पटना के कंकड़बाग में स्वर्ण व्यवसायी दीपक को गोली मारी, घटनास्थल पर अपराधी की पिस्तौल बरामद
सारांश
मुख्य बातें
पटना के कंकड़बाग थाना क्षेत्र में 14 अगस्त 2026 की रात करीब साढ़े नौ बजे दो अपराधियों ने टेम्पो रोड स्थित आभूषण व्यवसायी दीपक को उनकी दुकान के पिछले दरवाजे से घुसकर गोली मार दी। गोली उनके पेट में लगी और उन्हें तत्काल अस्पताल भेजा गया। वारदात के बाद दोनों अपराधी मोटरसाइकिल से फरार हो गए, लेकिन घटनास्थल पर एक पिस्तौल, तीन कारतूस और एक खोखा छोड़ गए।
घटनाक्रम: कैसे हुई वारदात
पुलिस के अनुसार, रात करीब साढ़े नौ बजे दुकान का शटर बंद हो चुका था, लेकिन पिछला गेट खुला था। इसी रास्ते से एक अपराधी अंदर घुसने की कोशिश कर रहा था। दीपक की पत्नी ने सबसे पहले उसे रोकने का प्रयास किया, इसके बाद व्यवसायी खुद आगे आए और विरोध किया। इसी संघर्ष के दौरान गोली चली जो दीपक के पेट में लगी। गोली चलने के बाद अपराधी का शर्ट भी फट गया था और उसकी पिस्तौल वहीं छूट गई।
साथी का इंतजार, मोटरसाइकिल से भागे
घायल करने के बाद अपराधी सामने की गली में पहुँचा, जहाँ उसका दूसरा साथी मोटरसाइकिल लेकर पहले से इंतजार कर रहा था। दोनों मोटरसाइकिल से फरार हो गए। पटना सदर-1 के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी मनोज कुमार के अनुसार, रात करीब 10 बजे कंकड़बाग थाना पुलिस को सूचना मिली और टीम तत्काल मौके पर पहुँची।
साक्ष्य संग्रह और जाँच
घटनास्थल से पुलिस ने एक पिस्तौल, तीन कारतूस और एक गोली का खोखा बरामद किया है। फोरेंसिक साइंस लैबोरेटरी (FSL) की टीम को मौके पर बुलाकर वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए गए। पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज भी खंगालना शुरू कर दिया है। मनोज कुमार ने बताया कि अपराधियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए वैज्ञानिक तरीके से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।
पुलिस की आगे की कार्रवाई
पुलिस अधिकारी के अनुसार, मामले के सभी पहलुओं की जाँच की जा रही है और उम्मीद जताई गई है कि जल्द ही अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। घटना के पीछे के कारणों — चाहे वह लूट की नीयत हो या कोई पुरानी रंजिश — की भी जाँच की जा रही है। यह घटना बिहार में स्वर्ण व्यवसायियों की सुरक्षा को लेकर फिर से सवाल खड़े करती है।