निभाएगा। उम्मीदवार का नाम, मोबाइल नंबर, ई-मेल आईडी और शैक्षणिक योग्यता ही पात्र संस्थाओं के साथ साझा की जाएगी। सुधीर पटेल ने स्पष्ट किया कि डेटा प्राप्त करने वाली संस्था उसका उपयोग केवल रोजगार उपलब्ध कराने के लिए कर सकेगी और उसे किसी तीसरे पक्ष के साथ साझा नहीं किया जा सकेगा। इस बाध्यता के लिए संस्था से लिखित आश्वासन लिया जाएगा। आयोग केवल उपयुक्त सरकारी विभागों, सार्वजनिक उपक्रमों और मान्यता प्राप्त निजी कंपनियों को ही नियंत्रित एक्सेस देगा।
आयोग की सीमित जिम्मेदारी
GPSC ने स्पष्ट किया है कि इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से मिलने वाली नौकरी की शर्तों, वेतन या किसी कानूनी विवाद के संबंध में आयोग की कोई आधिकारिक या कानूनी जिम्मेदारी नहीं होगी। संस्था द्वारा डेटा प्राप्त करने के बाद उपयुक्त उम्मीदवारों का चयन संबंधित संस्था की अपनी भर्ती प्रक्रिया के अनुसार होगा। आयोग ने उम्मीदवारों से अधिक जानकारी के लिए GPSC की आधिकारिक वेबसाइट देखने का अनुरोध किया है।
आगे की राह
GPSC ने प्रशासनिक, चिकित्सकीय, शैक्षणिक और तकनीकी कैडर के अनुसार उम्मीदवारों का डेटाबेस तैयार किया है, जिससे संस्थाएँ अपनी आवश्यकता के अनुसार उपयुक्त प्रोफाइल खोज सकेंगी। यह मॉड्यूल गुजरात में सार्वजनिक भर्ती के पारंपरिक ढाँचे से आगे बढ़कर मेधावी उम्मीदवारों के लिए एक वैकल्पिक करियर मार्ग खोलने का प्रयास है।