जदयू नेता राजीव रंजन प्रसाद बोले: बंगाल-बिहार में चुनाव आयोग ने दिया निर्भीक मतदान का मौका
सारांश
मुख्य बातें
जनता दल (यूनाइटेड) के नेता राजीव रंजन प्रसाद ने 27 सितंबर 2026 को पटना में कई अहम राजनीतिक मुद्दों पर अपनी स्पष्ट राय रखी — जिनमें मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) के इस्तीफे की विपक्षी माँग, पश्चिम बंगाल और बिहार के चुनावी नतीजे, संयुक्त राष्ट्र में आतंकवाद पर भारत का रुख और 'इंडिया' गठबंधन की प्रासंगिकता शामिल हैं। उन्होंने चुनाव आयोग का बचाव करते हुए कहा कि निष्पक्ष मतदान प्रक्रिया ने ही मतदाताओं को उनकी असली ताकत दिखाने का अवसर दिया।
बंगाल चुनाव और ममता बनर्जी पर प्रहार
सीईसी के इस्तीफे की विपक्षी माँग पर राजीव रंजन प्रसाद ने पलटवार किया। उन्होंने कहा, 'जो जनता के बीच काम नहीं करते, जनता ने उन्हें हैसियत दिखाने का काम कर दिया है।' ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि आरजी कर और संदेशखाली की घटनाओं ने पश्चिम बंगाल में उनकी सरकार की स्थिति को गंभीर बना दिया था।
उन्होंने कहा कि जब चुनाव आयोग ने बिना भय के मतदान का माहौल सुनिश्चित किया, तो मतदाताओं ने ममता बनर्जी के सत्ता में बने रहने की संभावनाओं पर विराम लगा दिया। यह ऐसे समय में आया है जब बंगाल में हिंसा और प्रशासनिक विफलता के आरोप लगातार चर्चा में रहे हैं।
बिहार चुनाव परिणाम और तेजस्वी-राहुल पर तंज
बिहार के चुनावी परिणामों का जिक्र करते हुए राजीव रंजन प्रसाद ने कहा कि चुनाव आयोग ने निष्पक्ष और निर्भीक मतदान कराया, जिसके बाद तेजस्वी यादव की पार्टी महज 25 विधायकों की पार्टी बनकर रह गई।
उन्होंने राहुल गांधी पर भी तीखा हमला बोला और कहा, 'राहुल गांधी तीसरी कोशिश के बाद भी अपनी पार्टी का शतक नहीं लगा पाए। नेताओं की उदासीनता की वजह से कांग्रेस अपनी प्रासंगिकता खो रही है।' उन्होंने यह भी कहा कि जो राजनेता विरासत में 'सोने का चम्मच' लेकर आते हैं, उन्हें लगता है कि सत्ता उनका जन्मसिद्ध अधिकार है।
पटना फायरिंग और डीजीपी के वीआरएस पर सफाई
पटना में हुई फायरिंग की घटना और डीजीपी विनय कुमार के स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति (वीआरएस) लेने के सवाल पर राजीव रंजन प्रसाद ने दोनों मामलों को अलग-अलग बताया। उन्होंने कहा, 'विनय कुमार का यह पूरी तरह से व्यक्तिगत निर्णय है और उनका लंबा प्रशासनिक अनुभव है।'
उन्होंने स्पष्ट किया कि फायरिंग मामले में संलिप्त लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है और 'एक्शन टेकेन रिपोर्ट (एटीआर)' यह दर्शाती है कि पुलिस ने अधिकतर मामलों में कड़ी कार्रवाई की है। उन्होंने कहा, 'इस मामले में भी कोई अपराधी नहीं बचेगा।'
एसआईआर प्रक्रिया और ओवैसी के सवाल पर जवाब
असदुद्दीन ओवैसी द्वारा विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया पर उठाए गए सवालों के जवाब में राजीव रंजन प्रसाद ने कहा कि यह एक संवैधानिक प्रक्रिया है और पहले भी इसका पालन होता रहा है। उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि सर्वोच्च न्यायालय इस प्रक्रिया पर अपनी मुहर लगा चुका है।
यूएन में आतंकवाद पर भारत का रुख
संयुक्त राष्ट्र में आतंकवाद के विरुद्ध भारत की आवाज उठाने के सवाल पर जदयू नेता ने पाकिस्तान को सीधे निशाने पर लिया। उन्होंने कहा, 'आतंकवाद पूरी दुनिया के लिए एक अभिशाप है और हिंदुस्तान ने बार-बार इसके जख्म झेले हैं।' उन्होंने कहा कि हाफिज सईद जैसे आतंकियों को पनाह देने वाले पाकिस्तान पर हर संभव प्रतिबंध लगाए जाने चाहिए ताकि आतंकवाद के समर्थक राष्ट्र के रूप में उसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अलग-थलग किया जा सके।
गौरतलब है कि यूएन महासभा के मौजूदा सत्र में भारत ने सीमापार आतंकवाद का मुद्दा प्रमुखता से उठाया है। राजीव रंजन प्रसाद के बयान इसी व्यापक राजनीतिक और कूटनीतिक संदर्भ में आए हैं और आने वाले दिनों में 'इंडिया' गठबंधन की रणनीति पर इनका असर देखा जाएगा।